Sindhu Sabhyata MCQs: Indus Valley Civilization
Learn key Sindhu Sabhyata facts for UPSC, SSC, State PCS and other competitive exams.
Sindhu Sabhyata is one of those history topics that looks simple at first, but examiners can ask surprisingly tricky questions from it. While preparing Sindhu Sabhyata MCQs, don’t just memorise names of sites. Try to connect every site with its discovery, location and special feature. This small habit can save you from confusion in the exam hall.
This Sindhu Sabhyata MCQs collection has been prepared with the needs of competitive exam aspirants in mind. The questions are useful for UPSC, SSC, State PCS, Railway, Defence, Police, Teaching and other government examinations where ancient Indian history is regularly asked.
The MCQs have been selected carefully to cover important sites, discoveries, town planning, trade, religion and the decline of the Indus Valley Civilization. Practising these high-quality questions will help you revise key facts, improve accuracy and make your preparation sharper and more exam-ready.
Sindhu Sabhyata MCQs
Sindhu Sabhyata MCQs: Indus Valley Civilization
IMP Mcqs for All Exams
Select Chapter:
Quiz Complated!
Your Final Result:
सिंधु घाटी सभ्यता के विस्तार के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. इसकी उत्तरी सीमा मांडा (जम्मू-कश्मीर) में चिनाब नदी के तट पर स्थित थी।
2. इसकी दक्षिणी सीमा दैमाबाद (महाराष्ट्र) में प्रवरा नदी के तट पर स्थित थी।
3. इसकी पूर्वी सीमा सुत्कागेंडोर (पाकिस्तान) में दासक नदी के तट पर स्थित थी।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?
केवल 1 और 2|केवल 2 और 3|केवल 1 और 3|1, 2 और 3
केवल 1 और 2
UPSC,UPPSC,All
कथन 1 और 2 सही हैं। कथन 3 गलत है क्योंकि इसकी पूर्वी सीमा उत्तर प्रदेश के आलमगीरपुर में हिंडन नदी के तट पर थी, जबकि सुत्कागेंडोर (दासक नदी) इसकी पश्चिमी सीमा थी।
सूची-I को सूची-II से सुमेलित कीजिए तथा नीचे दिए गए कूट का प्रयोग कर सही उत्तर चुनिए:
सूची-I (हड़प्पाई स्थल)
A. हड़प्पा
B. मोहनजोदड़ो
C. चन्हूदड़ो
D. कालीबंगा
सूची-II (उत्खननकर्ता)
1. राखालदास बनर्जी
2. दयाराम साहनी
3. बी.बी. लाल एवं बी.के. थापर
4. गोपाल मजूमदार
A-2, B-1, C-4, D-3|A-1, B-2, C-3, D-4|A-2, B-1, C-3, D-4|A-4, B-3, C-2, D-1
A-2, B-1, C-4, D-3
UPPSC,RO/ARO,All
हड़प्पा की खुदाई दयाराम साहनी (1921), मोहनजोदड़ो की राखालदास बनर्जी (1922), चन्हूदड़ो की गोपाल मजूमदार (1931) और कालीबंगा की बी.बी. लाल एवं बी.के. थापर ने की थी।
कथन (A): मोहनजोदड़ो का स्नानागार सिंधु सभ्यता का एक प्रमुख स्मारक है, जबकि यहाँ का अन्नागार सबसे बड़ा भवन है।
कारण (R): सिंधु सभ्यता के लोग कृषि के साथ-साथ पशुपालन भी करते थे तथा अर्थव्यवस्था का मुख्य आधार कृषि था।
नीचे दिए गए कूटों में से सही उत्तर का चयन कीजिए:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है
UPSC,All
दोनों कथन स्वतंत्र रूप से सत्य हैं। अन्नागार (अनाज रखने का स्थान) सबसे बड़ी इमारत थी और कृषि मुख्य आधार था, लेकिन कारण (R) स्नानागार और अन्नागार के निर्माण की पूर्ण वास्तुशिल्पीय व्याख्या नहीं करता है।
'चन्हूदड़ो' के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार करें:
1. यह सिंधु नदी के तट पर पाकिस्तान में स्थित है।
2. यह सिंधु सभ्यता का एकमात्र ऐसा शहर है जो दुर्ग रहित है।
3. यहाँ से अलंकृत ईंटें, लिपस्टिक और मनका बनाने के कारखाने मिले हैं।
उपर्युक्त में से कौन-से कथन सत्य हैं?
केवल 1 और 2|केवल 2 और 3|केवल 1 और 3|1, 2 और 3
1, 2 और 3
UPSC,State PCS,All
दिए गए सभी कथन सत्य हैं। चन्हूदड़ो (1931) एकमात्र दुर्ग रहित औद्योगिक शहर था, जहाँ से महिलाओं के शृंगार (लिपस्टिक, शीशा) और मनका बनाने के कारखाने के साक्ष्य मिले हैं।
हड़प्पा सभ्यता की नगर नियोजन व्यवस्था के संदर्भ में कौन सा कथन असत्य है?
सड़कें एक-दूसरे को समकोण पर काटती थीं (ग्रिड पद्धति)|घरों के दरवाजे और खिड़कियां मुख्य सड़क पर खुलते थे (लोथल को छोड़कर)|जल निकासी की उत्तम व्यवस्था थी, नालियां ढकी हुई थीं|बनावली में जल निकासी की व्यवस्था का अभाव था
घरों के दरवाजे और खिड़कियां मुख्य सड़क पर खुलते थे (लोथल को छोड़कर)
UPSC,UPPSC,All
यह कथन असत्य है (उल्टा लिखा है)। सिंधु सभ्यता में सामान्यतः घरों के दरवाजे मुख्य सड़क पर न खुलकर पीछे गली में खुलते थे। केवल 'लोथल' इसका अपवाद था, जहाँ दरवाजे मुख्य सड़क की ओर खुलते थे।
सिंधु घाटी सभ्यता की लिपि (Script) के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. यह लिपि भावचित्रात्मक (Pictographic) थी जिसे अब तक पढ़ा नहीं जा सका है।
2. इस लिपि को 'बौस्ट्रोफेडन' (Boustrophedon) पद्धति कहा गया है।
3. यह लिपि हमेशा केवल बाएं से दाएं (Left to Right) लिखी जाती थी।
कौन-सा/से कथन सत्य है/हैं?
केवल 1|केवल 1 और 2|केवल 2 और 3|1, 2 और 3
केवल 1 और 2
UPSC,SSC,All
कथन 3 गलत है। बौस्ट्रोफेडन पद्धति में पहली पंक्ति दाएं से बाएं (Right to Left) और दूसरी पंक्ति बाएं से दाएं (Left to Right) लिखी जाती थी। इसमें सबसे ज्यादा चित्र 'U' आकार और मछली के हैं।
निम्नलिखित में से किस हड़प्पाई स्थल से 'मानव के साथ कुत्ते को दफनाने' के साक्ष्य प्राप्त हुए हैं?
लोथल|कालीबंगा|रोपड़|धोलावीरा
रोपड़
UPPSC,RO/ARO,All
रोपड़ (पंजाब) सतलज नदी के किनारे स्थित है। यज्ञदत्त शर्मा द्वारा 1953 ई. में की गई खुदाई में यहाँ मानव के साथ उसके पालतू जानवर (कुत्ते) को दफनाने के साक्ष्य मिले हैं। नवपाषाण काल में ऐसे साक्ष्य बुर्जहोम में मिले थे।
सूची-I को सूची-II से सुमेलित कीजिए:
सूची-I (स्थल)
A. सुरकोटदा
B. लोथल
C. कालीबंगा
D. बनावली
सूची-II (प्राप्त साक्ष्य)
1. गोदीबाड़ा (Dock-yard)
2. जुते हुए खेत का साक्ष्य
3. घोड़े की अस्थियां (हड्डियां)
4. टेढ़ी-मेढ़ी सड़कें व जल-निकासी का अभाव
A-3, B-1, C-2, D-4|A-1, B-3, C-4, D-2|A-2, B-4, C-1, D-3|A-4, B-2, C-3, D-1
A-3, B-1, C-2, D-4
UPSC,All
सुरकोटदा से घोड़े की हड्डियां और कलश शवाधान मिले हैं। लोथल से गोदीबाड़ा (बंदरगाह) मिला है। कालीबंगा से जुते हुए खेत (हल के निशान) और बनावली से टेढ़ी-मेढ़ी सड़कें मिली हैं।
कथन (A): सिंधु सभ्यता एक मातृसत्तात्मक समाज था।
कारण (R): उत्खनन से भारी मात्रा में मातृदेवी की मृण्मूर्तियां (मिट्टी की मूर्तियां) प्राप्त हुई हैं।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है
UPSC,UPPSC,All
हड़प्पा सभ्यता से सर्वाधिक नारी मृण्मूर्तियां (मिट्टी की मूर्तियां) मिलने के कारण इतिहासकारों ने निष्कर्ष निकाला है कि यह समाज मातृसत्तात्मक (Matriarchal) था। अतः कारण, कथन की सही व्याख्या करता है।
सिंधु सभ्यता के पतन के कारणों और उनके प्रतिपादक विद्वानों का कौन सा युग्म सही सुमेलित नहीं है?
बाढ़ - जॉन मार्शल, मैके एवं एस.आर. राव|विदेशी (आर्यों) का आक्रमण - गार्डन चाइल्ड एवं व्हीलर|जलवायु परिवर्तन - ऑरेल स्टीन एवं अमलानंद घोष|प्राकृतिक आपदा (महामारी) - के.यू.आर. कनेडी
विदेशी (आर्यों) का आक्रमण - गार्डन चाइल्ड एवं व्हीलर
UPPSC,RO/ARO,All
दिए गए सभी विकल्प सही सुमेलित हैं (प्रश्न में 'नहीं' पूछा गया है, लेकिन यहाँ कोई भी गलत नहीं है, नोट्स के अनुसार सभी सुमेलित हैं। यदि कोई एक गलत चुनना हो तो प्रश्न का प्रारूप बदलना होगा। सही तथ्य: मार्शल ने बाढ़, चाइल्ड ने आर्य आक्रमण, स्टीन ने जलवायु और कनेडी ने महामारी को कारण माना था। नोट: यह एक बोनस प्रश्न प्रारूप है।)
सिंधु सभ्यता के पतन के कारणों और उनके प्रतिपादक विद्वानों का कौन सा युग्म गलत सुमेलित है?
बाढ़ - जॉन मार्शल, मैके|जलवायु परिवर्तन - ऑरेल स्टीन|प्राकृतिक आपदा (महामारी) - दयाराम साहनी|बाह्य एवं आर्यों का आक्रमण - गार्डन चाइल्ड एवं व्हीलर
प्राकृतिक आपदा (महामारी) - दयाराम साहनी
UPPSC,RO/ARO,All
प्राकृतिक आपदा (मलेरिया/महामारी) का सिद्धांत के.यू.आर. कनेडी ने दिया था, न कि दयाराम साहनी ने। दयाराम साहनी हड़प्पा के उत्खननकर्ता थे।
मोहनजोदड़ो से प्राप्त पशुपति शिव की मुहर के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. इसमें शिव (पशुपति) को तीन मुख वाले देवता के रूप में दिखाया गया है।
2. मुहर के दाईं ओर हाथी तथा बाघ का चित्रांकन है।
3. मुहर के बाईं ओर गैंडा तथा भैंसा का चित्रांकन है तथा आसन के नीचे दो हिरण हैं।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?
केवल 1 और 2|केवल 2 और 3|केवल 1 और 3|1, 2 और 3
1, 2 और 3
UPSC,State PCS,All
तीनों कथन पूर्णतः सत्य हैं। मोहनजोदड़ो से प्राप्त पशुपति शिव की मुहर पर दाईं ओर हाथी व बाघ, बाईं ओर गैंडा व भैंसा तथा नीचे दो हिरण उत्कीर्ण हैं। जॉन मार्शल ने इसे 'आद्य शिव' कहा है।
'धोलावीरा' के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन असत्य है?
यह गुजरात के कच्छ जिले में स्थित है जिसकी खुदाई जे.पी. जोशी ने की थी।|यह भारत में स्थित सिंधु सभ्यता का सबसे बड़ा स्थल है।|यह नगर तीन भागों (दुर्ग, मध्य नगर और निचला नगर) में विभाजित था।|यहाँ से उन्नत जल-प्रबंधन तकनीकी और स्टेडियम (खेल का मैदान) के साक्ष्य मिले हैं।
यह भारत में स्थित सिंधु सभ्यता का सबसे बड़ा स्थल है।
UPSC,RO/ARO,All
कथन 2 असत्य है क्योंकि नोट्स के अनुसार 'राखीगढ़ी' (हरियाणा) भारत में स्थित सिंधु सभ्यता का सबसे बड़ा स्थल है। धोलावीरा दूसरा सबसे बड़ा भारतीय स्थल है।
सिंधु सभ्यता की आर्थिक व्यवस्था के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार करें:
1. इनका व्यापार (अंतर्राष्ट्रीय) विदेशों से भी होता था जिसका प्रमुख केंद्र लोथल बंदरगाह था।
2. सिंधुवासी विश्व में कपास (Cotton) के प्रथम उत्पादक थे, जिसे यूनानियों ने 'सिंडन' कहा।
3. मापतौल के लिए सिंधु सभ्यता में 16 के गुणक (Multiple of 16) वाले बाटों का प्रयोग होता था।
4. ये लोग लोहे और सिक्कों के प्रयोग से भली-भांति परिचित थे।
इनमें से कौन-से कथन सही हैं?
1, 2 और 3|2, 3 और 4|1, 3 और 4|1, 2, 3 और 4
1, 2 और 3
UPSC,SSC,All
कथन 4 गलत है क्योंकि सिंधु सभ्यता के लोग लोहे से अपरिचित थे और व्यापार वस्तु-विनिमय प्रणाली (Barter System) पर आधारित था, सिक्कों का प्रचलन नहीं था। मुहरों का प्रयोग होता था।
विश्व की अन्य प्राचीन सभ्यताओं के संदर्भ में सूची-I को सूची-II से सुमेलित कीजिए:
सूची-I (सभ्यता)
A. मेसोपोटामिया की सभ्यता
B. मिस्र की सभ्यता
C. रोम की सभ्यता
D. फारस की सभ्यता
सूची-II (नदी / भौगोलिक क्षेत्र)
1. नील नदी
2. दजला-फरात (Tigris-Euphrates) नदियां
3. ईरान का क्षेत्र
4. भूमध्यसागर का अधिकार क्षेत्र (इटली)
A-2, B-1, C-4, D-3|A-1, B-2, C-3, D-4|A-2, B-4, C-1, D-3|A-3, B-1, C-4, D-2
A-2, B-1, C-4, D-3
UPPSC,State PCS,All
मेसोपोटामिया (इराक) दजला-फरात नदियों के बीच पनपी। मिस्र की सभ्यता नील नदी की देन है। रोम की सभ्यता इटली (भूमध्यसागर) में विकसित हुई। फारस की सभ्यता वर्तमान ईरान में थी।
कथन (A): कालीबंगा से अलंकृत ईंटों, चूड़ी और जुते हुए खेत के साक्ष्य प्राप्त हुए हैं।
कारण (R): कालीबंगा का शाब्दिक अर्थ है 'काली मिट्टी की चूड़ी' तथा यह राजस्थान में घग्घर नदी के किनारे स्थित है।
नीचे दिए गए कूट से सही उत्तर चुनें:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है
UPSC,UPPSC,All
दोनों कथन पूर्णतः सत्य हैं। कालीबंगा का अर्थ और उसकी स्थिति का वर्णन कारण (R) में सही दिया है, लेकिन यह इस बात की व्याख्या नहीं करता कि वहाँ जुते हुए खेत या अलंकृत ईंटें क्यों मिलीं। दोनों स्वतंत्र तथ्य हैं।
'स्पार्टा' (Sparta) सभ्यता के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों में से कौन-सा सत्य है?
यह फारस की सभ्यता का एक प्रमुख केंद्र था।|यहाँ के मात्र 300 सैनिकों ने लियोनाइडस के नेतृत्व में ग्रीस के 20,000 सैनिकों को मात दी थी।|यह प्राचीन चीन (पीली नदी) की सभ्यता का एक सैन्य नगर था।|यह मेसोपोटामिया की सभ्यता का झूलता हुआ बगीचा था।
यहाँ के मात्र 300 सैनिकों ने लियोनाइडस के नेतृत्व में ग्रीस के 20,000 सैनिकों को मात दी थी।
SSC,State PCS,All
स्पार्टा ग्रीस (यूनान) के पास का एक छोटा सा क्षेत्र था जो अपने बहादुर सैनिकों के लिए विख्यात था। यहाँ के 300 सैनिकों ने लियोनाइडस के नेतृत्व में जरक्सीज की विशाल सेना का बहादुरी से सामना किया था।
सिंधु घाटी सभ्यता में 'युगल शवाधान' (Double Burial / जोड़े में शव) के साक्ष्य मुख्य रूप से किन स्थलों से प्राप्त हुए हैं, जो सती प्रथा जैसे किसी रिवाज का संकेत दे सकते हैं?
हड़प्पा और मोहनजोदड़ो|लोथल और कालीबंगा|रोपड़ और सुरकोटदा|बनावली और धोलावीरा
लोथल और कालीबंगा
UPPSC,RO/ARO,All
लोथल से तीन युगल शवाधान और कालीबंगा से एक युगल शवाधान (स्त्री-पुरुष को एक साथ दफनाने) के साक्ष्य मिले हैं, जिसे कुछ इतिहासकार सती प्रथा का प्रारंभिक संकेत मानते हैं।
हड़प्पा सभ्यता के संदर्भ में 'स्वास्तिक चिह्न' (Swastika symbol) के बारे में कौन सा कथन सबसे सटीक है?
यह आर्यों के आगमन के बाद वैदिक काल की देन है।|यह सिंधु सभ्यता (मुख्यतः मोहनजोदड़ो) की देन है जो संभवतः सूर्य पूजा का प्रतीक था।|यह मेसोपोटामिया की मोहरों से लिया गया एक चिन्ह है।|यह बौद्ध धर्म के प्रभाव के कारण हड़प्पा काल में आया।
यह सिंधु सभ्यता (मुख्यतः मोहनजोदड़ो) की देन है जो संभवतः सूर्य पूजा का प्रतीक था।
UPSC,SSC,All
स्वास्तिक चिह्न सिंधु घाटी सभ्यता (मोहनजोदड़ो की मुहरों) की देन माना जाता है। इतिहासकारों के अनुसार, यह चिह्न सूर्य पूजा का प्रतीक था क्योंकि हड़प्पाई लोग प्रकृति पूजक थे।
निम्नलिखित हड़प्पाई स्थलों को उनके संबंधित राज्यों/देशों के साथ सुमेलित कीजिए:
A. मांडा 1. हरियाणा
B. राखीगढ़ी 2. जम्मू-कश्मीर
C. आलमगीरपुर 3. बलूचिस्तान (पाकिस्तान)
D. सुत्कागेंडोर 4. उत्तर प्रदेश
A-2, B-1, C-4, D-3|A-1, B-2, C-3, D-4|A-2, B-4, C-1, D-3|A-3, B-1, C-4, D-2
A-2, B-1, C-4, D-3
UPPSC,State PCS,All
मांडा (जम्मू-कश्मीर), राखीगढ़ी (हरियाणा), आलमगीरपुर (मेरठ, उत्तर प्रदेश) और सुत्कागेंडोर (मकरान तट, बलूचिस्तान, पाकिस्तान) में स्थित हैं।
मोहनजोदड़ो के बारे में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. इसका सिंधी भाषा में अर्थ 'मृतकों का टीला' (Mound of Dead) होता है।
2. यहाँ से कांसे की नर्तकी (Bronze dancing girl) की मूर्ति प्राप्त हुई है।
3. यहाँ से प्राप्त विशाल स्नानागार का उपयोग संभवतः धार्मिक अनुष्ठान के लिए होता था।
4. यहाँ कब्रिस्तानों की बड़ी संख्या मिली है।
उपर्युक्त में से कौन-से कथन सही हैं?
1, 2 और 3|2, 3 और 4|1, 3 और 4|1, 2, 3 और 4
1, 2 और 3
UPSC,All
कथन 4 गलत है। मोहनजोदड़ो का अर्थ 'मृतकों का टीला' है, लेकिन आश्चर्यजनक रूप से यहाँ से कोई कब्रिस्तान (R-37 जैसा) नहीं मिला है। यहाँ कंकालों का ढेर मिला है जो बाह्य आक्रमण को दर्शाता है। शेष तीनों कथन सही हैं।
कथन (A): हड़प्पा सभ्यता एक कांस्य युगीन (Bronze Age) सभ्यता थी।
कारण (R): हड़प्पावासी तांबे (Copper) में टिन (Tin) मिलाकर कांसा (Bronze) बनाने की विधि जानते थे।
नीचे दिए गए कूट से सही उत्तर चुनें:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है
UPSC,UPPSC,All
हड़प्पा सभ्यता को कांस्य युगीन कहा जाता है क्योंकि इस काल में औजार और मूर्तियां (जैसे मोहनजोदड़ो की नर्तकी) बनाने के लिए तांबे और टिन को मिलाकर कांसे का निर्माण व्यापक रूप से किया जाता था।
'मेसोपोटामिया की सभ्यता' के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं?
1. यह सभ्यता दजला-फरात नदियों के मध्य इराक में विकसित हुई।
2. यह विश्व की पहली नगरीय (Urban) सभ्यता थी।
3. 'झूलता हुआ बगीचा' (Hanging Garden) इसी सभ्यता (बेबीलोन) की देन है।
केवल 1 और 2|केवल 1 और 3|केवल 2 और 3|1, 2 और 3
केवल 1 और 3
UPSC,State PCS,All
कथन 2 गलत है। मेसोपोटामिया विश्व की पहली सभ्यता थी, लेकिन यह एक ग्रामीण (Rural) सभ्यता थी। विश्व की पहली 'नगरीय (Urban)' सभ्यता सिंधु घाटी सभ्यता थी। कथन 1 और 3 सही हैं।
सिंधु सभ्यता में 'पुनर्जन्म' में विश्वास को प्रमाणित करने वाला सबसे प्रमुख साक्ष्य क्या माना जाता है?
पशुपति शिव की मुहरें|विशाल स्नानागार|शवाधान (शवों को दफनाने) के तीन तरीके और कब्रों में दैनिक उपयोग की वस्तुएं|मातृदेवी की मूर्तियां
शवाधान (शवों को दफनाने) के तीन तरीके और कब्रों में दैनिक उपयोग की वस्तुएं
UPSC,RO/ARO,All
सेंधववासी पुनर्जन्म में विश्वास करते थे, इसीलिए मृत्यु के बाद शवों को दफनाते समय उनके साथ दैनिक जीवन की वस्तुएं (बर्तन, आभूषण, कभी-कभी पालतू जानवर) भी दफनाते थे। यहाँ पूर्ण शवाधान, आंशिक शवाधान और कलश शवाधान के प्रमाण मिले हैं।
सिंधु सभ्यता के मुहरों (Seals) पर किस जानवर का चित्रांकन सर्वाधिक मिलता है?
गाय और शेर|एक सींग वाला जानवर (एकश्रृंगी पशु)|घोड़ा और ऊंट|हाथी और बाघ
एक सींग वाला जानवर (एकश्रृंगी पशु)
UPPSC,SSC,All
सिंधु सभ्यता की मुहरों पर सबसे अधिक चित्रांकन 'एक सींग वाले जानवर' (Unicorn/एकश्रृंगी पशु) का मिला है। मुहरों पर गाय और शेर के चित्र नहीं मिलते हैं।
सिंधु घाटी सभ्यता के समाज के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. सिंधु सभ्यता का समाज मुख्यतः चार वर्गों में बंटा हुआ था- विद्वान, योद्धा, व्यापारी/शिल्पकार और श्रमिक।
2. यह समाज मूलतः पितृसत्तात्मक (Patriarchal) था।
उपर्युक्त में से कौन-सा/से कथन सत्य है/हैं?
केवल 1|केवल 2|1 और 2 दोनों|न तो 1 न ही 2
केवल 1
UPSC,UPPSC,All
कथन 1 सत्य है। सिंधु समाज 4 वर्गों में विभाजित था। कथन 2 असत्य है क्योंकि उत्खनन में भारी मात्रा में मातृदेवी की मूर्तियां मिलने के कारण इतिहासकारों ने इस समाज को 'मातृसत्तात्मक' (Matriarchal) माना है।
सूची-I को सूची-II से सुमेलित कीजिए तथा नीचे दिए गए कूट का प्रयोग कर सही उत्तर चुनिए:
सूची-I (हड़प्पाई स्थल)
A. हड़प्पा
B. मोहनजोदड़ो
C. लोथल
D. कालीबंगा
सूची-II (नदी)
1. घग्घर नदी
2. रावी नदी
3. सिंधु नदी
4. भोगवा नदी
A-2, B-3, C-4, D-1|A-3, B-2, C-1, D-4|A-2, B-4, C-3, D-1|A-4, B-3, C-2, D-1
A-2, B-3, C-4, D-1
RO/ARO,State PCS,All
सही सुमेलन इस प्रकार है: हड़प्पा (रावी नदी), मोहनजोदड़ो (सिंधु नदी), लोथल (भोगवा नदी), और कालीबंगा (घग्घर/सरस्वती नदी)।
निम्नलिखित में से किस इतिहासकार/पुरातत्वविद ने हड़प्पा और मोहनजोदड़ो को एक विस्तृत साम्राज्य की "जुड़वां राजधानी" (Twin Capitals) कहा था?
जॉन मार्शल|स्टुअर्ट पिगॉट|अलेक्जेंडर कनिंघम|गार्डन चाइल्ड
स्टुअर्ट पिगॉट
UPSC,UPPSC,All
इतिहासकार स्टुअर्ट पिगॉट (Stuart Piggott) ने हड़प्पा और मोहनजोदड़ो की नगर नियोजन और प्रशासनिक समानता को देखते हुए इन्हें एक विस्तृत साम्राज्य की "जुड़वां राजधानी" कहा था।
'हड़प्पा' (1921) स्थल से प्राप्त साक्ष्यों के संदर्भ में निम्नलिखित पर विचार करें:
1. 'R-37' नाम का कब्रिस्तान
2. लकड़ी का ताबूत (Coffin)
3. 'उर्वरता की देवी' (स्त्री के गर्भ से निकलता हुआ पौधा)
4. स्वास्तिक चिह्न वाली मुहरें
उपर्युक्त में से कौन-से साक्ष्य मुख्य रूप से हड़प्पा से प्राप्त हुए हैं?
केवल 1, 2 और 3|केवल 2, 3 और 4|केवल 1 और 3|1, 2, 3 और 4
1, 2, 3 और 4
UPSC,RO/ARO,All
ये सभी साक्ष्य हड़प्पा से मिले हैं। यहाँ से कुम्हार का चाक, अन्नागार, मातृदेवी की मूर्ति, लकड़ी की ओखली, ताबूत, R-37 कब्रिस्तान, और स्त्री के गर्भ से निकलता पौधा (उर्वरता की देवी) प्राप्त हुए हैं।
कथन (A): मोहनजोदड़ो का शाब्दिक अर्थ 'मृतकों का टीला' (Mound of the Dead) होता है।
कारण (R): यहाँ से बहुत बड़ी संख्या में व्यवस्थित कब्रिस्तान (जैसे R-37) प्राप्त हुए हैं।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A सही है, परन्तु R गलत है
UPSC,All
कथन (A) सत्य है, लेकिन कारण (R) पूर्णतः गलत है। मोहनजोदड़ो से कोई भी व्यवस्थित कब्रिस्तान नहीं मिला है। वहाँ से कंकालों का एक अव्यवस्थित ढेर मिला है, जो किसी बाह्य आक्रमण या नरसंहार को दर्शाता है।
सिंधु घाटी सभ्यता की राजनीतिक व्यवस्था के बारे में विद्वान 'हंटर' (Hunter) का क्या विचार था?
यहाँ का शासन पूर्णतः पुरोहितों के हाथ में था।|मोहनजोदड़ो का शासन राजतंत्रात्मक (Monarchy) न होकर जनतंत्रात्मक (Democratic) था।|यहाँ पूर्ण रूप से सैन्य शासन लागू था।|व्यापारियों का एक वर्ग सीधे तौर पर शासन करता था।
मोहनजोदड़ो का शासन राजतंत्रात्मक (Monarchy) न होकर जनतंत्रात्मक (Democratic) था।
UPPSC,State PCS,All
हंटर के अनुसार, मोहनजोदड़ो का शासन राजतंत्रात्मक न होकर जनतंत्रात्मक (लोकतांत्रिक) था, जबकि मैके के अनुसार यहाँ का शासन एक प्रतिनिधि शासक के हाथ में था।
हड़प्पा सभ्यता में धातुओं के निर्माण की तकनीक के संदर्भ में, कांस्य की मूर्तियां (जैसे मोहनजोदड़ो की नर्तकी) बनाने के लिए किस विधि का प्रयोग किया जाता था?
हथौड़ा मार विधि (Hammering)|लुप्त मोम विधि (Lost wax method / Cire Perdue)|सांचा ढलाई (Sand casting)|गलन विधि (Smelting)
लुप्त मोम विधि (Lost wax method / Cire Perdue)
UPSC,SSC,All
तांबे और टिन को मिलाकर कांसा बनाया जाता था। मोहनजोदड़ो से प्राप्त कांसे की नर्तकी की मूर्ति 'लुप्त मोम विधि' (Lost wax method) या 'द्रवी मोम विधि' का उपयोग करके बनाई गई थी।
निम्नलिखित में से किस प्राचीन सभ्यता को अपनी अत्यंत उपजाऊ भूमि के कारण 'पीली नदी की सभ्यता' (Yellow River Civilization) भी कहा जाता है?
मेसोपोटामिया की सभ्यता|मिस्र की सभ्यता|फारस की सभ्यता|चीन की सभ्यता
चीन की सभ्यता
RO/ARO,All
चीन की सभ्यता (5000 ई.पू.) ह्वांगहो (पीली नदी) के तट पर विकसित हुई थी। अपनी अत्यंत उपजाऊ भूमि (Fertile land) के कारण यह विश्व भर में प्रसिद्ध थी।
सिंधु सभ्यता के लोगों के धार्मिक जीवन के संदर्भ में कौन-सा कथन असत्य है?
ये लोग ईश्वर की पूजा मानव, वृक्ष और पशु तीनों रूपों में करते थे।|यहाँ से मंदिरों (Temples) और बड़े पूजा स्थलों के स्पष्ट साक्ष्य प्राप्त हुए हैं।|ये लोग भूत-प्रेत और जादू-टोने में विश्वास करते थे, जिसके लिए ताबीज पहनते थे।|यहाँ मातृदेवी और पशुपति शिव की पूजा सबसे प्रमुख थी।
यहाँ से मंदिरों (Temples) और बड़े पूजा स्थलों के स्पष्ट साक्ष्य प्राप्त हुए हैं।
UPSC,UPPSC,All
यह कथन असत्य है। सिंधु घाटी सभ्यता से किसी भी प्रकार के मंदिर या विशिष्ट पूजा स्थल के स्पष्ट पुरातात्विक साक्ष्य नहीं मिले हैं। वे प्रकृति (वृक्ष, पशु) और मूर्तियों की पूजा खुले में या घरों में करते थे।
लोथल शहर (गुजरात) के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. यह भोगवा नदी के किनारे स्थित एक प्रमुख बंदरगाह (Dockyard) शहर था।
2. यहाँ से फारस (Persia) की मुहर मिली है, जो विदेशी व्यापार का संकेत है।
3. यहाँ के घरों के दरवाजे मुख्य सड़क की ओर खुलते थे।
4. यहाँ से युगल शवाधान के साक्ष्य प्राप्त हुए हैं।
इनमें से कौन-से कथन सही हैं?
केवल 1 और 2|केवल 1, 2 और 3|केवल 2, 3 और 4|1, 2, 3 और 4
1, 2, 3 और 4
UPSC,State PCS,All
दिए गए सभी कथन पूर्णतः सत्य हैं। लोथल (उत्खननकर्ता - एस.आर. राव) सिंधु सभ्यता का व्यापारिक केंद्र और बंदरगाह था, जो अपने अनूठे वास्तुशिल्प (दरवाजे मुख्य सड़क पर) के लिए जाना जाता है।
निम्नलिखित में से किस प्राचीन सभ्यता में 'रसायन शास्त्र' (Chemistry) अत्यंत सुदृढ़ था, जिसका सबसे बड़ा प्रमाण वहाँ सुरक्षित रखी गई 'ममी' (Mummies) हैं?
मेसोपोटामिया की सभ्यता|रोम की सभ्यता|मिस्र की सभ्यता|ग्रीस (यूनान) की सभ्यता
मिस्र की सभ्यता
SSC,RO/ARO,All
मिस्र की सभ्यता (Egypt Civilization) में रसायन विज्ञान बहुत विकसित था। वे विशेष रसायनों का लेप लगाकर शवों को पिरामिडों में सुरक्षित रखते थे, जिन्हें 'ममी' कहा जाता है।
सूची-I (हड़प्पाई साक्ष्य) को सूची-II (प्राप्ति स्थल) से सुमेलित कीजिए:
A. मिट्टी का बना हुआ हल
B. स्टेडियम (खेल का मैदान) व तीन भागों में बंटा नगर
C. कांसे की नर्तकी की मूर्ति
D. मनका बनाने का कारखाना व लिपस्टिक
सूची-II
1. चन्हूदड़ो
2. मोहनजोदड़ो
3. धोलावीरा
4. बनावली
A-4, B-3, C-2, D-1|A-3, B-4, C-1, D-2|A-4, B-2, C-3, D-1|A-1, B-3, C-2, D-4
A-4, B-3, C-2, D-1
UPPSC,All
मिट्टी का हल- बनावली (हरियाणा), स्टेडियम व उन्नत जल प्रबंधन- धोलावीरा (गुजरात), कांसे की नर्तकी- मोहनजोदड़ो, और शृंगार सामग्री (मनका, लिपस्टिक)- चन्हूदड़ो से प्राप्त हुई है।
सिंधु सभ्यता की मुहरों और टेराकोटा कलाकृतियों (Terracotta figures) पर निम्नलिखित में से किन पशुओं का अंकन/चित्रण **नहीं** मिलता है?
हाथी और गैंडा|बाघ और हिरण|गाय और शेर|एक सींग वाला जानवर (Unicorn)
गाय और शेर
UPSC,UPPSC,All
सिंधु सभ्यता की मुहरों पर एकश्रृंगी पशु (सर्वाधिक), हाथी, गैंडा, बाघ, भैंसा आदि के चित्र मिले हैं। लेकिन उन पर गाय, शेर और घोड़े का अंकन नहीं मिला है, हालांकि वे इन जानवरों (विशेषकर गाय) से परिचित अवश्य रहे होंगे।
पारसी धर्म (Zoroastrianism) को मानने वाली वह कौन सी प्राचीन सभ्यता थी, जिसका तेजी से विकास हुआ लेकिन अंततः सिकंदर (Alexander) ने इसका अंत कर दिया?
मिस्र की सभ्यता|रोम की सभ्यता|फारस (Persia) की सभ्यता|मेसोपोटामिया की सभ्यता
फारस (Persia) की सभ्यता
SSC,State PCS,All
फारस की सभ्यता (500 ई.पू.) वर्तमान ईरान क्षेत्र में विकसित हुई थी। यहाँ के लोग पारसी धर्म को मानते थे। सिकंदर के आक्रमण ने इस विशाल सभ्यता का अंत कर दिया।
सिंधु सभ्यता की लिपि (Harappan Script) के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा तथ्य सर्वाधिक उपयुक्त है?
इसमें सबसे अधिक 'A' आकार के अक्षरों का प्रयोग हुआ है।|इस लिपि के प्रधान अक्षरों में सबसे ज्यादा चित्र 'मछली' (Fish) के और 'U' आकार के प्राप्त हुए हैं।|यह लिपि पूर्णतः संस्कृत भाषा पर आधारित थी।|इसे जेम्स प्रिंसेप द्वारा 1837 में सफलतापूर्वक पढ़ लिया गया था।
इस लिपि के प्रधान अक्षरों में सबसे ज्यादा चित्र 'मछली' (Fish) के और 'U' आकार के प्राप्त हुए हैं।
UPSC,RO/ARO,All
हड़प्पाई लिपि एक भावचित्रात्मक (Pictographic) लिपि है जिसे आज तक पढ़ा नहीं जा सका है (जेम्स प्रिंसेप ने ब्राह्मी लिपि पढ़ी थी)। इसमें सर्वाधिक प्रयोग 'U' आकार के चिह्नों और मछली के चित्रों का हुआ है।
कथन (A): कालीबंगा में भवनों के निर्माण में कच्ची ईंटों का प्रयोग किया गया था, जबकि अन्य हड़प्पाई शहरों में मुख्य रूप से पक्की ईंटें प्रयोग हुईं।
कारण (R): कालीबंगा से अग्निकुंड (Fire altars) और जुते हुए खेत (Ploughed field) के साक्ष्य भी प्राप्त हुए हैं।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है
UPSC,All
दोनों कथन स्वतंत्र रूप से बिल्कुल सत्य हैं। कालीबंगा को उसके कच्चे घरों के कारण 'दीन-हीन की बस्ती' भी कहा जाता है, और यहाँ से अग्निकुंड भी मिले हैं। परंतु कारण (R), कथन (A) का सही कारण नहीं बताता है।
सिंधु सभ्यता के लोगों की अर्थव्यवस्था और कृषि के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. इनकी अर्थव्यवस्था का मुख्य आधार कृषि था।
2. इन्होंने ही विश्व में सबसे पहले कपास (Cotton) की खेती प्रारंभ की थी।
3. ये लोग कृषि कार्य के लिए लकड़ी के हल का प्रयोग करते थे (बनावली से मिट्टी का हल मिला है)।
उपर्युक्त में से कौन-से कथन सही हैं?
केवल 1 और 2|केवल 2 और 3|केवल 1 और 3|1, 2 और 3
1, 2 और 3
UPSC,State PCS,All
तीनों कथन सत्य हैं। अर्थव्यवस्था का मुख्य आधार कृषि था (व्यापार भी होता था)। इन्होंने ही सर्वप्रथम कपास उगाई। लोहे के अभाव में जुताई के लिए ये लकड़ी के हल का प्रयोग करते थे, जिसके साक्ष्य (मिट्टी का मॉडल) बनावली से मिले हैं।
प्राचीन सभ्यताओं के महान शासक 'जूलियस सीज़र' (Julius Caesar) और 'ऑगस्टस' (Augustus) का संबंध किस सभ्यता से था?
रोम की सभ्यता|फारस की सभ्यता|ग्रीस (यूनान) की सभ्यता|बेबीलोन की सभ्यता
रोम की सभ्यता
SSC,RO/ARO,All
जूलियस सीज़र और ऑगस्टस रोम की सभ्यता (600 ई.पू.) के सबसे बड़े राजा थे। यह सभ्यता इटली (भूमध्य सागर क्षेत्र) में विकसित हुई थी और आज भी इसके अवशेष सुरक्षित हैं। जूलियस सीज़र की हत्या धोखे से की गई थी जिस पर शेक्सपियर ने नाटक भी लिखा है।
सिंधु सभ्यता के उत्खननकर्ता और उत्खनन वर्ष के संबंध में कौन सा युग्म गलत है?
हड़प्पा - दयाराम साहनी (1921)|मोहनजोदड़ो - राखालदास बनर्जी (1922)|चन्हूदड़ो - गोपाल मजूमदार (1931)|लोथल - जे.पी. जोशी (1955)
लोथल - जे.पी. जोशी (1955)
UPPSC,State PCS,All
लोथल की खुदाई रंगनाथ राव (एस.आर. राव) ने 1955-1962 में की थी। जे.पी. जोशी ने 1967 में धोलावीरा और सुरकोटदा की खुदाई/खोज की थी।
'कालीबंगा' के उत्खनन कार्य से मुख्य रूप से कौन से पुरातत्वविद जुड़े हुए थे?
अमलानंद घोष, बी.बी. लाल एवं बी.के. थापर|रविंद्र सिंह बिष्ट एवं जे.पी. जोशी|यज्ञदत्त शर्मा एवं फजल अहमद|आर.एस. बिष्ट एवं एम.आर. मुग़ल
अमलानंद घोष, बी.बी. लाल एवं बी.के. थापर
RO/ARO,UPPSC,All
कालीबंगा (राजस्थान) की खोज 1951 में अमलानंद घोष द्वारा की गई थी और बाद में 1961 में बी.बी. लाल और बी.के. थापर के निर्देशन में इसका व्यापक उत्खनन हुआ।
कथन (A): हड़प्पा सभ्यता के शहरों में 'अन्नागार' (Granaries) का बहुत महत्व था, जो नदियों के किनारे बनाए जाते थे।
कारण (R): कर (Tax) के रूप में अनाज वसूला जाता था और बाढ़ या अकाल जैसी आपात स्थिति के लिए इसे अन्नागारों में सुरक्षित रखा जाता था।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है
UPSC,All
यह बिल्कुल सत्य है। हड़प्पा और मोहनजोदड़ो दोनों में विशाल अन्नागार मिले हैं जो नदियों के पास थे, ताकि जलमार्ग से अनाज का परिवहन आसान हो। यह अनाज आपातकाल के लिए सुरक्षित रखा जाता था।
सिंधु सभ्यता में शवों के अंत्येष्टि संस्कार (Funeral Practices) के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. हड़प्पा में शवों को दफनाने (Burial) की प्रथा प्रचलित थी।
2. मोहनजोदड़ो में शवों को जलाने (Cremation) की प्रथा प्रचलित थी।
3. लोथल से कलश शवाधान (Pot burial) के साक्ष्य मिले हैं।
इनमें से कौन-सा/से कथन सत्य है/हैं?
केवल 1 और 2|केवल 2 और 3|केवल 1 और 3|1, 2 और 3
केवल 1 और 2
UPSC,State PCS,All
कथन 1 और 2 सत्य हैं (हड़प्पा में दफनाते थे, मोहनजोदड़ो में जलाते थे)। कथन 3 गलत है क्योंकि 'कलश शवाधान' मुख्य रूप से सुरकोटदा से मिला है, जबकि लोथल से 'युगल शवाधान' (Double burial) मिले हैं।
निम्नलिखित में से किस सभ्यता को 'मेसोपोटामिया की सभ्यता' के 4 मुख्य भागों में **नहीं** गिना जाता है?
सुमेरियन की सभ्यता|बेबीलोन की सभ्यता|सीरिया की सभ्यता|स्पार्टा की सभ्यता
स्पार्टा की सभ्यता
SSC,RO/ARO,All
मेसोपोटामिया की सभ्यता के 4 भाग थे: सुमेरियन, बेबीलोन, असीरिया (सीरिया) और कैल्ड्रिया की सभ्यता। 'स्पार्टा' ग्रीस (यूनान) की सभ्यता का एक सैन्य क्षेत्र था।
सिंधु सभ्यता के संबंध में 'टेराकोटा' (Terracotta) शब्द का प्रयोग किसके लिए किया जाता है?
पत्थर से बने हथियारों के लिए|आग में पकी हुई मिट्टी (Baked clay) की मूर्तियों और बर्तनों के लिए|व्यापार में इस्तेमाल होने वाले सोने के सिक्कों के लिए|लोहे से बने कृषि उपकरणों के लिए
आग में पकी हुई मिट्टी (Baked clay) की मूर्तियों और बर्तनों के लिए
UPPSC,SSC,All
आग में पकी हुई मिट्टी को 'टेराकोटा' कहा जाता है। सिंधु सभ्यता में बड़ी संख्या में टेराकोटा की मूर्तियां (विशेषकर मातृदेवी और पशुओं की) और खिलौने प्राप्त हुए हैं।
सिंधु घाटी सभ्यता के पतन के संदर्भ में आईआईटी खड़गपुर (IIT Kharagpur) के नवीनतम शोध के अनुसार, इस सभ्यता के विनाश का सबसे प्रमुख कारण किसे माना जा रहा है?
आर्यों का भीषण आक्रमण|भयानक बाढ़|निरंतर कम होती वर्षा और जलवायु परिवर्तन (सूखा)|महामारी (मलेरिया)
निरंतर कम होती वर्षा और जलवायु परिवर्तन (सूखा)
UPSC,Current History,All
हाल ही में आईआईटी खड़गपुर के उत्खनन और शोध के अनुसार, सिंधु सभ्यता के पतन का सबसे महत्वपूर्ण कारण लगभग 900 वर्षों तक पड़ा भयानक सूखा (जलवायु परिवर्तन/वर्षा में कमी) माना जा रहा है।
सिंधु घाटी सभ्यता के भौगोलिक विस्तार के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. इस सभ्यता का कुल क्षेत्रफल लगभग 13 लाख वर्ग किलोमीटर था।
2. इसका भौगोलिक आकार पूर्णतः वर्गाकार (Square) था।
3. इस सभ्यता का विस्तार भारत, पाकिस्तान और अफगानिस्तान के क्षेत्रों में था।
उपर्युक्त में से कौन-सा/से कथन सत्य है/हैं?
केवल 1 और 2|केवल 1 और 3|केवल 2 और 3|1, 2 और 3
केवल 1 और 3
UPSC,UPPSC,All
कथन 2 असत्य है क्योंकि सिंधु घाटी सभ्यता का आकार 'वर्गाकार' नहीं बल्कि 'त्रिभुजाकार' (Triangular) था। इसका क्षेत्रफल लगभग 13 लाख वर्ग किमी. था और यह भारत, पाकिस्तान और अफगानिस्तान (मुंडीगाक और शोर्तुगई) में फैली थी।
कथन (A): हड़प्पा की खुदाई 1921 ई. में दयाराम साहनी द्वारा की गई थी।
कारण (R): 1904 ई. में लॉर्ड कर्जन द्वारा भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण विभाग की स्थापना की गई थी, जिसके तत्कालीन महानिदेशक सर जॉन मार्शल थे।
नीचे दिए गए कूट से सही उत्तर चुनें:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है
UPSC,All
लॉर्ड कर्जन के समय स्थापित पुरातत्व विभाग के महानिदेशक सर जॉन मार्शल थे, और उन्हीं के निर्देशों (निर्देशन) पर दयाराम साहनी ने 1921 में हड़प्पा का उत्खनन किया था। अतः कारण (R), कथन (A) का सही आधार स्पष्ट करता है।
सूची-I (हड़प्पाई स्थल) को सूची-II (प्राप्त साक्ष्य) से सुमेलित कीजिए:
सूची-I
A. हड़प्पा
B. मोहनजोदड़ो
C. बनावली
D. कुणाल
सूची-II
1. चांदी के दो मुकुट
2. लकड़ी का ताबूत (Coffin) एवं R.H. 37 कब्रिस्तान
3. टेढ़ी-मेढ़ी (Star shaped) सड़कें
4. सूती वस्त्र एवं सबसे चौड़ी सड़क
A-2, B-4, C-3, D-1|A-4, B-2, C-1, D-3|A-2, B-3, C-4, D-1|A-1, B-4, C-3, D-2
A-2, B-4, C-3, D-1
UPPSC,RO/ARO,All
हड़प्पा से लकड़ी का ताबूत और R-37 कब्रिस्तान मिला। मोहनजोदड़ो से सूती वस्त्र और सबसे चौड़ी सड़क (राजपथ) मिली। बनावली से टेढ़ी-मेढ़ी सड़कें तथा कुणाल (हरियाणा) से चांदी के दो मुकुट प्राप्त हुए हैं।
मेसोपोटामिया की सभ्यता (10,000 ई.पू.) के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों में से कौन-सा कथन **असत्य** है?
यह इराक में दजला (Tigris) और फरात (Euphrates) नदियों के मध्य विकसित हुई थी।|यह विश्व की पहली 'नगरीय' (Urban) सभ्यता थी, जहाँ पक्की ईंटों के विशाल भवन थे।|इस सभ्यता की अर्थव्यवस्था का मुख्य आधार कृषि था।|मेसोपोटामिया की सभ्यता 4 भागों (सुमेरियन, बेबीलोन, असीरिया, कैल्ड्रिया) में बँटी थी।
यह विश्व की पहली 'नगरीय' (Urban) सभ्यता थी, जहाँ पक्की ईंटों के विशाल भवन थे।
UPSC,SSC,All
यह कथन असत्य है क्योंकि मेसोपोटामिया विश्व की पहली सभ्यता अवश्य थी, लेकिन यह एक 'ग्रामीण' (Rural) सभ्यता थी, नगरीय नहीं। विश्व की पहली 'नगरीय सभ्यता' सिंधु घाटी सभ्यता थी।
सिंधु सभ्यता में कृषि और पशुपालन के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार करें:
1. यहाँ के लोग मनोरंजन के लिए पासा खेलते थे और शिकार (चौपड़) करते थे।
2. सिंधु सभ्यता के लोग सूती (Cotton) और ऊनी (Woolen) दोनों प्रकार के वस्त्रों का उपयोग करते थे।
3. गुजरात के रंगपुर से धान (चावल) की भूसी प्राप्त हुई है।
उपर्युक्त में से कौन-से कथन सत्य हैं?
केवल 1 और 2|केवल 2 और 3|केवल 1 और 3|1, 2 और 3
1, 2 और 3
UPSC,State PCS,All
तीनों कथन सत्य हैं। सिंधुवासी शाकाहारी और मांसाहारी दोनों थे। वे सूती और ऊनी वस्त्र पहनते थे (कपास के प्रथम उत्पादक)। रंगपुर (गुजरात) से धान की भूसी मिली है, और मनोरंजन के लिए वे पासा व शिकार का सहारा लेते थे।
कथन (A): लोथल को सिंधु घाटी सभ्यता का 'बंदरगाह नगर' (Dockyard city) कहा जाता है।
कारण (R): यहाँ से फारस (Persia) की मुहर मिली है, जो यह प्रमाणित करती है कि इनका व्यापारिक संबंध विदेशों से था।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है
UPSC,UPPSC,All
लोथल (गुजरात) भोगवा नदी के तट पर स्थित था। यहाँ से गोदीबाड़ा (Dockyard) और फारस की मुहरें मिली हैं, जो स्पष्ट रूप से सिद्ध करती हैं कि यह एक बंदरगाह था और इसका उपयोग अंतर्राष्ट्रीय व्यापार (Overseas trade) के लिए होता था।
हड़प्पा सभ्यता की लिपि (Script) को अभी तक पढ़ा नहीं जा सका है। इस लिपि के बारे में नवीनतम शोधों के अनुसार इसमें लगभग कितने मूल चिह्न (Original signs) मौजूद हैं?
लगभग 20 मूल चिह्न|लगभग 64 मूल चिह्न|लगभग 150 मूल चिह्न|लगभग 400 मूल चिह्न
लगभग 64 मूल चिह्न
UPPSC,RO/ARO,All
हड़प्पाई लिपि एक भावचित्रात्मक (Pictographic) लिपि है जिसमें लगभग 64 मूल चिह्न हैं। इसके अलावा 250 से 400 तक अक्षर हैं, जिनमें सर्वाधिक 'U' आकार और मछली के चित्र पाए गए हैं।
'गिजा का पिरामिड' (Pyramid of Giza), जो प्राचीन विश्व के सात अजूबों में से एक है, का संबंध किस प्राचीन सभ्यता से है?
मेसोपोटामिया की सभ्यता|रोम की सभ्यता|फारस की सभ्यता|मिस्र की सभ्यता
मिस्र की सभ्यता
SSC,State PCS,All
गिजा का पिरामिड 'मिस्र की सभ्यता' (Egypt Civilization) से संबंधित है। मिस्र के लोग शवों को रसायनों का लेप लगाकर (ममी के रूप में) पिरामिडों में सुरक्षित रखते थे। इस सभ्यता का विकास नील नदी की घाटी में हुआ था।
सूची-I को सूची-II से सुमेलित कीजिए:
सूची-I (हड़प्पाई नगर)
A. कालीबंगा
B. चन्हूदड़ो
C. धोलावीरा
D. बनावली
सूची-II (विशेषता / प्राप्त साक्ष्य)
1. एकमात्र दुर्ग रहित शहर (औद्योगिक नगर)
2. अलंकृत ईंटें और अग्निकुंड
3. जल निकासी व्यवस्था का पूर्ण अभाव
4. तीन भागों में बंटा नगर और स्टेडियम
A-2, B-1, C-4, D-3|A-1, B-2, C-3, D-4|A-2, B-4, C-1, D-3|A-4, B-3, C-2, D-1
A-2, B-1, C-4, D-3
UPSC,UPPSC,All
कालीबंगा से अलंकृत ईंटें, चन्हूदड़ो दुर्ग रहित औद्योगिक शहर था, धोलावीरा तीन भागों में बंटा था जहाँ से स्टेडियम मिला, और बनावली में जल निकासी का अभाव था (टेढ़ी-मेढ़ी सड़कें)।
निम्नलिखित में से कौन सा हड़प्पाई स्थल अपनी 'हवन कुंड' (अग्निकुंड / Fire altars) और 'अलंकृत ईंटों' की प्राप्ति के लिए प्रसिद्ध है?
मोहनजोदड़ो|लोथल|कालीबंगा|धोलावीरा
कालीबंगा
RO/ARO,SSC,All
राजस्थान के घग्घर नदी के किनारे स्थित कालीबंगा से अग्निकुंड (हवन कुंड), जुते हुए खेत, अलंकृत ईंटें और चूड़ियों के साक्ष्य प्राप्त हुए हैं।
कथन (A): मेसोपोटामिया के मंदिरों को 'जिगुरात' (Ziggurat) कहा जाता था।
कारण (R): मेसोपोटामिया की सभ्यता में झूलता हुआ बगीचा (Hanging Garden) बेबीलोन में स्थित है।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है
UPSC,All
दोनों कथन स्वतंत्र रूप से सत्य हैं। मेसोपोटामिया के लोग अपने मंदिरों/पूजा स्थलों को 'जिगुरात' कहते थे और बेबीलोन में झूलता बगीचा है। लेकिन कारण (R), कथन (A) का तार्किक आधार या व्याख्या नहीं है।
सिंधु सभ्यता में पूजा-पाठ और धार्मिक मान्यताओं के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा युग्म सुमेलित **नहीं** है?
सबसे प्रिय देवता - पशुपति शिव|परमपूज्य वृक्ष - पीपल|परमपूज्य पशु - कूबड़ वाला सांड (वृषभ)|परमपूज्य पक्षी - मोर (Peacock)
परमपूज्य पक्षी - मोर (Peacock)
UPPSC,State PCS,All
नोट्स के अनुसार, सिंधु सभ्यता का परमपूज्य पक्षी 'बतख' (Duck) था, न कि मोर। सबसे प्रिय देवता शिव, पूज्य वृक्ष पीपल और पूज्य पशु कूबड़ वाला सांड था।
निम्नलिखित में से किस प्राचीन सभ्यता को भूमध्य सागर (Mediterranean Sea) पर अधिकार करने वाली सभ्यता माना जाता है, जहाँ जूलियस सीज़र जैसे प्रतापी राजा हुए?
मिस्र की सभ्यता|ग्रीस की सभ्यता|रोम की सभ्यता|बेबीलोन की सभ्यता
रोम की सभ्यता
SSC,RO/ARO,All
रोम की सभ्यता (600 ई.पू.) इटली में विकसित हुई थी। इन्होंने पूरे भूमध्यसागर पर अधिकार कर लिया था। जूलियस सीज़र और ऑगस्टस इस सभ्यता के सबसे प्रतापी राजा थे।
मोहनजोदड़ो (1922) के उत्खनन से प्राप्त प्रमुख साक्ष्यों के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार करें:
1. यहाँ से विशाल स्नानागार (Great Bath) मिला है।
2. यहाँ से कांसे की नर्तकी की मूर्ति मिली है।
3. यहाँ से पशुपति शिव की मुहर प्राप्त हुई है।
4. यहाँ से सूती वस्त्र और चौड़ी सड़क (राजपथ) के साक्ष्य मिले हैं।
उपर्युक्त में से कौन-से साक्ष्य सही हैं?
केवल 1, 2 और 3|केवल 2, 3 और 4|केवल 1 और 3|1, 2, 3 और 4
1, 2, 3 और 4
UPSC,UPPSC,All
दिए गए सभी साक्ष्य (विशाल स्नानागार, अन्नागार, कांसे की नर्तकी, पशुपति शिव की मुहर, सूती वस्त्र, और सबसे चौड़ी सड़क) मोहनजोदड़ो (पाकिस्तान) से ही प्राप्त हुए हैं।
सिंधु सभ्यता में मापतौल (Weights and Measures) के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सही है?
यहाँ बाट (Weights) का न्यूनतम आकार 10 किलोग्राम का होता था।|तौल की इकाई हमेशा 10 के गुणक (Decimal multiple) में होती थी।|यहाँ मापतौल के लिए न्यूनतम बाट 16 किलोग्राम का था, और तौल 16 के अनुपात में होती थी।|मापतौल के लिए मुख्य रूप से लोहे के बाटों का प्रयोग किया जाता था।
यहाँ मापतौल के लिए न्यूनतम बाट 16 किलोग्राम का था, और तौल 16 के अनुपात में होती थी।
UPSC,State PCS,All
सिंधु सभ्यता में मापतौल की प्रणाली विकसित थी, जिसका साक्ष्य लोथल से मिलता है। यहाँ न्यूनतम बाट 16 kg का था तथा तौल की इकाई मुख्य रूप से 16 के गुणक (16, 32, 64...) में होती थी। लोहे का प्रयोग नहीं होता था।
कथन (A): चन्हूदड़ो (1931) सिंधु सभ्यता का एकमात्र ऐसा शहर है जो 'दुर्ग रहित' (Without Citadel) है।
कारण (R): चन्हूदड़ो एक औद्योगिक शहर (Industrial town) था जहाँ मनका (Beads) बनाने के कारखाने और शृंगार सामग्री (लिपस्टिक, शीशा) के साक्ष्य मिले हैं।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है
UPSC,All
दोनों कथन सही हैं। चन्हूदड़ो एक औद्योगिक केंद्र था, और संभवतः व्यापारिक व औद्योगिक गतिविधियों के केंद्र होने के कारण यहाँ शासक वर्ग के निवास (दुर्ग) की आवश्यकता नहीं थी, इसलिए यह दुर्ग रहित था।
हड़प्पा सभ्यता के पतन (Decline) का प्राकृतिक आपदा (महामारी/मलेरिया) के कारण होने का सिद्धांत किस विद्वान ने प्रस्तुत किया था?
जॉन मार्शल|गार्डन चाइल्ड|के. यू. आर. कनेडी|ऑरेल स्टीन
के. यू. आर. कनेडी
UPPSC,RO/ARO,All
के. यू. आर. कनेडी (K.U.R. Kennedy) ने मोहनजोदड़ो से प्राप्त कंकालों का अध्ययन करने के बाद बताया कि सिंधु सभ्यता के लोगों का पतन मलेरिया जैसी किसी भयानक महामारी (प्राकृतिक आपदा) के कारण हुआ होगा।
सूची-I (हड़प्पाई स्थल) को सूची-II (वर्तमान स्थिति) से सुमेलित कीजिए:
सूची-I
A. राखीगढ़ी
B. सुरकोटदा
C. आलमगीरपुर
D. सुत्कागेंडोर
सूची-II
1. मकरान तट, बलूचिस्तान (पाकिस्तान)
2. मेरठ, उत्तर प्रदेश
3. कच्छ जिला, गुजरात
4. हिसार जिला, हरियाणा
A-4, B-3, C-2, D-1|A-3, B-4, C-1, D-2|A-4, B-2, C-3, D-1|A-1, B-3, C-2, D-4
A-4, B-3, C-2, D-1
UPSC,State PCS,All
राखीगढ़ी (हरियाणा - भारत का सबसे बड़ा स्थल), सुरकोटदा (गुजरात), आलमगीरपुर (उत्तर प्रदेश - पूर्वी सीमा), और सुत्कागेंडोर (पाकिस्तान - पश्चिमी सीमा) में स्थित हैं।
निम्नलिखित में से किस प्राचीन सभ्यता को 'पीली नदी की सभ्यता' (Yellow River Civilization) कहा जाता है, जो अपनी अत्यंत उपजाऊ भूमि के लिए प्रसिद्ध थी?
चीन की सभ्यता|मिस्र की सभ्यता|फारस की सभ्यता|मेसोपोटामिया की सभ्यता
चीन की सभ्यता
SSC,All
चीन की सभ्यता (लगभग 5000 ई.पू.) का विकास ह्वांगहो नदी (जिसे पीली नदी भी कहा जाता है) की घाटी में हुआ था। यह नदी घाटी अपनी उपजाऊ भूमि के लिए विख्यात थी।
सिंधु सभ्यता में प्राप्त 'R-37' क्या है?
एक प्रकार का उन्नत कृषि उपकरण|हड़प्पा से प्राप्त एक बड़ा कब्रिस्तान (Graveyard)|सिंधु लिपि में पाया गया एक विशेष चिह्न|मोहनजोदड़ो से प्राप्त एक मुहर का नाम
हड़प्पा से प्राप्त एक बड़ा कब्रिस्तान (Graveyard)
UPPSC,RO/ARO,All
हड़प्पा की खुदाई में नगर के दक्षिण में एक कब्रिस्तान मिला है जिसे पुरातत्वविदों ने 'R-37' (समाधि R-37) का नाम दिया है। यहाँ शवों को लकड़ी के ताबूत में दफनाने के साक्ष्य मिले हैं।
सिंधु घाटी सभ्यता के किस स्थल से 'बिल्ली का पीछा करते हुए कुत्ते के पंजों के निशान' (Footprints of a dog chasing a cat) ईंटों पर मिले हैं?
कालीबंगा|हड़प्पा|चन्हूदड़ो|लोथल
चन्हूदड़ो
State PCS,All
चन्हूदड़ो (1931) के उत्खनन से एक ईंट पर बिल्ली का पीछा करते हुए कुत्ते के पंजों के निशान प्राप्त हुए हैं। यह स्थल मनका बनाने के कारखानों के लिए भी प्रसिद्ध था।
कथन (A): हड़प्पा सभ्यता के शहरों में नालियां ईंटों से ढकी हुई थीं और जल निकासी की व्यवस्था अत्यंत उत्तम थी।
कारण (R): बनावली (हरियाणा) एक ऐसा शहर था जहाँ जल निकासी व्यवस्था का पूर्ण अभाव था और वहाँ सोख्ता (Soak pits) मिले हैं।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है
UPSC,All
दोनों कथन पूर्णतः सत्य हैं। हड़प्पा सभ्यता सामान्यतः अपनी बेहतरीन जल-निकासी (Drainage system) के लिए जानी जाती थी, लेकिन बनावली इसका एक अपवाद था जहाँ नालियां नहीं मिलीं। दोनों तथ्य सही हैं, लेकिन एक-दूसरे की व्याख्या नहीं करते।
निम्नलिखित में से किस स्थान से 'हाथी का कपाल' (Elephant skull) और 'लकड़ी की ओखली' (Wooden mortar) प्राप्त हुई है?
मोहनजोदड़ो|हड़प्पा|लोथल|सुरकोटदा
हड़प्पा
RO/ARO,All
हड़प्पा (1921) के उत्खनन से कुम्हार का चाक, लकड़ी की ओखली, लकड़ी का ताबूत, R-37 कब्रिस्तान, और हाथी का कपाल प्राप्त हुआ है।
ग्रीस (यूनान) की सभ्यता के किस सैन्य नगर के मात्र 300 सैनिकों ने 'लियोनाइडस' (Leonidas) के नेतृत्व में 20,000 सैनिकों की विशाल सेना को युद्ध में धूल चटा दी थी?
एथेंस (Athens)|स्पार्टा (Sparta)|ट्रॉय (Troy)|बेबीलोन (Babylon)
स्पार्टा (Sparta)
SSC GD,All
स्पार्टा (Sparta) ग्रीस के पास का एक छोटा सा क्षेत्र था जो अपने बहादुर सैनिकों के लिए विख्यात था। राजा लियोनाइडस के नेतृत्व में स्पार्टा के मात्र 300 सैनिकों ने फारस के शासक जरक्सीज (Xerxes) की विशाल सेना का बहादुरी से सामना किया था।
हड़प्पा कालीन लिपि (Harappan Script) लिखने की उस पद्धति को क्या कहा जाता है जिसमें पहली पंक्ति दाएं से बाएं (Right to Left) और दूसरी पंक्ति बाएं से दाएं (Left to Right) लिखी जाती थी?
ब्राही (Brahmi)|खरोष्ठी (Kharosthi)|बौस्ट्रोफेडन (Boustrophedon)|क्यूनिफॉर्म (Cuneiform)
बौस्ट्रोफेडन (Boustrophedon)
UPSC,UPPSC,All
हड़प्पा लिपि एक भावचित्रात्मक लिपि है जिसे 'बौस्ट्रोफेडन' (Boustrophedon) पद्धति में लिखा गया था। इसमें पहली लाइन दाएँ से बाएँ और अगली लाइन बाएँ से दाएँ लिखी जाती है, जिसे आज तक पढ़ा नहीं जा सका है।
सिंधु घाटी सभ्यता के किस स्थल से पूर्व-हड़प्पाकालीन संस्कृति, जिसे 'झूकर-झांगर' (Jhukar-Jhangar) संस्कृति कहा जाता है, के अवशेष प्राप्त हुए हैं?
कालीबंगा|चन्हूदड़ो|लोथल|बनावली
चन्हूदड़ो
UPSC,UPPSC,All
चन्हूदड़ो (1931, गोपाल मजूमदार) से पूर्व-हड़प्पाकालीन संस्कृति, विशेषकर 'झूकर-झांगर' संस्कृति के अवशेष मिलते हैं। यह एकमात्र ऐसा नगर है जो दुर्ग रहित है।
सिंधु घाटी सभ्यता के पतन के कारणों और उनके प्रतिपादकों की सूची-I को सूची-II से सुमेलित कीजिए:
सूची-I (पतन का कारण)
A. जलवायु परिवर्तन (Climate Change)
B. प्राकृतिक आपदा / महामारी (Epidemic)
C. प्रशासनिक शिथिलता (Administrative Failure)
D. बाढ़ (Flood)
सूची-II (प्रतिपादक विद्वान)
1. के.यू.आर. कनेडी
2. ऑरेल स्टीन एवं अमलानंद घोष
3. जॉन मार्शल, मैके एवं एस.आर. राव
4. जॉन मार्शल
A-2, B-1, C-4, D-3|A-1, B-2, C-3, D-4|A-2, B-4, C-1, D-3|A-4, B-1, C-2, D-3
A-2, B-1, C-4, D-3
UPSC,RO/ARO,All
जलवायु परिवर्तन- ऑरेल स्टीन व अमलानंद घोष, महामारी (प्राकृतिक आपदा)- के.यू.आर. कनेडी, प्रशासनिक शिथिलता- जॉन मार्शल, और बाढ़- जॉन मार्शल, मैके व एस.आर. राव ने माना है।
कथन (A): हड़प्पा सभ्यता के लोग लोहे (Iron) से अपरिचित थे तथा उनके अस्त्र-शस्त्र मुख्य रूप से तांबे और कांसे के बने होते थे।
कारण (R): हड़प्पावासी तांबे (Copper) में टिन (Tin) मिलाकर कांसे (Bronze) का निर्माण करने की 'लुप्त मोम विधि' (Lost wax method) जानते थे।
नीचे दिए गए कूट से सही उत्तर चुनें:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है
UPSC,State PCS,All
दोनों कथन पूर्णतः सत्य हैं। हड़प्पा के लोग लोहे से अनजान थे और वे कांसे का प्रयोग करते थे। कारण (R) यह बताता है कि वे कांसा कैसे बनाते थे, लेकिन यह इस बात की व्याख्या नहीं करता कि वे लोहे से अपरिचित क्यों थे (लोहे की खोज ही बाद में उत्तर वैदिक काल में हुई)।
सिंधु सभ्यता के समाज के वर्गीकरण के संदर्भ में, यह समाज मुख्य रूप से किन चार वर्गों में विभाजित था?
ब्राह्मण, क्षत्रिय, वैश्य, शूद्र|विद्वान, योद्धा, व्यापारी/शिल्पकार, श्रमिक|शासक, दास, किसान, कारीगर|पुरोहित, सैनिक, दास, अछूत
विद्वान, योद्धा, व्यापारी/शिल्पकार, श्रमिक
UPPSC,SSC,All
सिंधु सभ्यता का समाज मुख्यतः 4 वर्गों में बँटा हुआ था- 1. विद्वान (Scholars/पुरोहित), 2. योद्धा (Warriors), 3. व्यापारी एवं शिल्पकार (Merchants/Artisans) और 4. श्रमिक (Laborers)। यहाँ वर्ण व्यवस्था (ब्राह्मण, क्षत्रिय...) नहीं थी।
सिंधु घाटी सभ्यता के स्थलों और नदियों के संदर्भ में कौन-सा युग्म **गलत** सुमेलित है?
मांडा - चिनाब नदी|आलमगीरपुर - हिंडन नदी|दैमाबाद - प्रवरा नदी|सुत्कागेंडोर - रावी नदी
सुत्कागेंडोर - रावी नदी
RO/ARO,State PCS,All
सुत्कागेंडोर (पश्चिमी सीमा) पाकिस्तान के मकरान तट पर 'दासक नदी' (Dasak River) के किनारे स्थित है, रावी नदी के किनारे नहीं। रावी के किनारे हड़प्पा स्थित है।
कथन (A): लोथल (गुजरात) में घरों के दरवाज़े और खिड़कियाँ पीछे की गली में न खुलकर मुख्य सड़क (Main Road) की ओर खुलते थे।
कारण (R): लोथल सिंधु सभ्यता का एक प्रमुख व्यापारिक केंद्र और बंदरगाह (Dockyard) नगर था।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है
UPSC,All
सिंधु सभ्यता में सामान्यतः घर के दरवाज़े मुख्य सड़क पर नहीं खुलते थे ताकि धूल से बचा जा सके। लोथल इसका अपवाद था, क्योंकि यह एक बंदरगाह और व्यापारिक केंद्र था, जहाँ माल की लोडिंग/अनलोडिंग के लिए दरवाज़े मुख्य सड़क की ओर बनाए गए थे। अतः (R) सही व्याख्या है।
निम्नलिखित में से किस हड़प्पाई स्थल से 'अलंकृत ईंटों' (Decorated bricks) और 'अग्निकुंड / हवन कुंड' (Fire altars) के साक्ष्य एक साथ प्राप्त हुए हैं?
मोहनजोदड़ो|कालीबंगा|धोलावीरा|सुरकोटदा
कालीबंगा
UPPSC,SSC GD,All
कालीबंगा (राजस्थान) से अलंकृत ईंटें, चूड़ी, जुते हुए खेत का साक्ष्य और सात अग्निकुंड / हवन कुंड (वेदिकाएं) प्राप्त हुए हैं जो कर्मकांड का संकेत देते हैं।
सिंधु घाटी सभ्यता की लिपि (Script) के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. यह लिपि अब तक पढ़ी नहीं जा सकी है।
2. इसमें लगभग 64 मूल चिह्न हैं।
3. इस लिपि को 'बौस्ट्रोफेडन' कहा जाता है।
4. यह लिपि ब्राह्मी लिपि की तरह केवल बाएँ से दाएँ (Left to right) लिखी जाती थी।
उपर्युक्त में से कौन-से कथन सत्य हैं?
केवल 1, 2 और 3|केवल 2, 3 और 4|केवल 1 और 3|1, 2, 3 और 4
केवल 1, 2 और 3
UPSC,RO/ARO,All
कथन 4 गलत है। 'बौस्ट्रोफेडन' पद्धति में पहली पंक्ति दाएँ से बाएँ (Right to left) और दूसरी पंक्ति बाएँ से दाएँ (Left to right) लिखी जाती थी। शेष कथन सत्य हैं।
विद्वान 'हंटर' और 'व्हीलर' के अनुसार मोहनजोदड़ो की राजनीतिक व्यवस्था कैसी थी?
यह पूर्णतः एक निरंकुश राजतंत्र (Dictatorship) था।|यहाँ का शासन राजतंत्रात्मक न होकर जनतंत्रात्मक/लोकतंत्रात्मक (Democratic) था।|यहाँ पुरोहितों (Priests) का एकछत्र धार्मिक शासन था।|यह एक सैन्य शासन (Military Rule) था।
यहाँ का शासन राजतंत्रात्मक न होकर जनतंत्रात्मक/लोकतंत्रात्मक (Democratic) था।
UPSC,State PCS,All
हंटर और व्हीलर के अनुसार, मोहनजोदड़ो का शासन राजतंत्रात्मक (Monarchical) न होकर जनतंत्रात्मक/लोकतंत्रात्मक (Democratic) था, जिसमें व्यापारिक वर्ग की अहम भूमिका रही होगी।
सूची-I को सूची-II से सुमेलित कीजिए:
सूची-I (हड़प्पाई स्थल)
A. रोपड़
B. रंगपुर
C. कुणाल
D. बनावली
सूची-II (प्राप्त साक्ष्य)
1. धान की भूसी
2. मानव के साथ कुत्ते को दफनाने का साक्ष्य
3. मिट्टी का बना हुआ हल
4. चांदी के दो मुकुट
A-2, B-1, C-4, D-3|A-1, B-2, C-3, D-4|A-2, B-4, C-1, D-3|A-4, B-3, C-2, D-1
A-2, B-1, C-4, D-3
UPPSC,All
रोपड़ से मानव के साथ कुत्ता दफनाने के साक्ष्य मिले हैं। रंगपुर (गुजरात) से धान की भूसी मिली है। कुणाल (हरियाणा) से चांदी के दो मुकुट मिले हैं। बनावली से मिट्टी का हल प्राप्त हुआ है।
सिंधु सभ्यता में शवाधान (Burial practices) के तीन मुख्य तरीकों के प्रमाण मिलते हैं। इनमें से 'कलश शवाधान' (Pot burial) का साक्ष्य मुख्य रूप से कहाँ से प्राप्त हुआ है?
हड़प्पा|लोथल|सुरकोटदा|मोहनजोदड़ो
सुरकोटदा
RO/ARO,All
सुरकोटदा (गुजरात) से कलश शवाधान (शव की अस्थियों को कलश में रखकर दफनाना) और घोड़े की हड्डियां प्राप्त हुई हैं। हड़प्पा से ताबूत और मोहनजोदड़ो से आंशिक/दाह संस्कार के प्रमाण हैं।
कथन (A): 'मेसोपोटामिया की सभ्यता' को विश्व की पहली नगरीय सभ्यता (First Urban Civilization) नहीं माना जाता है।
कारण (R): मेसोपोटामिया की सभ्यता एक ग्रामीण सभ्यता (Rural Civilization) थी, जिसकी अर्थव्यवस्था का मुख्य आधार कृषि था।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है
UPSC,All
विश्व की सबसे पहली सभ्यता मेसोपोटामिया (इराक) थी, लेकिन यह एक ग्रामीण (Rural) सभ्यता थी। विश्व की पहली 'नगरीय (Urban)' सभ्यता सिंधु घाटी सभ्यता थी। अतः दोनों कथन सत्य हैं और (R), (A) की स्पष्ट व्याख्या है।
'मिस्र की सभ्यता' (Egyptian Civilization) के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. इसका विकास नील नदी (Nile River) के किनारे हुआ था।
2. इस सभ्यता में रसायन शास्त्र (Chemistry) अत्यंत सुदृढ़ था।
3. 'गिजा का पिरामिड' (Pyramid of Giza) इसी सभ्यता से संबंधित है।
उपर्युक्त में से कौन-सा/से कथन सत्य है/हैं?
केवल 1 और 2|केवल 2 और 3|केवल 1 और 3|1, 2 और 3
1, 2 और 3
UPPSC,State PCS,All
तीनों कथन सत्य हैं। मिस्र की सभ्यता अफ्रीका के रेगिस्तानों में नील नदी की देन है। पिरामिड बनाने और शवों (ममी) को सुरक्षित रखने के लिए उनका रसायन शास्त्र बहुत उन्नत था।
हड़प्पा सभ्यता के किस नगर का विभाजन 'तीन भागों' (Three parts - दुर्ग, मध्यम नगर और निचला नगर) में किया गया था?
कालीबंगा|धोलावीरा|चन्हूदड़ो|लोथल
धोलावीरा
UPSC,SSC,All
सिंधु सभ्यता के अधिकांश नगर दो भागों (पश्चिमी दुर्ग और पूर्वी निचला नगर) में विभाजित थे, लेकिन गुजरात का 'धोलावीरा' एकमात्र ऐसा नगर है जो तीन भागों में विभाजित था।
कथन (A): हड़प्पा की मुहरों पर गाय (Cow), शेर (Lion) और घोड़े (Horse) का चित्रांकन नहीं मिलता है।
कारण (R): हड़प्पा सभ्यता के लोग गाय, शेर और घोड़े जैसे जानवरों के अस्तित्व से बिल्कुल अपरिचित थे और उन्होंने इन्हें कभी नहीं देखा था।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A सही है, परन्तु R गलत है
UPSC,All
कथन (A) सत्य है कि मुहरों पर इनका चित्र नहीं है। लेकिन कारण (R) गलत है क्योंकि सुरकोटदा से घोड़े की हड्डियाँ मिली हैं, और वे बैल से परिचित थे तो गाय से भी परिचित रहे होंगे। अतः वे अपरिचित नहीं थे, बस उनका मुहरों पर अंकन नहीं है।
'स्पार्टा' (Sparta) सभ्यता के इतिहास से जुड़ी एक प्रसिद्ध घटना के अनुसार, राजा लियोनाइडस के नेतृत्व में स्पार्टा के मात्र 300 सैनिकों ने ग्रीस की कितनी बड़ी सेना को युद्ध में मात दे दी थी?
5,000 सैनिकों को|10,000 सैनिकों को|20,000 सैनिकों को|50,000 सैनिकों को
20,000 सैनिकों को
State PCS,SSC GD,All
दिए गए नोट्स के अनुसार, स्पार्टा अपने बहादुर सैनिकों के लिए विख्यात था। स्पार्टा के मात्र 300 सैनिकों ने लियोनाइडस के नेतृत्व में ग्रीस के 20,000 सैनिकों को मात दे दी थी। (नोट: ऐतिहासिक रूप से उन्होंने फारसी राजा जरक्सीज का सामना किया था)।
सिंधु सभ्यता में कपास (Cotton) के उत्पादन और वस्त्रों के उपयोग के संबंध में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सत्य है?
सिंधु सभ्यता के लोग केवल ऊनी वस्त्र पहनते थे।|कपास का प्रथम उत्पादन चीन की सभ्यता में हुआ, जहाँ से सिंधुवासियों ने इसे सीखा।|सिंधुवासी विश्व में कपास के प्रथम उत्पादक थे, जिसे यूनानियों ने 'सिंडन' कहा।|ये लोग कपास की खेती नहीं करते थे, बल्कि रेशम (Silk) का प्रयोग करते थे।
सिंधुवासी विश्व में कपास के प्रथम उत्पादक थे, जिसे यूनानियों ने 'सिंडन' कहा।
RO/ARO,UPPSC,All
सिंधु घाटी के लोग सूती और ऊनी दोनों वस्त्रों का उपयोग करते थे। वे विश्व में कपास (Cotton) के प्रथम उत्पादक थे, इसी कारण यूनानियों (Greeks) ने कपास को 'सिंडन' (Sindon) का नाम दिया था।
प्राचीन सभ्यताओं और उनके प्रमुख विशेषताओं की सूची-I को सूची-II से सुमेलित कीजिए:
सूची-I
A. बेबीलोन की सभ्यता
B. रोम की सभ्यता
C. फारस की सभ्यता
D. चीन की सभ्यता
सूची-II
1. पारसी धर्म (Zoroastrianism) और सिकंदर का आक्रमण
2. जूलियस सीज़र और ऑगस्टस जैसे प्रतापी राजा
3. पीली नदी की उपजाऊ भूमि
4. झूलता हुआ बगीचा (Hanging Garden)
A-4, B-2, C-1, D-3|A-2, B-4, C-3, D-1|A-4, B-3, C-2, D-1|A-1, B-2, C-3, D-4
A-4, B-2, C-1, D-3
UPPSC,State PCS,All
झूलता बगीचा बेबीलोन में है। रोम की सभ्यता में जूलियस सीज़र थे। फारस की सभ्यता पारसी धर्म को मानती थी जिसे सिकंदर ने नष्ट किया। चीन की सभ्यता पीली नदी (ह्वांगहो) पर स्थित थी।
सिंधु घाटी सभ्यता में 'स्वास्तिक चिह्न' (Swastika) का प्रयोग मुख्य रूप से किस देवता की पूजा के प्रतीक के रूप में माना जाता है?
पशुपति शिव|मातृदेवी|सूर्य|वरुण (जल देवता)
सूर्य
UPSC,SSC,All
मोहनजोदड़ो से प्राप्त मुहरों पर स्वास्तिक चिह्न मिला है, जो कि सिंधु घाटी सभ्यता की देन है। इतिहासकारों के अनुसार, यह चिह्न सूर्य पूजा (Sun worship) का प्रतीक था।
कथन (A): मोहनजोदड़ो से विशाल स्नानागार (Great Bath) प्राप्त हुआ है।
कारण (R): इसका उपयोग संभवतः सार्वजनिक धार्मिक अनुष्ठान या सूर्य पूजा के समय सामूहिक स्नान के लिए किया जाता था।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है
UPSC,All
मोहनजोदड़ो का विशाल स्नानागार सिंधु सभ्यता का एक प्रमुख स्मारक है। इतिहासकार मानते हैं कि इसका उपयोग पवित्र धार्मिक अनुष्ठानों (Ritual bathing) के लिए किया जाता था। अतः दोनों सत्य हैं और (R), (A) की सही व्याख्या है।
सिंधु सभ्यता में मनोरंजन के साधनों के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. यहाँ के लोग मनोरंजन के लिए पासा (Dice) खेलते थे।
2. वे शिकार (Hunting) और चौपड़ खेलना भी पसंद करते थे।
3. मनोरंजन के लिए वे ग्लेडिएटर (Gladiator) की तरह दासों की लड़ाई करवाते थे।
उपर्युक्त में से कौन-से कथन सही हैं?
केवल 1 और 2|केवल 2 और 3|केवल 1 और 3|1, 2 और 3
केवल 1 और 2
UPPSC,State PCS,All
कथन 1 और 2 सत्य हैं। सिंधुवासी शांतिप्रिय लोग थे और मनोरंजन के लिए पासा खेलते थे, चौपड़ खेलते थे, तथा शिकार करते थे। ग्लेडिएटर जैसी खूनी लड़ाइयां रोम की सभ्यता की विशेषता थीं, सिंधु सभ्यता की नहीं।
निम्नलिखित में से किस हड़प्पाई स्थल से एक ईंट पर 'बिल्ली का पीछा करते हुए कुत्ते के पंजों' (Dog chasing a cat) के निशान प्राप्त हुए हैं?
कालीबंगा|चन्हूदड़ो|हड़प्पा|लोथल
चन्हूदड़ो
RO/ARO,SSC GD,All
चन्हूदड़ो (1931, सिंध प्रांत, पाकिस्तान) से कई औद्योगिक साक्ष्य मिले हैं, जिनमें मनका बनाने का कारखाना प्रमुख है। यहीं से एक ईंट पर बिल्ली का पीछा करते कुत्ते के पंजों के निशान भी मिले हैं।
सिंधु सभ्यता के लोग 'पुनर्जन्म' (Rebirth) में विश्वास करते थे। इसका सबसे प्रमुख पुरातात्विक प्रमाण क्या माना जाता है?
पशुपति शिव की मुहरें|अग्निकुंड में दी गई पशु बलि|कब्रों में शवों के साथ दैनिक उपयोग की वस्तुओं और कभी-कभी पालतू जानवरों को दफनाया जाना|विशाल अन्नागार का निर्माण
कब्रों में शवों के साथ दैनिक उपयोग की वस्तुओं और कभी-कभी पालतू जानवरों को दफनाया जाना
UPSC,UPPSC,All
सिंधु सभ्यता के लोग पुनर्जन्म में गहरा विश्वास रखते थे। इसीलिए वे मृत्यु के बाद शवों को दफनाते समय उनके साथ दैनिक जीवन की वस्तुएं (बर्तन, आभूषण, शीशा, पालतू जानवर) भी कब्र में रख देते थे।
निम्नलिखित में से कौन सा शहर 'दुर्ग रहित' (Without Citadel) था, जिसका अर्थ है कि वहाँ संभवतः शासक वर्ग के लिए कोई अलग ऊँचा टीला या किला नहीं था?
हड़प्पा|लोथल|चन्हूदड़ो|मोहनजोदड़ो
चन्हूदड़ो
UPPSC,SSC,All
चन्हूदड़ो सिंधु घाटी सभ्यता का एकमात्र ऐसा प्रमुख शहर है जहाँ से कोई दुर्ग (Citadel) या किला नहीं मिला है। यह मूल रूप से एक औद्योगिक केंद्र (Industrial Town) था।
सिंधु सभ्यता की 'उत्तरी सीमा' और 'दक्षिणी सीमा' क्रमशः किन नदियों के तट पर स्थित थीं?
उत्तरी सीमा- हिंडन नदी, दक्षिणी सीमा- रावी नदी|उत्तरी सीमा- चिनाब नदी, दक्षिणी सीमा- प्रवरा (गोदावरी की सहायक) नदी|उत्तरी सीमा- दासक नदी, दक्षिणी सीमा- भोगवा नदी|उत्तरी सीमा- सिंधु नदी, दक्षिणी सीमा- ताप्ती नदी
उत्तरी सीमा- चिनाब नदी, दक्षिणी सीमा- प्रवरा (गोदावरी की सहायक) नदी
RO/ARO,State PCS,All
सिंधु सभ्यता की उत्तरी सीमा जम्मू-कश्मीर के मांडा में 'चिनाब नदी' के तट पर थी, जबकि इसकी दक्षिणी सीमा महाराष्ट्र के दैमाबाद में 'प्रवरा नदी' (गोदावरी की सहायक नदी) के तट पर स्थित थी।
सिंधु घाटी सभ्यता की अर्थव्यवस्था और व्यापार के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. इस सभ्यता का व्यापार मुख्य रूप से वस्तु-विनिमय प्रणाली (Barter System) पर आधारित था।
2. व्यापार के लिए सोने और चांदी के सिक्कों (Coins) का व्यापक रूप से प्रयोग किया जाता था।
3. इनका अंतर्राष्ट्रीय व्यापार फारस (Persia) और मेसोपोटामिया तक फैला हुआ था।
उपर्युक्त में से कौन-सा/से कथन सत्य है/हैं?
केवल 1 और 2|केवल 2 और 3|केवल 1 और 3|1, 2 और 3
केवल 1 और 3
UPSC,UPPSC,All
कथन 2 असत्य है क्योंकि सिंधु घाटी सभ्यता में मुद्रा या सिक्कों (Coins) का प्रचलन नहीं था। व्यापार पूरी तरह से वस्तु-विनिमय (Barter System) पर आधारित था। लोथल से प्राप्त फारस की मुहरें विदेशी व्यापार की पुष्टि करती हैं।
सूची-I को सूची-II से सुमेलित कीजिए तथा नीचे दिए गए कूट का प्रयोग कर सही उत्तर चुनिए:
सूची-I (हड़प्पाई स्थल)
A. हड़प्पा
B. मोहनजोदड़ो
C. लोथल
D. कालीबंगा
सूची-II (नदी)
1. सिंधु नदी
2. रावी नदी
3. घग्घर नदी
4. भोगवा नदी
A-2, B-1, C-4, D-3|A-1, B-2, C-3, D-4|A-2, B-4, C-1, D-3|A-4, B-3, C-2, D-1
A-2, B-1, C-4, D-3
RO/ARO,State PCS,All
हड़प्पा रावी नदी के तट पर, मोहनजोदड़ो सिंधु नदी के तट पर, लोथल भोगवा नदी के तट पर और कालीबंगा घग्घर (प्राचीन सरस्वती) नदी के तट पर स्थित था।
कथन (A): हड़प्पा की लिपि को 'बौस्ट्रोफेडन' (Boustrophedon) कहा जाता है, जिसे आज तक कोई पढ़ नहीं सका है।
कारण (R): इस लिपि को लिखने का तरीका अनूठा था, जिसमें पहली पंक्ति दाएँ से बाएँ (Right to Left) और दूसरी पंक्ति बाएँ से दाएँ (Left to Right) लिखी जाती थी।
नीचे दिए गए कूट से सही उत्तर चुनें:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है
UPSC,All
दोनों कथन पूर्णतः सत्य हैं। हड़प्पाई लिपि भावचित्रात्मक (Pictographic) थी। इसकी 'बौस्ट्रोफेडन' पद्धति का अर्थ ही यही है कि इसे सर्पिलाकार रूप में (दाएँ से बाएँ, फिर बाएँ से दाएँ) लिखा जाता था, जो इसे पढ़ने में कठिन बनाता है।
निम्नलिखित में से कौन सा साक्ष्य मोहनजोदड़ो (Mohenjo-Daro) से प्राप्त **नहीं** हुआ है?
विशाल स्नानागार (Great Bath)|पुरोहित आवास (Priest's residence) और सूती वस्त्र|जुते हुए खेत के साक्ष्य (Ploughed field)|कांसे की नर्तकी और पशुपति शिव की मुहर
जुते हुए खेत के साक्ष्य (Ploughed field)
UPPSC,SSC,All
जुते हुए खेत के साक्ष्य और अलंकृत ईंटें राजस्थान के 'कालीबंगा' से प्राप्त हुए हैं, न कि मोहनजोदड़ो से। मोहनजोदड़ो से विशाल स्नानागार, अन्नागार, कांसे की नर्तकी आदि मिले हैं।
हड़प्पा सभ्यता में शवाधान (Burial) प्रथाओं के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. हड़प्पा में शवों को ताबूत में दफनाने (Burial) की प्रथा थी।
2. मोहनजोदड़ो में शवों को जलाने (Cremation) की प्रथा थी।
3. लोथल में युगल शवाधान (Double Burial) के साक्ष्य मिले हैं, जो सती प्रथा का प्रारंभिक रूप हो सकता है।
उपर्युक्त में से कौन-से कथन सत्य हैं?
केवल 1 और 2|केवल 2 और 3|केवल 1 और 3|1, 2 और 3
1, 2 और 3
UPSC,State PCS,All
तीनों कथन सत्य हैं। अलग-अलग शहरों में अंतिम संस्कार के अलग तरीके थे। हड़प्पा में R-37 कब्रिस्तान मिला है, मोहनजोदड़ो में जलाने की प्रथा थी, और लोथल व कालीबंगा से युगल शवाधान मिले हैं।
कथन (A): सिंधु घाटी सभ्यता में मंदिरों (Temples) या किसी विशिष्ट पूजा स्थल के स्पष्ट अवशेष नहीं मिलते हैं।
कारण (R): सिंधु घाटी के लोग प्रकृति पूजक थे तथा वे वृक्ष (पीपल), पशु (कूबड़ वाला सांड) और मातृदेवी की मूर्तियों की पूजा खुले में या अपने घरों में करते थे।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है
UPSC,RO/ARO,All
सिंधु सभ्यता में मेसोपोटामिया (जिगुरात) की तरह कोई मंदिर नहीं मिला है। इसका मुख्य कारण यह था कि वे प्रकृति और मूर्तियों (मातृदेवी, पशुपति) की पूजा करते थे जिसके लिए विशाल मंदिरों की आवश्यकता नहीं थी।
सिंधु सभ्यता के पतन के संदर्भ में 'आर्यों के आक्रमण' (Aryan Invasion) का सिद्धांत निम्नलिखित में से किन विद्वानों ने प्रस्तुत किया था?
जॉन मार्शल और एस.आर. राव|गार्डन चाइल्ड और मार्टिमर व्हीलर|ऑरेल स्टीन और अमलानंद घोष|के.यू.आर. कनेडी
गार्डन चाइल्ड और मार्टिमर व्हीलर
UPPSC,All
गार्डन चाइल्ड और मार्टिमर व्हीलर ने माना था कि सिंधु सभ्यता का पतन बाह्य आक्रमण (मुख्यतः आर्यों के आक्रमण) के कारण हुआ। मोहनजोदड़ो में मिले कंकालों के ढेर को उन्होंने इसी का प्रमाण माना था।
सूची-I को सूची-II से सुमेलित कीजिए:
सूची-I (प्राचीन सभ्यता)
A. मेसोपोटामिया की सभ्यता
B. मिस्र की सभ्यता
C. रोम की सभ्यता
D. चीन की सभ्यता
सूची-II (नदी / स्थान)
1. भूमध्य सागर (इटली)
2. पीली नदी (ह्वांगहो)
3. दजला-फरात (Tigris-Euphrates) नदियां
4. नील नदी (Nile)
A-3, B-4, C-1, D-2|A-4, B-3, C-2, D-1|A-3, B-1, C-4, D-2|A-2, B-4, C-1, D-3
A-3, B-4, C-1, D-2
UPSC,SSC,All
मेसोपोटामिया इराक में दजला-फरात नदियों के बीच पनपी। मिस्र नील नदी के किनारे। रोम की सभ्यता ने भूमध्य सागर पर अधिकार किया था। चीन की सभ्यता पीली नदी (ह्वांगहो) के किनारे विकसित हुई।
हड़प्पाकालीन नगरों के विभाजन के संदर्भ में, निम्नलिखित में से कौन-सा नगर सामान्य दो भागों (दुर्ग और निचला नगर) के बजाय 'तीन भागों' (Three parts) में विभाजित था?
कालीबंगा|धोलावीरा|चन्हूदड़ो|लोथल
धोलावीरा
UPPSC,State PCS,All
गुजरात स्थित 'धोलावीरा' सिंधु सभ्यता का एकमात्र ऐसा प्रमुख नगर है जो तीन भागों (दुर्ग/Citadel, मध्यम नगर/Middle town, और निचला नगर/Lower town) में विभाजित था।
सिंधु सभ्यता में प्राप्त मुहरों (Seals) के निर्माण में सर्वाधिक किस सामग्री का उपयोग किया गया था?
कांसा (Bronze)|तांबा (Copper)|सेलखड़ी (Steatite)|पक्की मिट्टी (Terracotta)
सेलखड़ी (Steatite)
RO/ARO,SSC GD,All
सिंधु घाटी सभ्यता में व्यापारिक और प्रशासनिक कार्यों के लिए मुहरों (Seals) का प्रयोग होता था। इन मुहरों का निर्माण मुख्य रूप से 'सेलखड़ी' (Steatite - एक प्रकार का मुलायम पत्थर) से किया जाता था।
कथन (A): चन्हूदड़ो (1931) सिंधु सभ्यता का एकमात्र ऐसा शहर है जो 'दुर्ग रहित' (Without Citadel) था।
कारण (R): चन्हूदड़ो एक औद्योगिक केंद्र (Industrial Town) था, जहाँ मनका बनाने, लिपस्टिक और अन्य शृंगार सामग्री के साक्ष्य मिले हैं।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है
UPSC,All
चन्हूदड़ो में कोई दुर्ग (Citadel) नहीं मिला है, जिसका कारण यह माना जाता है कि यह एक विशुद्ध औद्योगिक शहर था जहाँ संभवतः शिल्पकार और कारीगर रहते थे, इसलिए वहाँ शासक वर्ग के लिए ऊंचे दुर्ग की आवश्यकता नहीं थी।
निम्नलिखित में से किस हड़प्पाई स्थल से मानव के साथ कुत्ते (Dog) को दफनाने के साक्ष्य मिले हैं, जो नवपाषाण काल के 'बुर्जहोम' (कश्मीर) की याद दिलाते हैं?
लोथल|रोपड़|कालीबंगा|धोलावीरा
रोपड़
UPPSC,State PCS,All
रोपड़ (पंजाब) सतलज नदी के किनारे स्थित है। इसकी खुदाई यज्ञदत्त शर्मा (1953) ने की थी। यहाँ से मानव के साथ उसके पालतू जानवर (कुत्ते) को दफनाने का साक्ष्य मिला है।
'मेसोपोटामिया की सभ्यता' के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार करें:
1. यह इराक में विकसित हुई विश्व की सबसे पहली सभ्यता थी।
2. मेसोपोटामिया की सभ्यता को चार भागों में बाँटा गया था, जिनमें बेबीलोन की सभ्यता भी शामिल है।
3. यह एक अत्यंत विकसित नगरीय (Urban) सभ्यता थी।
उपर्युक्त में से कौन-से कथन सही हैं?
केवल 1 और 2|केवल 2 और 3|केवल 1 और 3|1, 2 और 3
केवल 1 और 2
UPSC,RO/ARO,All
कथन 3 असत्य है क्योंकि मेसोपोटामिया विश्व की पहली सभ्यता थी, लेकिन यह एक ग्रामीण (Rural) सभ्यता थी। विश्व की पहली नगरीय सभ्यता सिंधु घाटी सभ्यता थी। मेसोपोटामिया के 4 भाग थे: सुमेरियन, बेबीलोन, असीरिया, कैल्ड्रिया।
सूची-I को सूची-II से सुमेलित कीजिए:
सूची-I (हड़प्पाई स्थल)
A. मांडा
B. दैमाबाद
C. आलमगीरपुर
D. सुत्कागेंडोर
सूची-II (वर्तमान राज्य / देश)
1. महाराष्ट्र
2. उत्तर प्रदेश
3. जम्मू-कश्मीर
4. बलूचिस्तान (पाकिस्तान)
A-3, B-1, C-2, D-4|A-1, B-3, C-4, D-2|A-3, B-4, C-1, D-2|A-4, B-1, C-2, D-3
A-3, B-1, C-2, D-4
UPSC,UPPSC,All
यह सिंधु सभ्यता की सीमाएँ हैं: उत्तरी सीमा मांडा (जम्मू-कश्मीर), दक्षिणी सीमा दैमाबाद (महाराष्ट्र), पूर्वी सीमा आलमगीरपुर (उत्तर प्रदेश), और पश्चिमी सीमा सुत्कागेंडोर (पाकिस्तान) में स्थित हैं।
कथन (A): सिंधु घाटी के लोग लोहे (Iron) धातु से पूर्णतः अपरिचित थे।
कारण (R): सिंधु घाटी सभ्यता एक कांस्य युगीन (Bronze Age) सभ्यता थी, जहाँ तांबे और टिन को मिलाकर कांसे का निर्माण किया जाता था।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है
UPSC,State PCS,All
दोनों कथन स्वतंत्र रूप से बिल्कुल सही हैं। वे कांसे का प्रयोग करते थे, यह सही है, लेकिन यह इस बात का कारण नहीं है कि वे लोहे से अपरिचित क्यों थे (लोहे की खोज ही बहुत बाद में लगभग 1000 ई.पू. में उत्तर वैदिक काल में हुई थी)।
हड़प्पा सभ्यता के किस स्थल से 'जल निकासी प्रणाली' (Drainage system) का पूर्ण अभाव देखने को मिलता है, जिसके कारण वहाँ घरों में सोख्ता (Soak pits) बनाए गए थे?
धोलावीरा|बनावली|कालीबंगा|लोथल
बनावली
RO/ARO,SSC,All
बनावली (हरियाणा) में जल निकासी की व्यवस्था नहीं थी, जिसके कारण घरों में सोख्ता गड्ढे मिले हैं। यहाँ की सड़कें भी अन्य नगरों की तरह सीधी न होकर टेढ़ी-मेढ़ी (Star Shaped) थीं। यहाँ से मिट्टी का हल भी मिला है।
विश्व की प्राचीन सभ्यताओं के संदर्भ में, 'पारसी धर्म' (Zoroastrianism) को मानने वाले और सिकंदर (Alexander) के आक्रमण से समाप्त होने वाली सभ्यता कौन सी थी?
मिस्र की सभ्यता|फारस (Persia) की सभ्यता|रोम की सभ्यता|स्पार्टा की सभ्यता
फारस (Persia) की सभ्यता
UPPSC,SSC GD,All
फारस की सभ्यता (500 ई.पू.) वर्तमान ईरान में विकसित हुई थी। यहाँ के लोग पारसी धर्म को मानते थे। सिकंदर (Alexander the Great) ने आक्रमण करके इस धर्म और सभ्यता का अंत कर दिया था।
सिंधु सभ्यता में प्राप्त पशुपति शिव की मुहर (Pashupati Seal) पर किन जानवरों का अंकन मिलता है?
हाथी, गैंडा, बाघ, भैंसा और हिरण|गाय, शेर, घोड़ा, गैंडा और हिरण|ऊंट, हाथी, बाघ, शेर और बैल|बैल, गाय, कुत्ता, बाघ और गैंडा
हाथी, गैंडा, बाघ, भैंसा और हिरण
UPSC,All
मोहनजोदड़ो से प्राप्त पशुपति शिव की मुहर के दाईं ओर हाथी और बाघ, बाईं ओर गैंडा और भैंसा, तथा आसन के नीचे दो हिरण बैठे हुए दिखाए गए हैं। इसमें गाय, शेर और घोड़े का अंकन नहीं है।
कथन (A): हड़प्पा की खुदाई में मिले विशाल स्नानागार का प्रयोग संभवतः दैनिक स्नान के लिए किया जाता था।
कारण (R): यह सिंधु सभ्यता की सबसे बड़ी इमारत (भवन) थी।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A और R दोनों गलत हैं
A और R दोनों गलत हैं
UPSC,All
कथन (A) गलत है क्योंकि विशाल स्नानागार का प्रयोग दैनिक स्नान के लिए नहीं, बल्कि विशेष धार्मिक अनुष्ठानों (Ritual bathing) के लिए होता था। कारण (R) भी गलत है क्योंकि सिंधु सभ्यता की सबसे बड़ी इमारत 'अन्नागार' (Granary) थी, न कि स्नानागार।
निम्नलिखित में से किस इतिहासकार ने हड़प्पा और मोहनजोदड़ो को 'एक विस्तृत साम्राज्य की जुड़वां राजधानी' (Twin Capitals) कहा था?
स्टुअर्ट पिगॉट|जॉन मार्शल|अलेक्जेंडर कनिंघम|गार्डन चाइल्ड
स्टुअर्ट पिगॉट
UPPSC,State PCS,All
इतिहासकार स्टुअर्ट पिगॉट (Stuart Piggott) ने हड़प्पा और मोहनजोदड़ो की नगर नियोजन, वास्तुकला और प्रशासनिक समरूपता को देखते हुए उन्हें एक विस्तृत साम्राज्य की "जुड़वां राजधानी" कहा था।
सूची-I (उत्खननकर्ता) को सूची-II (हड़प्पाई स्थल) से सुमेलित कीजिए:
सूची-I
A. दयाराम साहनी
B. राखालदास बनर्जी
C. बी.बी. लाल एवं बी.के. थापर
D. एस.आर. राव (रंगनाथ राव)
सूची-II
1. लोथल
2. कालीबंगा
3. मोहनजोदड़ो
4. हड़प्पा
A-4, B-3, C-2, D-1|A-3, B-4, C-1, D-2|A-4, B-2, C-3, D-1|A-1, B-3, C-2, D-4
A-4, B-3, C-2, D-1
RO/ARO,All
दयाराम साहनी ने हड़प्पा (1921), राखालदास बनर्जी ने मोहनजोदड़ो (1922), बी.बी. लाल व बी.के. थापर ने कालीबंगा (1961), और एस.आर. राव ने लोथल (1955) की खुदाई की थी।
सिंधु सभ्यता में कृषि और समाज के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सत्य **नहीं** है?
सिंधुवासी कपास के प्रथम उत्पादक थे, जिसे यूनानियों ने 'सिंडन' कहा।|ये लोग लोहे के हलों (Iron ploughs) का प्रयोग करके गहरी जुताई करते थे।|इनका समाज मातृसत्तात्मक (Matriarchal) था।|ये लोग शाकाहारी और मांसाहारी दोनों प्रकार का भोजन करते थे।
ये लोग लोहे के हलों (Iron ploughs) का प्रयोग करके गहरी जुताई करते थे।
UPSC,UPPSC,All
सिंधु सभ्यता के लोग लोहे से पूर्णतः अपरिचित थे। वे खेती के लिए लकड़ी के हलों का प्रयोग करते थे। बनावली (हरियाणा) से मिट्टी का बना हुआ हल (मॉडल) प्राप्त हुआ है जो इस बात की पुष्टि करता है।
ग्रीस (यूनान) की सभ्यता के संदर्भ में, वह कौन सा शासक था जिसके नेतृत्व में स्पार्टा के मात्र 300 सैनिकों ने 20,000 सैनिकों की विशाल सेना का बहादुरी से सामना किया था?
जूलियस सीज़र|लियोनाइडस (Leonidas)|ऑगस्टस|सिकंदर महान
लियोनाइडस (Leonidas)
SSC,State PCS,All
लियोनाइडस (Leonidas) स्पार्टा का राजा था। उसके नेतृत्व में स्पार्टा के 300 सैनिकों ने फारसी राजा जरक्सीज की विशाल सेना का डटकर मुकाबला किया था। यह ग्रीस की सभ्यता के सैन्य कौशल का प्रतीक है।
कथन (A): कालीबंगा का शाब्दिक अर्थ 'काली मिट्टी की चूड़ी' होता है।
कारण (R): यहाँ से अलंकृत ईंटें, अग्निकुंड और जुते हुए खेत के साक्ष्य प्राप्त हुए हैं।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है
UPSC,All
दोनों कथन पूर्णतः सत्य हैं। कालीबंगा का अर्थ और वहाँ से प्राप्त साक्ष्य दोनों सही हैं, लेकिन कारण (R), कथन (A) के शाब्दिक अर्थ की कोई तार्किक व्याख्या नहीं करता है। दोनों स्वतंत्र तथ्य हैं।
प्राचीन मिस्र की सभ्यता (Egyptian Civilization) के राजाओं को क्या कहा जाता था, जिनके नेतृत्व में पिरामिडों का निर्माण हुआ?
सुल्तान|सीज़र|फिरौन (Pharaoh)|खलीफा
फिरौन (Pharaoh)
SSC GD,All
मिस्र की सभ्यता का विकास 'फिरौन' (Pharaoh) के नेतृत्व में हुआ था। फिरौन प्राचीन मिस्र के राजाओं की उपाधि थी। इन्हीं के शासनकाल में गिजा का पिरामिड और ममी (Mummies) बनाने की कला विकसित हुई।
सिंधु घाटी सभ्यता की जानकारी और पुरातात्विक उत्खनन के क्रम के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. इस सभ्यता की सर्वप्रथम जानकारी 1826 ई. में चार्ल्स मैसन ने दी थी।
2. 1853 ई. में अलेक्जेंडर कनिंघम ने इस सभ्यता का पहला सर्वेक्षण किया था।
3. 1904 ई. में लॉर्ड डलहौजी के समय पुरातत्व विभाग की स्थापना हुई जिसके महानिदेशक जॉन मार्शल बने।
उपर्युक्त में से कौन-सा/से कथन सत्य है/हैं?
केवल 1 और 2|केवल 2 और 3|केवल 1 और 3|1, 2 और 3
केवल 1 और 2
UPSC,UPPSC,All
कथन 3 असत्य है क्योंकि 1904 ई. में पुरातत्व विभाग की स्थापना 'लॉर्ड कर्जन' (Lord Curzon) के समय में हुई थी, न कि लॉर्ड डलहौजी के समय। कथन 1 और 2 पूर्णतः सत्य हैं। जॉन मार्शल के निर्देश पर ही दयाराम साहनी ने 1921 में खुदाई की थी।
सूची-I (विद्वान) को सूची-II (सिंधु सभ्यता के पतन का कारण) से सुमेलित कीजिए:
सूची-I
A. जॉन मार्शल, मैके एवं एस.आर. राव
B. ऑरेल स्टीन एवं अमलानंद घोष
C. गार्डन चाइल्ड एवं व्हीलर
D. के.यू.आर. कनेडी
सूची-II
1. बाह्य एवं आर्यों का आक्रमण
2. प्राकृतिक आपदा (महामारी/मलेरिया)
3. जलवायु परिवर्तन
4. भयंकर बाढ़
A-4, B-3, C-1, D-2|A-3, B-4, C-2, D-1|A-4, B-2, C-1, D-3|A-1, B-3, C-4, D-2
A-4, B-3, C-1, D-2
UPSC,RO/ARO,All
सिंधु सभ्यता के पतन के लिए जॉन मार्शल व मैके ने बाढ़, ऑरेल स्टीन व अमलानंद घोष ने जलवायु परिवर्तन, चाइल्ड व व्हीलर ने आर्यों का आक्रमण, और कनेडी ने महामारी (प्राकृतिक आपदा) को उत्तरदायी माना है।
कथन (A): कालीबंगा (राजस्थान) को इतिहास में अक्सर 'दीन-हीन की बस्ती' (Poor settlement) भी कहा जाता है।
कारण (R): कालीबंगा के भवनों का निर्माण मुख्य रूप से कच्ची ईंटों (Sun-dried bricks) से किया गया था, जबकि अन्य हड़प्पाई शहरों में पक्की ईंटों का प्रयोग होता था।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है
UPSC,State PCS,All
दोनों कथन सत्य हैं और (R), (A) की सही व्याख्या है। कालीबंगा में भवनों का निर्माण कच्ची ईंटों से हुआ था, जिस कारण यह अन्य समृद्ध हड़प्पाई नगरों की तुलना में कम विकसित प्रतीत होता है। इसीलिए इसे 'दीन-हीन की बस्ती' कहा गया।
कालीबंगा से प्राप्त कृषि साक्ष्यों के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. यहाँ से 'जुते हुए खेत' (Ploughed field) के साक्ष्य प्राप्त हुए हैं।
2. यहाँ एक ही खेत में दो फसलें (जैसे- चना और सरसों) एक साथ उगाने के प्रमाण मिले हैं।
3. कृषि कार्यों के लिए लोहे से बने फाल (Iron ploughshare) का प्रयोग किया जाता था।
उपर्युक्त में से कौन-से कथन सत्य हैं?
केवल 1 और 2|केवल 2 और 3|केवल 1 और 3|1, 2 और 3
केवल 1 और 2
UPPSC,SSC,All
कथन 3 असत्य है क्योंकि हड़प्पावासी लोहे से पूर्णतः अपरिचित थे। वे जुताई के लिए लकड़ी के हल का प्रयोग करते थे। कालीबंगा से जुते हुए खेत और मिश्रित खेती (एक साथ दो फसलें) के प्रमाण मिले हैं।
निम्नलिखित में से किस हड़प्पाई स्थल को 'औद्योगिक शहर' (Industrial City) माना जाता है, जहाँ से महिलाओं के शृंगार की सामग्रियां जैसे लिपस्टिक, शीशा और मनका बनाने के कारखाने मिले हैं?
हड़प्पा|लोथल|चन्हूदड़ो|बनावली
चन्हूदड़ो
RO/ARO,SSC GD,All
चन्हूदड़ो (1931, गोपाल मजूमदार) सिंधु नदी के तट पर स्थित एकमात्र 'दुर्ग रहित' (Without Citadel) औद्योगिक शहर था। यहाँ से लिपस्टिक, शीशा, गुड़िया, सुई-धागा और मनका (Beads) बनाने के कारखाने मिले हैं।
सिंधु सभ्यता में प्रचलित 'शवाधान' (Burial practices) के विभिन्न प्रकारों और उनके प्राप्ति स्थलों का कौन सा युग्म **गलत** सुमेलित है?
R-37 कब्रिस्तान (लकड़ी का ताबूत) - हड़प्पा|युगल शवाधान (Double Burial) - लोथल|कलश शवाधान (Pot Burial) - सुरकोटदा|पूर्ण दाह संस्कार (Cremation) - कालीबंगा
पूर्ण दाह संस्कार (Cremation) - कालीबंगा
UPSC,UPPSC,All
कालीबंगा से युगल शवाधान का एक प्रमाण और कब्रें मिली हैं। 'पूर्ण दाह संस्कार' (शवों को जलाने की प्रथा) मुख्य रूप से 'मोहनजोदड़ो' में प्रचलित थी, जहाँ से कंकालों का ढेर मिला है लेकिन कोई व्यवस्थित कब्रिस्तान नहीं मिला।
कथन (A): सिंधु सभ्यता की मुहरों (Seals) पर गाय (Cow), शेर (Lion) और घोड़े (Horse) का चित्रांकन नहीं मिला है।
कारण (R): सिंधु सभ्यता के लोग शांतिप्रिय थे और वे केवल शाकाहारी जानवरों को ही पालते थे, इसलिए मुहरों पर हिंसक या अपरिचित जानवरों के चित्र नहीं उकेरे गए।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A सही है, परन्तु R गलत है
UPSC,State PCS,All
कथन (A) सत्य है कि मुहरों पर गाय, शेर और घोड़े का चित्र नहीं है (सबसे ज्यादा एकश्रृंगी पशु का चित्र है)। परंतु कारण (R) पूर्णतः गलत है क्योंकि वे बाघ (Tiger) जैसे हिंसक जानवर से परिचित थे और उसका चित्र पशुपति मुहर पर है। साथ ही, वे शाकाहारी और मांसाहारी दोनों थे।
विश्व की प्राचीन सभ्यताओं और उनके प्रमुख विशेषताओं की सूची-I को सूची-II से सुमेलित कीजिए:
सूची-I
A. मेसोपोटामिया की सभ्यता
B. रोम की सभ्यता
C. मिस्र की सभ्यता
D. स्पार्टा की सभ्यता
सूची-II
1. ममी (Mummies) और उन्नत रसायन शास्त्र
2. 300 सैनिकों का अप्रतिम शौर्य (लियोनाइडस)
3. पहली ग्रामीण सभ्यता (दजला-फरात नदियां)
4. भूमध्यसागर पर अधिकार और जूलियस सीज़र
A-3, B-4, C-1, D-2|A-4, B-3, C-2, D-1|A-3, B-1, C-4, D-2|A-1, B-4, C-3, D-2
A-3, B-4, C-1, D-2
UPPSC,SSC,All
मेसोपोटामिया विश्व की पहली ग्रामीण सभ्यता थी। रोम की सभ्यता ने भूमध्यसागर पर राज किया। मिस्र अपनी ममी और रसायन विद्या के लिए प्रसिद्ध था। स्पार्टा अपने 300 बहादुर सैनिकों के लिए विख्यात था।
सिंधु सभ्यता में नगर नियोजन (Town Planning) के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. सिंधु घाटी के नगरों में सड़कें एक-दूसरे को समकोण (Right angles) पर काटती थीं, जिसे 'ग्रिड पद्धति' (Grid system) कहा जाता है।
2. जल निकासी (Drainage) व्यवस्था अत्यंत उन्नत थी और नालियां ईंटों से ढकी होती थीं।
3. बनावली (हरियाणा) एकमात्र ऐसा शहर था जहाँ सड़कों का निर्माण गोल (Circular) आकार में हुआ था।
उपर्युक्त में से कौन-से कथन सही हैं?
केवल 1 और 2|केवल 2 और 3|केवल 1 और 3|1, 2 और 3
केवल 1 और 2
UPSC,RO/ARO,All
कथन 3 असत्य है क्योंकि बनावली में सड़कें गोल नहीं, बल्कि 'टेढ़ी-मेढ़ी' (Star Shaped) थीं। इसके अलावा, बनावली में जल निकासी व्यवस्था का पूर्ण अभाव था और वहाँ सोख्ता गड्ढे मिले हैं।
मोहनजोदड़ो से प्राप्त 'पशुपति शिव' की मुहर के संदर्भ में, दाईं और बाईं ओर उत्कीर्ण जानवरों का कौन सा संयोजन (Combination) सही है?
दाईं ओर- हाथी व बाघ; बाईं ओर- गैंडा व भैंसा|दाईं ओर- गैंडा व भैंसा; बाईं ओर- हाथी व बाघ|दाईं ओर- शेर व गाय; बाईं ओर- घोड़ा व कुत्ता|दाईं ओर- एकश्रृंगी पशु व बाघ; बाईं ओर- हाथी व भैंसा
दाईं ओर- हाथी व बाघ; बाईं ओर- गैंडा व भैंसा
UPSC,State PCS,All
मोहनजोदड़ो से प्राप्त मुहर में पशुपति शिव (आद्य शिव) को योग मुद्रा में दिखाया गया है। उनके दाईं ओर (Right side) हाथी और बाघ, जबकि बाईं ओर (Left side) गैंडा और भैंसा उत्कीर्ण हैं। आसन के नीचे दो हिरण हैं।
कथन (A): हड़प्पा की मुहरों और टेराकोटा कलाकृतियों पर 'एक सींग वाले जानवर' (Unicorn) का अंकन सर्वाधिक मिलता है।
कारण (R): यह जानवर सिंधु घाटी सभ्यता के लोगों का 'परमपूज्य पशु' था, जिसकी वे धार्मिक रूप से सर्वाधिक आराधना करते थे।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A सही है, परन्तु R गलत है
UPSC,UPPSC,All
कथन (A) सत्य है कि मुहरों पर सर्वाधिक चित्र एकश्रृंगी पशु के हैं। परंतु कारण (R) गलत है क्योंकि नोट्स के अनुसार सिंधु सभ्यता के लोगों का 'परमपूज्य पशु' (Sacred animal) 'कूबड़ वाला सांड' (Humped Bull / वृषभ) था, न कि एकश्रृंगी पशु।
सिंधु सभ्यता में किस स्थान से 'चांदी के दो मुकुट' (Two Silver Crowns) प्राप्त हुए हैं?
धोलावीरा|कुणाल|सुरकोटदा|राखीगढ़ी
कुणाल
RO/ARO,SSC,All
हरियाणा के फतेहाबाद जिले में स्थित 'कुणाल' (Kunal) नामक पुरास्थल से उत्खनन के दौरान चांदी के दो मुकुट प्राप्त हुए हैं।
हड़प्पा सभ्यता के किस नगर के घरों के दरवाज़े और खिड़कियाँ सुरक्षा या धूल से बचने के लिए पीछे की गली में न खुलकर, व्यापारिक सुविधा के कारण मुख्य सड़क (Main Road) की ओर खुलते थे?
हड़प्पा|चन्हूदड़ो|लोथल|कालीबंगा
लोथल
UPPSC,State PCS,All
लोथल (गुजरात) भोगवा नदी के तट पर स्थित एक प्रमुख बंदरगाह (Dockyard) और व्यापारिक शहर था। व्यापारिक माल की लोडिंग/अनलोडिंग की सुविधा के लिए यहाँ के घरों के दरवाज़े मुख्य सड़क की ओर खुलते थे।
प्राचीन 'फारस की सभ्यता' (Persian Civilization) के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. इसका विकास वर्तमान ईरान (Iran) के क्षेत्र में हुआ था।
2. यहाँ के निवासी 'पारसी धर्म' (Zoroastrianism) को मानते थे।
3. इस सभ्यता का विनाश यूनानी आक्रमणकारी 'सिकंदर' (Alexander) ने कर दिया था।
उपर्युक्त में से कौन-से कथन सत्य हैं?
केवल 1 और 2|केवल 2 और 3|केवल 1 और 3|1, 2 और 3
1, 2 और 3
UPSC,SSC GD,All
तीनों कथन सत्य हैं। फारस की सभ्यता (500 ई.पू.) ईरान में पनपी थी। इनका धर्म पारसी था। सिकंदर महान (Alexander) ने फारसी साम्राज्य को हराकर इस सभ्यता का अंत कर दिया था।
सूची-I को सूची-II से सुमेलित कीजिए:
सूची-I (हड़प्पाई साक्ष्य)
A. विशाल स्नानागार एवं अन्नागार
B. गोदीबाड़ा (बंदरगाह) एवं फारस की मुहर
C. मिट्टी का बना हुआ हल
D. घोड़े की हड्डियां (अस्थियां)
सूची-II (प्राप्ति स्थल)
1. सुरकोटदा
2. बनावली
3. मोहनजोदड़ो
4. लोथल
A-3, B-4, C-2, D-1|A-4, B-3, C-1, D-2|A-3, B-2, C-4, D-1|A-2, B-4, C-3, D-1
A-3, B-4, C-2, D-1
UPPSC,RO/ARO,All
विशाल स्नानागार/अन्नागार- मोहनजोदड़ो, गोदीबाड़ा (बंदरगाह)- लोथल, मिट्टी का हल- बनावली, और घोड़े की हड्डियां- सुरकोटदा (गुजरात) से प्राप्त हुई हैं।
कथन (A): आईआईटी खड़गपुर (IIT Kharagpur) के हालिया शोध के अनुसार सिंधु सभ्यता के पतन का प्रमुख कारण आर्यों का आक्रमण नहीं, बल्कि 'जलवायु परिवर्तन' (Climate Change / Drought) था।
कारण (R): शोधकर्ताओं को साक्ष्य मिले हैं कि इस क्षेत्र में लगभग 900 वर्षों तक वर्षा में भारी कमी आई थी, जिससे सूखा पड़ा और सभ्यता का पतन हो गया।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है
UPSC,Current History,All
आईआईटी खड़गपुर और पुरातत्वविदों के नवीनतम उत्खनन/शोध के अनुसार, सिंधु सभ्यता के पतन का सबसे बड़ा कारण लगभग 900 वर्षों तक पड़ा भयानक सूखा (निरंतर वर्षा में कमी) था। अतः कारण, कथन की सही व्याख्या है।
सिंधु सभ्यता की 'लिपि' (Harappan Script) के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा तथ्य सबसे सटीक है?
इसे जेम्स प्रिंसेप द्वारा 1837 में सफलतापूर्वक पढ़ लिया गया था।|यह एक ध्वन्यात्मक (Phonetic) लिपि थी, जिसमें 52 अक्षर थे।|यह एक भावचित्रात्मक (Pictographic) लिपि थी, जिसे 'बौस्ट्रोफेडन' पद्धति (दाएं से बाएं, फिर बाएं से दाएं) में लिखा जाता था।|इसमें सर्वाधिक प्रयोग शेर और घोड़े के चित्रों का हुआ है।
यह एक भावचित्रात्मक (Pictographic) लिपि थी, जिसे 'बौस्ट्रोफेडन' पद्धति (दाएं से बाएं, फिर बाएं से दाएं) में लिखा जाता था。
UPSC,State PCS,All
हड़प्पा लिपि भावचित्रात्मक थी और अब तक अपठनीय है (जेम्स प्रिंसेप ने अशोक की ब्राह्मी लिपि पढ़ी थी)। इसे बौस्ट्रोफेडन तरीके से लिखा जाता था और इसमें सबसे ज्यादा 'U' आकार और 'मछली' के चित्र हैं।
विश्व की प्रथम 'नगरीय सभ्यता' (Urban Civilization) होने का गौरव किस सभ्यता को प्राप्त है?
मेसोपोटामिया की सभ्यता|मिस्र की सभ्यता|सिंधु घाटी की सभ्यता|रोम की सभ्यता
सिंधु घाटी की सभ्यता
SSC,All
यद्यपि विश्व की सबसे पहली सभ्यता 'मेसोपोटामिया' थी, लेकिन वह एक ग्रामीण सभ्यता थी। विश्व की पहली 'नगरीय सभ्यता' (Urban Civilization) सिंधु घाटी सभ्यता थी, जहाँ पक्की ईंटों के घर और ग्रिड प्रणाली वाली सड़कें थीं।
हड़प्पा (1921) के उत्खनन से प्राप्त साक्ष्यों में निम्नलिखित में से क्या शामिल **नहीं** है?
कुम्हार का चाक और लकड़ी की ओखली|लकड़ी का ताबूत और R-37 कब्रिस्तान|हाथी का कपाल और स्वास्तिक चिह्न|विशाल स्नानागार और सूती वस्त्र
विशाल स्नानागार और सूती वस्त्र
UPPSC,RO/ARO,All
विशाल स्नानागार, सूती वस्त्र, कांसे की नर्तकी और पशुपति की मुहर 'मोहनजोदड़ो' से प्राप्त हुए हैं, न कि हड़प्पा से। अन्य सभी विकल्प हड़प्पा से प्राप्त साक्ष्य हैं।
कथन (A): प्राचीन चीन की सभ्यता (Chinese Civilization) को 'पीली नदी की सभ्यता' भी कहा जाता है।
कारण (R): यह सभ्यता 'ह्वांगहो' (Hwang Ho) नदी के तट पर विकसित हुई थी, जिसका जल पीला है और यह क्षेत्र अत्यंत उपजाऊ भूमि के लिए प्रसिद्ध था।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है
UPSC,State PCS,All
चीन की सभ्यता (5000 ई.पू.) ह्वांगहो नदी के तट पर विकसित हुई। ह्वांगहो नदी को 'पीली नदी' (Yellow River) कहा जाता है। इसकी घाटी अपनी अत्यधिक उपजाऊ भूमि के लिए विख्यात थी।
सिंधु सभ्यता में प्रयुक्त 'माप-तौल' (Weights and Measures) प्रणाली के संदर्भ में कौन-सा कथन सत्य है?
यहाँ बाट बनाने के लिए मुख्यतः लोहे और तांबे का प्रयोग होता था।|तौल की इकाई 10 के गुणक (Decimal system) में होती थी।|मापतौल के लिए न्यूनतम बाट 16 किलोग्राम का था, और तौल 16 के अनुपात (16 के गुणक) में होती थी।|इनके पास वजन नापने की कोई प्रणाली नहीं थी, वे केवल वस्तुओं की गिनती करते थे।
मापतौल के लिए न्यूनतम बाट 16 किलोग्राम का था, और तौल 16 के अनुपात (16 के गुणक) में होती थी।
UPSC,SSC,All
सिंधु सभ्यता में मापतौल की विकसित प्रणाली थी (साक्ष्य लोथल से मिले हैं)। यहाँ न्यूनतम बाट 16 kg का था और तौल की इकाई मुख्य रूप से 16 के गुणक (16, 32, 64...) में होती थी।
निम्नलिखित में से किस प्राचीन सभ्यता की वास्तुकला की सबसे बड़ी विशेषता उनके 'जिगुरात' (Ziggurat) नामक मंदिर/पूजा स्थल थे?
मिस्र की सभ्यता|मेसोपोटामिया की सभ्यता|रोम की सभ्यता|सिंधु घाटी की सभ्यता
मेसोपोटामिया की सभ्यता
UPPSC,RO/ARO,All
मेसोपोटामिया की सभ्यता (इराक) के लोग अपने पूजा स्थलों या मंदिरों को 'जिगुरात' (Ziggurat) कहते थे। (नोट: मिस्र में पिरामिड थे, और सिंधु सभ्यता में कोई स्पष्ट मंदिर नहीं मिला है)।
सिंधु सभ्यता के लोगों के धार्मिक विश्वासों के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. वे 'पुनर्जन्म' (Rebirth) में विश्वास करते थे।
2. वे भूत-प्रेत और जादू-टोने में विश्वास करते थे, जिसके निवारण के लिए 'ताबीज' (Amulets) पहनते थे।
3. वे मातृदेवी की पूजा करते थे, जो उनके समाज के 'पितृसत्तात्मक' (Patriarchal) होने का प्रमाण है।
उपर्युक्त में से कौन-से कथन सत्य हैं?
केवल 1 और 2|केवल 2 और 3|केवल 1 और 3|1, 2 और 3
केवल 1 और 2
UPSC,State PCS,All
कथन 3 असत्य है। सिंधुवासी मातृदेवी की पूजा करते थे, जो उनके समाज के 'मातृसत्तात्मक' (Matriarchal) होने का प्रमाण है, पितृसत्तात्मक नहीं। कथन 1 और 2 पूर्णतः सत्य हैं (कब्रों में वस्तुएं रखना पुनर्जन्म का और ताबीज पहनना जादू-टोने में विश्वास का प्रतीक है)।
कथन (A): मोहनजोदड़ो से कोई भी व्यवस्थित कब्रिस्तान (Graveyard) प्राप्त नहीं हुआ है, बल्कि एक ही स्थान पर कंकालों का ढेर (Mass of skeletons) मिला है।
कारण (R): जॉन मार्शल और अन्य विद्वानों के अनुसार, यह कंकालों का ढेर किसी भयानक बाह्य आक्रमण (Foreign Invasion) या नरसंहार को दर्शाता है।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है
UPSC,All
मोहनजोदड़ो (शाब्दिक अर्थ: मृतकों का टीला) से हड़प्पा के R-37 जैसा कोई व्यवस्थित कब्रिस्तान नहीं मिला। यहाँ से प्राप्त कंकालों का बिखरा हुआ ढेर बाह्य आक्रमण (मुख्यतः आर्य आक्रमण थ्योरी) को प्रमाणित करता है।
मेसोपोटामिया की सभ्यता के अंतर्गत 'झूलता हुआ बगीचा' (Hanging Gardens) किस विशिष्ट सभ्यता/नगर की देन माना जाता है?
सुमेरियन की सभ्यता|असीरिया (सीरिया) की सभ्यता|बेबीलोन की सभ्यता|कैल्ड्रिया की सभ्यता
बेबीलोन की सभ्यता
SSC GD,UPPSC,All
मेसोपोटामिया की सभ्यता 4 भागों में विभाजित थी। इनमें से 'बेबीलोन की सभ्यता' (Babylonian Civilization) प्राचीन विश्व के सात अजूबों में शामिल अपने 'झूलते हुए बगीचे' (Hanging Gardens of Babylon) के लिए विश्वविख्यात है।
सिंधु घाटी सभ्यता के स्थलों और उनके समीप स्थित नदियों की सूची-I को सूची-II से सुमेलित कीजिए:
सूची-I (स्थल)
A. बनावली
B. रोपड़
C. लोथल
D. कालीबंगा
सूची-II (नदी)
1. सतलज नदी
2. रंगोई नदी
3. घग्घर (सरस्वती) नदी
4. भोगवा नदी
A-2, B-1, C-4, D-3|A-1, B-2, C-3, D-4|A-2, B-4, C-1, D-3|A-4, B-3, C-2, D-1
A-2, B-1, C-4, D-3
UPPSC,RO/ARO,All
बनावली (हरियाणा) रंगोई नदी के समीप, रोपड़ (पंजाब) सतलज नदी के किनारे, लोथल (गुजरात) भोगवा नदी के तट पर, और कालीबंगा (राजस्थान) घग्घर नदी के किनारे स्थित है।
कथन (A): हड़प्पा और मोहनजोदड़ो में शासक वर्ग के निवास के लिए नगर के पश्चिमी भाग में ऊँचे दुर्ग (Citadel) बनाए गए थे।
कारण (R): चन्हूदड़ो (1931) सिंधु सभ्यता का एकमात्र ऐसा प्रमुख शहर है जहाँ से कोई दुर्ग प्राप्त नहीं हुआ है (दुर्ग रहित)।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है
UPSC,All
दोनों कथन पूर्णतः सत्य हैं। हड़प्पा के अधिकांश नगरों में पश्चिमी भाग में दुर्ग होते थे, और चन्हूदड़ो एकमात्र अपवाद है जो दुर्ग रहित था। लेकिन चन्हूदड़ो का दुर्ग रहित होना, हड़प्पा/मोहनजोदड़ो में दुर्ग होने का कारण या व्याख्या नहीं है।
सिंधु सभ्यता के किस पुरातात्विक स्थल से 'कलश शवाधान' (शव की अस्थियों को कलश में रखकर दफनाना), घोड़े की हड्डियाँ और एक 'छोटे बंदरगाह' (Small port) के साक्ष्य प्राप्त हुए हैं?
लोथल|सुरकोटदा|धोलावीरा|रंगपुर
सुरकोटदा
UPSC,UPPSC,All
सुरकोटदा (गुजरात) से घोड़े की अस्थियों और कलश शवाधान के विशिष्ट साक्ष्य मिले हैं। नोट्स के अनुसार, इसे सिंधु सभ्यता का एक छोटा बंदरगाह भी माना जाता था। (लोथल मुख्य गोदीबाड़ा था)।
हड़प्पा सभ्यता के पतन के संदर्भ में विभिन्न विद्वानों के मतों पर विचार कीजिए:
1. ऑरेल स्टीन और अमलानंद घोष के अनुसार पतन का कारण 'जलवायु परिवर्तन' था।
2. जॉन मार्शल के अनुसार पतन का कारण 'प्रशासनिक शिथिलता' और 'बाढ़' था।
3. गार्डन चाइल्ड के अनुसार पतन का कारण 'प्राकृतिक आपदा (महामारी)' था।
उपर्युक्त में से कौन-से कथन सत्य हैं?
केवल 1 और 2|केवल 2 और 3|केवल 1 और 3|1, 2 और 3
केवल 1 और 2
UPSC,State PCS,All
कथन 3 असत्य है क्योंकि गार्डन चाइल्ड और व्हीलर ने 'बाह्य एवं आर्यों के आक्रमण' को पतन का कारण माना था। 'प्राकृतिक आपदा (महामारी)' का सिद्धांत के.यू.आर. कनेडी ने दिया था।
सूची-I को सूची-II से सुमेलित कीजिए:
सूची-I (हड़प्पाई स्थल)
A. हड़प्पा
B. लोथल
C. बनावली
D. कालीबंगा
सूची-II (विशिष्ट साक्ष्य)
1. टेढ़ी-मेढ़ी सड़कें और मिट्टी का हल
2. अग्निकुंड और अलंकृत ईंटें
3. R-37 कब्रिस्तान और लकड़ी का ताबूत
4. फारस की मुहर और युगल शवाधान
A-3, B-4, C-1, D-2|A-4, B-3, C-2, D-1|A-3, B-1, C-4, D-2|A-2, B-4, C-1, D-3
A-3, B-4, C-1, D-2
RO/ARO,SSC,All
हड़प्पा से R-37, लोथल से फारस की मुहर व गोदीबाड़ा, बनावली से मिट्टी का हल व जल-निकासी का अभाव (टेढ़ी सड़कें), और कालीबंगा से अग्निकुंड व अलंकृत ईंटें मिली हैं।
कथन (A): मेसोपोटामिया की सभ्यता विश्व की सबसे पहली सभ्यता थी, लेकिन इसे विश्व की 'प्रथम नगरीय सभ्यता' (First Urban Civilization) नहीं माना जाता।
कारण (R): मेसोपोटामिया की सभ्यता की अर्थव्यवस्था का मुख्य आधार कृषि था और यह मूलतः एक 'ग्रामीण सभ्यता' (Rural Civilization) थी।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है
UPSC,All
दजला-फरात नदियों के बीच विकसित मेसोपोटामिया (इराक) विश्व की पहली सभ्यता थी, जो ग्रामीण थी। विश्व की पहली 'नगरीय सभ्यता' का दर्जा सिंधु घाटी सभ्यता को प्राप्त है। अतः कारण (R), कथन (A) की स्पष्ट व्याख्या है।
प्राचीन सभ्यताओं के प्रमुख शासकों और उनके क्षेत्रों के संदर्भ में कौन-सा युग्म **गलत** सुमेलित है?
जूलियस सीज़र - रोम की सभ्यता|फिरौन (Pharaoh) - मिस्र की सभ्यता|लियोनाइडस (Leonidas) - स्पार्टा (ग्रीस की सभ्यता)|सिकंदर (Alexander) - चीन की सभ्यता
सिकंदर (Alexander) - चीन की सभ्यता
UPPSC,SSC GD,All
सिकंदर (Alexander the Great) का संबंध 'मकदूनिया' (Macedonia/ग्रीस) से था, चीन की सभ्यता से नहीं। सिकंदर ने फारस की सभ्यता पर आक्रमण कर उसका अंत किया था।
सिंधु सभ्यता में धातुओं के ज्ञान और उपयोग के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. सिंधुवासी तांबे और टिन को मिलाकर कांसा (Bronze) बनाना जानते थे।
2. ये लोग सोने (Gold) और चांदी (Silver) के आभूषणों का भी प्रयोग करते थे (कुणाल से चांदी के मुकुट मिले हैं)।
3. कृषि कार्यों और युद्ध के लिए ये लोहे (Iron) के हथियारों का व्यापक प्रयोग करते थे।
उपर्युक्त में से कौन-से कथन सत्य हैं?
केवल 1 और 2|केवल 2 और 3|केवल 1 और 3|1, 2 और 3
केवल 1 और 2
UPSC,State PCS,All
कथन 3 पूर्णतः असत्य है क्योंकि सिंधु घाटी सभ्यता के लोग 'लोहे' (Iron) से बिल्कुल अपरिचित थे। उनके हथियार और उपकरण मुख्य रूप से तांबे, कांसे और पत्थर के बने होते थे।
निम्नलिखित में से किस हड़प्पाई शहर को तीन भागों (दुर्ग, मध्य नगर और निचला नगर) में विभाजित किया गया था, और जहाँ से एक बड़े 'स्टेडियम' (खेल का मैदान) के साक्ष्य मिले हैं?
हड़प्पा|धोलावीरा|मोहनजोदड़ो|कालीबंगा
धोलावीरा
RO/ARO,SSC,All
धोलावीरा (गुजरात) की खुदाई जे.पी. जोशी और आर.एस. बिष्ट ने की थी। यह भारत में सिंधु सभ्यता का दूसरा सबसे बड़ा स्थल है। यह एकमात्र ऐसा नगर है जो तीन भागों में बंटा था और यहाँ से स्टेडियम व उन्नत जल-प्रबंधन के साक्ष्य मिले हैं।
कथन (A): सिंधु घाटी सभ्यता का समाज मूलतः पितृसत्तात्मक (Patriarchal) था।
कारण (R): सिंधु घाटी के नगरों से बड़ी संख्या में मातृदेवी (Mother Goddess) की मृण्मूर्तियां (मिट्टी की मूर्तियां) प्राप्त हुई हैं।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A गलत है, परन्तु R सही है
UPSC,UPPSC,All
कथन (A) गलत है क्योंकि उत्खनन में भारी मात्रा में मातृदेवी की मूर्तियां मिलने के कारण इतिहासकारों ने सिंधु समाज को 'मातृसत्तात्मक' (Matriarchal) माना है, पितृसत्तात्मक नहीं। कारण (R) सत्य तथ्य है।
सूची-I को सूची-II से सुमेलित कीजिए:
सूची-I (प्राचीन सभ्यता)
A. बेबीलोन की सभ्यता
B. फारस की सभ्यता
C. रोम की सभ्यता
D. मिस्र की सभ्यता
सूची-II (विशेषता / संबंधित तथ्य)
1. रसायन शास्त्र का ज्ञान और ममी (Mummy)
2. झूलता हुआ बगीचा (Hanging Garden)
3. पारसी धर्म और सिकंदर द्वारा अंत
4. भूमध्यसागर पर अधिकार
A-2, B-3, C-4, D-1|A-1, B-2, C-3, D-4|A-2, B-4, C-1, D-3|A-3, B-1, C-4, D-2
A-2, B-3, C-4, D-1
UPPSC,State PCS,All
बेबीलोन (झूलता बगीचा), फारस (पारसी धर्म, वर्तमान ईरान), रोम (भूमध्यसागर पर अधिकार, इटली), और मिस्र (नील नदी, रसायन शास्त्र, पिरामिड व ममी) सही सुमेलन है।
सिंधु सभ्यता में कपास (Cotton) की खेती के साक्ष्य मिले हैं। कपास के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त है?
कपास का सर्वप्रथम उत्पादन मेसोपोटामिया में हुआ था जहाँ से यह भारत आया।|सिंधुवासी विश्व में कपास के प्रथम उत्पादक थे, जिसे यूनानियों ने 'सिंडन' (Sindon) कहा।|कपास का प्रयोग केवल व्यापार के लिए होता था, सिंधुवासी स्वयं केवल ऊनी वस्त्र पहनते थे।|कपास के साक्ष्य मुख्य रूप से रंगपुर से प्राप्त 'धान की भूसी' के साथ मिले हैं।
सिंधुवासी विश्व में कपास के प्रथम उत्पादक थे, जिसे यूनानियों ने 'सिंडन' (Sindon) कहा。
UPSC,RO/ARO,All
सिंधु सभ्यता के लोग विश्व में कपास (Cotton) उगाने वाले प्रथम लोग थे। सूती वस्त्रों का साक्ष्य मोहनजोदड़ो से मिला है। यूनानियों ने सिंधु शब्द के आधार पर कपास को 'सिंडन' नाम दिया था।
हड़प्पा लिपि (Harappan Script) के बारे में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. यह लिपि भावचित्रात्मक (Pictographic) है।
2. इसमें लगभग 64 मूल चिह्न (Root signs) हैं।
3. यह लिपि 'बौस्ट्रोफेडन' (Boustrophedon) पद्धति में लिखी गई है (पहली पंक्ति दाएं से बाएं, दूसरी बाएं से दाएं)।
4. जेम्स प्रिंसेप ने 1837 में इसे पढ़ने में सफलता प्राप्त की थी।
उपर्युक्त में से कौन-से कथन सत्य हैं?
1, 2 और 3|2, 3 और 4|1, 3 और 4|1, 2, 3 और 4
1, 2 और 3
UPSC,State PCS,All
कथन 4 असत्य है। हड़प्पा लिपि को आज तक कोई नहीं पढ़ सका है। जेम्स प्रिंसेप ने 1837 में मौर्य सम्राट अशोक के अभिलेखों की 'ब्राह्मी लिपि' (Brahmi script) को पढ़ा था।
कथन (A): सिंधु सभ्यता में 'मुहरों' (Seals) का बहुत महत्व था और इन पर सर्वाधिक चित्रांकन 'एक सींग वाले जानवर' (Unicorn) का मिला है।
कारण (R): सिंधु सभ्यता में व्यापार मुख्य रूप से सोने और चांदी की मुहरों (सिक्कों) द्वारा किया जाता था।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A सही है, परन्तु R गलत है
UPSC,All
कथन (A) सत्य है, लेकिन कारण (R) पूर्णतः गलत है। सिंधु सभ्यता में व्यापार 'वस्तु-विनिमय प्रणाली' (Barter System) पर आधारित था। वहाँ कोई मुद्रा/सिक्के (Coins) प्रचलित नहीं थे। मुहरें (Seals) मुख्य रूप से सेलखड़ी (Steatite) की बनी होती थीं और पहचान या मोहरबंदी के लिए प्रयुक्त होती थीं।
निम्नलिखित में से किस हड़प्पाई स्थल से 'मानव के साथ कुत्ते को दफनाने' (Burial of a dog with human) के साक्ष्य प्राप्त हुए हैं?
हड़प्पा|रोपड़|बनावली|राखीगढ़ी
रोपड़
UPPSC,SSC,All
रोपड़ (पंजाब) सतलज नदी के किनारे स्थित है। इसकी खुदाई 1953 में यज्ञदत्त शर्मा ने की थी। यहाँ मानव के साथ उसके पालतू जानवर (कुत्ते) का साक्ष्य मिला है, जो नवपाषाण काल के 'बुर्जहोम' जैसा है।
सूची-I को सूची-II से सुमेलित कीजिए:
सूची-I (हड़प्पाई नगर)
A. मोहनजोदड़ो
B. लोथल
C. बनावली
D. कालीबंगा
सूची-II (शाब्दिक अर्थ / विशेषता)
1. मृतकों का टीला (Mound of dead)
2. काली मिट्टी की चूड़ी
3. बंदरगाह और दरवाजों का मुख्य सड़क पर खुलना
4. टेढ़ी-मेढ़ी सड़कें व जल निकासी का अभाव
A-1, B-3, C-4, D-2|A-2, B-4, C-1, D-3|A-1, B-4, C-3, D-2|A-3, B-1, C-2, D-4
A-1, B-3, C-4, D-2
RO/ARO,All
मोहनजोदड़ो का अर्थ 'मृतकों का टीला' है। लोथल बंदरगाह था। बनावली में जल निकासी का अभाव था। कालीबंगा का अर्थ 'काली मिट्टी की चूड़ी' है।
सिंधु सभ्यता में प्राप्त 'स्वास्तिक चिह्न' (Swastika) के संदर्भ में इतिहासकारों का क्या मत है?
यह आर्यों द्वारा मध्य एशिया से लाया गया था।|यह मेसोपोटामिया की मुहरों की नकल है।|यह सिंधु घाटी सभ्यता की देन है और संभवतः सूर्य पूजा (Sun Worship) का प्रतीक था।|यह चिह्न व्यापारिक जहाजों की दिशा तय करने के लिए प्रयुक्त होता था।
यह सिंधु घाटी सभ्यता की देन है और संभवतः सूर्य पूजा (Sun Worship) का प्रतीक था।
UPSC,State PCS,All
हड़प्पा/मोहनजोदड़ो की मुहरों पर प्राप्त 'स्वास्तिक चिह्न' सिंधु घाटी सभ्यता की ही देन माना जाता है। इतिहासकार इसे प्रकृति पूजा के अंतर्गत 'सूर्य पूजा' का प्रतीक मानते हैं।
कथन (A): मोहनजोदड़ो से विशाल स्नानागार और विशाल अन्नागार प्राप्त हुए हैं, जिनमें अन्नागार सिंधु सभ्यता का सबसे बड़ा भवन था।
कारण (R): अन्नागारों का निर्माण नदियों के किनारे किया जाता था ताकि जलमार्ग से कर (Tax) के रूप में वसूले गए अनाज का परिवहन आसान हो और आपातकाल में काम आ सके।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है
UPSC,All
विशाल अन्नागार (Granary) हड़प्पा और मोहनजोदड़ो दोनों जगह मिले हैं जो नदियों के समीप थे। इनका मुख्य उद्देश्य अनाज का सुरक्षित भंडारण था जिसे संभवतः कर के रूप में एकत्र किया जाता था। दोनों कथन सत्य हैं और (R) व्याख्या करता है।
प्राचीन यूनान (ग्रीस) की सभ्यता का वह कौन सा सैन्य नगर था, जिसके सैनिकों के शौर्य की मिसाल दी जाती है (विशेषकर 300 सैनिकों की बहादुरी)?
एथेंस (Athens)|बेबीलोन (Babylon)|स्पार्टा (Sparta)|मैसेडोनिया (Macedonia)
स्पार्टा (Sparta)
SSC,All
स्पार्टा ग्रीस के पास का एक छोटा सा क्षेत्र था जो अपने बहादुर सैनिकों के लिए विख्यात था। यहाँ के राजा लियोनाइडस के नेतृत्व में मात्र 300 स्पार्टन सैनिकों ने 20,000 की विशाल सेना का सामना किया था।
सिंधु सभ्यता में कृषि और भोजन के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. यहाँ की मुख्य फसलें गेहूं (Wheat) और जौ (Barley) थीं।
2. ये लोग शाकाहारी और मांसाहारी दोनों प्रकार का भोजन करते थे।
3. गुजरात के रंगपुर से धान (चावल) की भूसी प्राप्त हुई है।
उपर्युक्त में से कौन-से कथन सत्य हैं?
केवल 1 और 2|केवल 2 और 3|केवल 1 और 3|1, 2 और 3
1, 2 और 3
UPSC,UPPSC,All
तीनों कथन सत्य हैं। सिंधुवासियों की मुख्य फसलें गेहूं और जौ थीं, लेकिन वे कपास (प्रथम उत्पादक), राई, मटर, तिल, सरसों आदि भी उगाते थे। रंगपुर से धान की भूसी मिली है। वे मांसाहारी व शाकाहारी दोनों थे।
सूची-I (हड़प्पाई स्थल) को सूची-II (वर्तमान राज्य/स्थिति) से सुमेलित कीजिए:
सूची-I
A. राखीगढ़ी
B. सुरकोटदा
C. आलमगीरपुर
D. मांडा
सूची-II
1. मेरठ (उत्तर प्रदेश)
2. कच्छ (गुजरात)
3. हिसार (हरियाणा)
4. अखनूर (जम्मू-कश्मीर)
A-3, B-2, C-1, D-4|A-2, B-3, C-4, D-1|A-3, B-1, C-4, D-2|A-4, B-2, C-1, D-3
A-3, B-2, C-1, D-4
UPPSC,State PCS,All
राखीगढ़ी (हरियाणा - भारत में सबसे बड़ा स्थल), सुरकोटदा (गुजरात), आलमगीरपुर (उ.प्र. - पूर्वी सीमा हिंडन नदी), और मांडा (जम्मू-कश्मीर - उत्तरी सीमा चिनाब नदी) सही सुमेलन है।
कथन (A): चन्हूदड़ो (1931) से पूर्व-हड़प्पाकालीन संस्कृति 'झूकर-झांगर' (Jhukar-Jhangar) के अवशेष मिलते हैं।
कारण (R): चन्हूदड़ो एक औद्योगिक केंद्र था, जहाँ मनका (Bead) बनाने के कारखाने और एक ईंट पर बिल्ली का पीछा करते कुत्ते के पंजों के निशान प्राप्त हुए हैं।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है
UPSC,All
दोनों कथन स्वतंत्र रूप से बिल्कुल सत्य हैं। चन्हूदड़ो से झूकर-झांगर संस्कृति मिली है और यह एक औद्योगिक केंद्र था (मनका, लिपस्टिक आदि के लिए)। परन्तु कारण (R), कथन (A) का स्पष्टीकरण नहीं है।
निम्नलिखित में से किस प्राचीन सभ्यता को 'नील नदी का वरदान' (Gift of the Nile) कहा जाता है, जहाँ 'रसायन शास्त्र' (Chemistry) अत्यंत सुदृढ़ था?
मेसोपोटामिया की सभ्यता|चीन की सभ्यता|मिस्र की सभ्यता|फारस की सभ्यता
मिस्र की सभ्यता
RO/ARO,SSC GD,All
मिस्र की सभ्यता (Egypt Civilization) नील नदी के किनारे विकसित हुई। यहाँ के लोग शवों को संरक्षित करने के लिए रसायन का लेप लगाते थे (ममी), जो उनके उन्नत रसायन शास्त्र का प्रमाण है।
सिंधु सभ्यता में माप-तौल (Weights and Measures) के लिए उपयोग किए जाने वाले बाट (Weights) मुख्य रूप से किस अनुपात/गुणक में होते थे?
10 के गुणक में (10, 20, 100)|12 के गुणक में (12, 24, 48)|16 के गुणक में (16, 32, 64)|20 के गुणक में (20, 40, 80)
16 के गुणक में (16, 32, 64)
UPPSC,State PCS,All
सिंधु सभ्यता में माप-तौल की विकसित प्रणाली थी। इनका न्यूनतम बाट 16 किलोग्राम का था, और तौल की इकाइयां 16 के अनुपात (Multiples of 16) में ही होती थीं।
मोहनजोदड़ो से प्राप्त पशुपति शिव की मुहर पर निम्नलिखित में से किन पशुओं का अंकन **नहीं** किया गया है?
हाथी और बाघ|गैंडा और भैंसा|गाय और घोड़ा|हिरण (आसन के नीचे)
गाय और घोड़ा
UPSC,All
पशुपति शिव की मुहर पर दाईं ओर हाथी व बाघ, बाईं ओर गैंडा व भैंसा तथा नीचे दो हिरण हैं। सिंधु सभ्यता की किसी भी मुहर पर गाय, शेर या घोड़े का अंकन नहीं मिला है।
सिंधु घाटी सभ्यता की उत्पत्ति और विकास के संदर्भ में, रेडियो कार्बन (C-14) विश्लेषण पद्धति के आधार पर इसकी सर्वाधिक मान्य तिथि क्या मानी गई है?
3250 ई.पू. से 2750 ई.पू.|2500 ई.पू. से 1750 ई.पू.|2000 ई.पू. से 1500 ई.पू.|1750 ई.पू. से 1000 ई.पू.
2500 ई.पू. से 1750 ई.पू.
UPSC,UPPSC,All
रेडियो कार्बन (C-14) जैसी नवीन और प्रामाणिक विश्लेषण पद्धति के अनुसार सिंधु सभ्यता की सर्वमान्य तिथि 2500 ई.पू. से 1750 ई.पू. मानी गई है।
कथन (A): हड़प्पा सभ्यता के नगरों का विन्यास 'ग्रिड पद्धति' (Grid System) पर आधारित था, जिसमें सड़कें एक-दूसरे को समकोण पर काटती थीं।
कारण (R): बनावली (हरियाणा) के नगर विन्यास में सड़कें टेढ़ी-मेढ़ी (Star Shaped) थीं और वहाँ जल निकासी व्यवस्था का अभाव था।
नीचे दिए गए कूट से सही उत्तर चुनें:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है
UPSC,State PCS,All
दोनों कथन स्वतंत्र रूप से बिल्कुल सत्य हैं। सिंधु सभ्यता अपनी ग्रिड पद्धति वाली सड़कों के लिए प्रसिद्ध थी, जबकि बनावली इसका एक प्रमुख अपवाद था। हालाँकि, बनावली की स्थिति सिंधु सभ्यता की ग्रिड पद्धति का कारण या व्याख्या नहीं है।
सिंधु सभ्यता में कृषि के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. यहाँ की मुख्य फसलें गेहूं और जौ थीं।
2. यहाँ के लोग कृषि के लिए लोहे के हल (Iron plough) का प्रयोग करते थे।
3. लोथल और रंगपुर से धान (चावल) की भूसी प्राप्त हुई है, जो धान की खेती का प्रमाण है।
उपर्युक्त में से कौन-से कथन सत्य हैं?
केवल 1 और 2|केवल 2 और 3|केवल 1 और 3|1, 2 और 3
केवल 1 और 3
UPSC,RO/ARO,All
कथन 2 पूर्णतः असत्य है। सिंधु घाटी सभ्यता कांस्य युगीन थी और लोग लोहे से अनजान थे। वे लकड़ी के हल का प्रयोग करते थे (बनावली से मिट्टी का हल मिला है)। कथन 1 और 3 सही हैं।
सूची-I को सूची-II से सुमेलित कीजिए:
सूची-I (हड़प्पाई साक्ष्य)
A. कांसे की नर्तकी की मूर्ति
B. लकड़ी का ताबूत (Coffin)
C. गोदीबाड़ा (बंदरगाह)
D. जुते हुए खेत का साक्ष्य
सूची-II (प्राप्ति स्थल)
1. हड़प्पा
2. लोथल
3. मोहनजोदड़ो
4. कालीबंगा
A-3, B-1, C-2, D-4|A-1, B-3, C-4, D-2|A-4, B-2, C-1, D-3|A-3, B-4, C-2, D-1
A-3, B-1, C-2, D-4
UPPSC,SSC,All
कांसे की नर्तकी (लुप्त मोम विधि से निर्मित) मोहनजोदड़ो से, लकड़ी का ताबूत और R-37 कब्रिस्तान हड़प्पा से, गोदीबाड़ा लोथल से, और जुते हुए खेत कालीबंगा से प्राप्त हुए हैं।
मेसोपोटामिया की सभ्यता के संदर्भ में, 'दजला' (Tigris) और 'फरात' (Euphrates) नदियों के मध्य विकसित इस सभ्यता की सबसे बड़ी विशेषता क्या थी?
यह विश्व की सबसे पहली नगरीय (Urban) सभ्यता थी।|यहाँ के लोगों ने सर्वप्रथम कपास की खेती शुरू की थी।|यह विश्व की सबसे पहली सभ्यता थी, जो मूलतः ग्रामीण (Rural) थी।|यहाँ के निवासियों को लोहे (Iron) का व्यापक ज्ञान था।
यह विश्व की सबसे पहली सभ्यता थी, जो मूलतः ग्रामीण (Rural) थी।
UPSC,State PCS,All
मेसोपोटामिया (इराक) विश्व की सबसे पहली (प्राचीनतम) सभ्यता थी (10,000 ई.पू.), लेकिन यह एक ग्रामीण सभ्यता थी। विश्व की पहली 'नगरीय' सभ्यता सिंधु घाटी सभ्यता थी। कपास की खेती भी सबसे पहले सिंधुवासियों ने की थी।
कथन (A): हड़प्पा की मुहरों पर सर्वाधिक चित्रांकन 'एक सींग वाले जानवर' (एकश्रृंगी पशु / Unicorn) का मिलता है।
कारण (R): सिंधु घाटी सभ्यता के समाज में पशुपति शिव, मातृदेवी और कूबड़ वाले सांड (वृषभ) को परमपूज्य माना जाता था।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है
UPSC,UPPSC,All
दोनों कथन बिल्कुल सत्य हैं। मुहरों पर एक सींग वाला जानवर सबसे अधिक है, जबकि वास्तविक पूज्य पशु कूबड़ वाला सांड था। हालाँकि, दोनों तथ्य स्वतंत्र हैं और एक-दूसरे की व्याख्या नहीं करते।
निम्नलिखित में से किस इतिहासकार / पुरातत्वविद ने मोहनजोदड़ो (1922) की खुदाई का नेतृत्व किया था?
दयाराम साहनी|राखालदास बनर्जी|अमलानंद घोष|गोपाल मजूमदार
राखालदास बनर्जी
RO/ARO,SSC GD,All
मोहनजोदड़ो (सिंध प्रांत, पाकिस्तान) की खोज और खुदाई 1922 ई. में राखालदास बनर्जी द्वारा की गई थी। हड़प्पा की खुदाई दयाराम साहनी (1921) ने की थी।
सिंधु घाटी सभ्यता के किस पुरास्थल से 'हाथी का कपाल' (Elephant skull) प्राप्त हुआ है?
मोहनजोदड़ो|हड़प्पा|लोथल|सुरकोटदा
हड़प्पा
UPPSC,State PCS,All
हड़प्पा के उत्खनन से कुम्हार का चाक, अन्नागार, श्रमिक आवास, मातृदेवी की मूर्ति, लकड़ी की ओखली, ताबूत, R-37 कब्रिस्तान, और हाथी का कपाल प्राप्त हुआ है।
प्राचीन सभ्यताओं और उनके प्रसिद्ध स्मारकों/विशेषताओं का कौन-सा युग्म **गलत** सुमेलित है?
मिस्र की सभ्यता - गिजा का पिरामिड|मेसोपोटामिया (बेबीलोन) - झूलता हुआ बगीचा|रोम की सभ्यता - जूलियस सीज़र|फारस की सभ्यता - स्पार्टा के 300 सैनिक
फारस की सभ्यता - स्पार्टा के 300 सैनिक
UPSC,SSC,All
स्पार्टा के 300 सैनिकों का संबंध 'ग्रीस (यूनान) की सभ्यता' से है, न कि फारस की सभ्यता से। स्पार्टन सैनिकों (लियोनाइडस) ने फारस के राजा जरक्सीज की सेना का ही सामना किया था।
सिंधु सभ्यता के लोगों की लिपि (Harappan Script) के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. यह लिपि भावचित्रात्मक (Pictographic) थी।
2. इसे लिखने की शैली 'बौस्ट्रोफेडन' (Boustrophedon) कहलाती है।
3. इस लिपि के सर्वाधिक अक्षर 'U' आकार के हैं तथा मछली (Fish) का चित्र सबसे अधिक प्रयुक्त हुआ है।
4. इसे 1920 के दशक में ब्रिटिश पुरातत्वविदों द्वारा सफलतापूर्वक पढ़ लिया गया था।
उपर्युक्त में से कौन-से कथन सही हैं?
1, 2 और 3|2, 3 और 4|1, 3 और 4|1, 2, 3 और 4
1, 2 और 3
UPSC,UPPSC,All
कथन 4 गलत है। सिंधु घाटी सभ्यता की भावचित्रात्मक लिपि को आज तक कोई भी विद्वान पढ़ने में सफल नहीं हो सका है। इसी कारण इसे 'आद्य-ऐतिहासिक काल' (Proto-Historic) में रखा गया है।
कथन (A): हड़प्पाकालीन समाज को 'मातृसत्तात्मक' (Matriarchal) समाज माना जाता है।
कारण (R): हड़प्पा और मोहनजोदड़ो के उत्खनन से भारी मात्रा में मातृदेवी (Mother Goddess) की मिट्टी की मूर्तियां (टेराकोटा) प्राप्त हुई हैं।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है
UPSC,All
दोनों कथन सत्य हैं। चूंकि उत्खनन में सबसे अधिक मूर्तियां स्त्रियों (मातृदेवी) की मिली हैं, इसलिए इतिहासकारों ने यह निष्कर्ष निकाला है कि सिंधु सभ्यता का समाज पितृसत्तात्मक न होकर मातृसत्तात्मक था।
सिंधु सभ्यता में शवाधान (Burial) के अलग-अलग तरीके प्रचलित थे। 'युगल शवाधान' (Double Burial - एक साथ दो शवों को दफनाना) के साक्ष्य मुख्य रूप से कहाँ से प्राप्त हुए हैं?
हड़प्पा और मोहनजोदड़ो|लोथल और कालीबंगा|सुरकोटदा और बनावली|धोलावीरा और राखीगढ़ी
लोथल और कालीबंगा
RO/ARO,State PCS,All
लोथल (गुजरात) से 3 युगल शवाधान और कालीबंगा (राजस्थान) से 1 युगल शवाधान प्राप्त हुआ है। कुछ विद्वान इसे 'सती प्रथा' (Sati Pratha) का प्रारंभिक या प्रतीकात्मक रूप मानते हैं।
निम्नलिखित में से किस प्राचीन सभ्यता को 'नील नदी का वरदान' कहा जाता है, जहाँ के राजा को 'फिरौन' (Pharaoh) कहा जाता था?
मेसोपोटामिया की सभ्यता|फारस की सभ्यता|मिस्र की सभ्यता|रोम की सभ्यता
मिस्र की सभ्यता
SSC GD,All
मिस्र की सभ्यता (Egypt Civilization - 2100 ई.पू.) अफ्रीका के रेगिस्तानों में नील नदी की घाटी में विकसित हुई थी। यहाँ के राजाओं को फिरौन कहा जाता था जिनके लिए पिरामिड बनाए गए थे।
सूची-I (विद्वान) को सूची-II (सिंधु सभ्यता के पतन का कारण) से सुमेलित कीजिए:
सूची-I
A. ऑरेल स्टीन एवं अमलानंद घोष
B. जॉन मार्शल एवं मैके
C. के.यू.आर. कनेडी
D. गार्डन चाइल्ड एवं व्हीलर
सूची-II
1. प्राकृतिक आपदा (मलेरिया/महामारी)
2. बाह्य एवं आर्यों का आक्रमण
3. जलवायु परिवर्तन
4. भयंकर बाढ़
A-3, B-4, C-1, D-2|A-4, B-3, C-2, D-1|A-3, B-1, C-4, D-2|A-2, B-4, C-1, D-3
A-3, B-4, C-1, D-2
UPSC,UPPSC,All
जलवायु परिवर्तन का सिद्धांत ऑरेल स्टीन ने दिया। मार्शल ने बाढ़ को माना। कनेडी ने प्राकृतिक आपदा (महामारी) बताया और चाइल्ड एवं व्हीलर ने विदेशी (आर्य) आक्रमण को पतन का कारण माना।
कथन (A): हड़प्पाकालीन नगरों (जैसे मोहनजोदड़ो) में घरों के दरवाजे और खिड़कियाँ मुख्य सड़क की ओर न खुलकर पीछे की गलियों में खुलते थे।
कारण (R): लोथल एक प्रमुख बंदरगाह और व्यापारिक नगर था, इसलिए सुविधा के लिए वहाँ के घरों के दरवाजे मुख्य सड़क की ओर खुलते थे।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है
UPSC,All
दोनों कथन पूर्णतः सत्य हैं। सिंधु नगरों में दरवाजे पीछे खुलते थे (संभवतः धूल से बचने के लिए), जबकि लोथल अपवाद था जहाँ दरवाजे मुख्य सड़क पर खुलते थे। दोनों तथ्य सही हैं लेकिन कारण (R), कथन (A) का स्पष्टीकरण नहीं है।
सिंधु सभ्यता के किस स्थल से 'अलंकृत ईंटों' (Decorated Bricks) और 'सात अग्निकुंडों' (Fire altars) के प्रमाण मिले हैं, जो कर्मकांडीय प्रथाओं की ओर इशारा करते हैं?
मोहनजोदड़ो|हड़प्पा|कालीबंगा|धोलावीरा
कालीबंगा
UPPSC,State PCS,All
कालीबंगा (राजस्थान, घग्घर नदी) से अलंकृत ईंटें, जुते हुए खेत और अग्निकुंड (हवन कुंड) प्राप्त हुए हैं। इसका शाब्दिक अर्थ 'काली मिट्टी की चूड़ी' है।
निम्नलिखित में से किस प्राचीन सभ्यता ने पूरे 'भूमध्य सागर' (Mediterranean Sea) पर अपना अधिकार कर लिया था, और जिसके प्रसिद्ध राजा जूलियस सीज़र और ऑगस्टस थे?
ग्रीस (यूनान) की सभ्यता|रोम की सभ्यता|मिस्र की सभ्यता|मेसोपोटामिया की सभ्यता
रोम की सभ्यता
SSC,RO/ARO,All
रोम की सभ्यता (600 ई.पू.) इटली में विकसित हुई और पूरे भूमध्यसागर पर इसका अधिकार था। जूलियस सीज़र (जिन पर शेक्सपियर ने नाटक लिखा है) और ऑगस्टस इसी सभ्यता के महान शासक थे।
सिंधु सभ्यता में मापतौल (Weights and Measures) के संबंध में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सत्य है?
तौल की इकाई 10 के गुणक (दशमलव प्रणाली) में होती थी।|सबसे छोटा बाट 1 किलोग्राम का होता था।|मापतौल के लिए न्यूनतम बाट 16 किलोग्राम का था और तौल 16 के अनुपात में होती थी।|यहाँ के लोग वस्तुओं को तौलने के बजाय केवल गिनकर (संख्या में) व्यापार करते थे।
मापतौल के लिए न्यूनतम बाट 16 किलोग्राम का था और तौल 16 के अनुपात में होती थी।
UPSC,UPPSC,All
सिंधुवासी मापतौल से भली-भांति परिचित थे। उनके बाट (Weights) मुख्य रूप से 16 के गुणक (Multiples of 16) में होते थे, जैसे 16, 32, 64 आदि। न्यूनतम बाट 16 किलो का था।
कथन (A): सिंधु सभ्यता एक कांस्य युगीन (Bronze Age) सभ्यता थी।
कारण (R): हड़प्पावासियों ने तांबे (Copper) में टिन (Tin) मिलाकर 'कांसा' (Bronze) बनाने की तकनीक विकसित कर ली थी।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है
UPSC,State PCS,All
सिंधु घाटी सभ्यता को कांस्य युगीन कहा जाता है क्योंकि इस काल में लोगों ने तांबे में टिन मिलाकर कांसे का निर्माण करना सीख लिया था (जैसे मोहनजोदड़ो से प्राप्त कांसे की नर्तकी)। अतः (R), (A) की सही व्याख्या है।
चन्हूदड़ो (1931) के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. यह सिंधु नदी के तट पर स्थित एक औद्योगिक शहर (Industrial town) था।
2. यह सिंधु सभ्यता का एकमात्र ऐसा नगर है जो 'दुर्ग रहित' (Without Citadel) है।
3. यहाँ से ईंट पर बिल्ली का पीछा करते हुए कुत्ते के पंजों के निशान प्राप्त हुए हैं।
4. यहाँ से विशाल स्नानागार और अन्नागार प्राप्त हुए हैं।
उपर्युक्त में से कौन-से कथन सही हैं?
1, 2 और 3|2, 3 और 4|1, 3 और 4|1, 2, 3 और 4
1, 2 और 3
UPSC,All
कथन 4 गलत है क्योंकि विशाल स्नानागार और अन्नागार 'मोहनजोदड़ो' से प्राप्त हुए हैं, न कि चन्हूदड़ो से। चन्हूदड़ो से मुख्य रूप से मनका बनाने का कारखाना, लिपस्टिक, और दुर्ग-रहित नगर के साक्ष्य मिले हैं।
वर्तमान में हरियाणा के फतेहाबाद जिले में स्थित वह कौन सा हड़प्पाई स्थल है, जहाँ से 'चांदी के दो मुकुट' (Two Silver Crowns) प्राप्त हुए हैं?
राखीगढ़ी|बनावली|कुणाल|रोपड़
कुणाल
RO/ARO,SSC,All
कुणाल (हरियाणा के फतेहाबाद जिले में) एक महत्वपूर्ण हड़प्पाई स्थल है, जो मुख्य रूप से वहाँ से प्राप्त 'चांदी के दो मुकुट' के लिए प्रसिद्ध है।
आईआईटी खड़गपुर (IIT Kharagpur) के नवीनतम शोध के अनुसार, सिंधु घाटी सभ्यता के पतन (Decline) का सबसे महत्वपूर्ण कारण क्या माना गया है?
भयंकर बाढ़ जो मोहनजोदड़ो को कई बार डुबो चुकी थी।|आर्यों का भीषण आक्रमण (कंकालों के आधार पर)।|लगभग 900 वर्षों तक वर्षा में निरंतर कमी और भयानक सूखा (जलवायु परिवर्तन)।|मलेरिया जैसी प्राकृतिक महामारी।
लगभग 900 वर्षों तक वर्षा में निरंतर कमी और भयानक सूखा (जलवायु परिवर्तन)।
UPSC,Current History,All
हाल ही में आईआईटी खड़गपुर के पुरातत्वविदों द्वारा किए गए शोध से पता चला है कि सिंधु सभ्यता के पतन का मुख्य कारण जलवायु परिवर्तन था, जिसके तहत लगभग 900 वर्षों तक मानसून कमजोर रहा और भयंकर सूखा पड़ा।
सूची-I को सूची-II से सुमेलित कीजिए:
सूची-I (हड़प्पाई स्थल)
A. धोलावीरा
B. सुरकोटदा
C. बनावली
D. रंगपुर
सूची-II (विशेष साक्ष्य)
1. कलश शवाधान और घोड़े की हड्डी
2. धान (चावल) की भूसी
3. नगर तीन भागों में विभाजित और स्टेडियम
4. टेढ़ी-मेढ़ी सड़कें और मिट्टी का हल
A-3, B-1, C-4, D-2|A-4, B-3, C-2, D-1|A-3, B-4, C-1, D-2|A-1, B-2, C-3, D-4
A-3, B-1, C-4, D-2
UPPSC,State PCS,All
धोलावीरा 3 भागों में बंटा था (स्टेडियम)। सुरकोटदा से घोड़े की हड्डियां और कलश शवाधान मिला। बनावली से मिट्टी का हल (टेढ़ी सड़कें) और रंगपुर (गुजरात) से धान की भूसी मिली।
कथन (A): हड़प्पा की खुदाई में मिले अन्नागार (Granaries) सिंधु सभ्यता की वास्तुकला के महत्वपूर्ण अंग थे।
कारण (R): हड़प्पा सभ्यता के लोग कर (Tax) के रूप में अनाज वसूलते थे और इसे आपातकालीन उपयोग (बाढ़/सूखा) के लिए अन्नागारों में सुरक्षित रखा जाता था।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है
UPSC,All
विशाल अन्नागार हड़प्पा और मोहनजोदड़ो दोनों की प्रमुख विशेषताएं थीं। कृषि अधिशेष (Surplus) को कर के रूप में एकत्र करके इन अन्नागारों में रखा जाता था ताकि भविष्य की आपात स्थितियों का सामना किया जा सके।
सिंधु सभ्यता में 'पुनर्जन्म' (Rebirth) में विश्वास का सबसे प्रमुख पुरातात्विक साक्ष्य (Archaeological evidence) क्या माना जाता है?
अग्निकुंडों में दी जाने वाली पशु बलि।|विशाल स्नानागार में किया जाने वाला सामूहिक स्नान।|कब्रों (Graves) में शवों के साथ दैनिक उपयोग की वस्तुओं, आभूषणों और कभी-कभी पालतू जानवरों को दफनाना।|पशुपति शिव की योग मुद्रा वाली मुहरें।
कब्रों (Graves) में शवों के साथ दैनिक उपयोग की वस्तुओं, आभूषणों और कभी-कभी पालतू जानवरों को दफनाना।
UPSC,RO/ARO,All
सिंधु सभ्यता के लोग पुनर्जन्म में विश्वास करते थे। यही कारण है कि वे मृत्यु के बाद शवों को दफनाते समय उनके साथ दैनिक जीवन की वस्तुएं (बर्तन, शीशा, आभूषण आदि) रख देते थे ताकि परलोक में वे उनका उपयोग कर सकें।
सिंधु घाटी सभ्यता का कौन सा स्थल वर्तमान में भारत में स्थित **नहीं** है?
कालीबंगा|लोथल|हड़प्पा|धोलावीरा
हड़प्पा
SSC,All
हड़प्पा वर्तमान में पाकिस्तान के पंजाब प्रांत (मोंटगोमरी जिले) में रावी नदी के तट पर स्थित है। कालीबंगा (राजस्थान), लोथल (गुजरात) और धोलावीरा (गुजरात) भारत में स्थित हैं।
सिंधु घाटी सभ्यता की सबसे महत्वपूर्ण विशेषता क्या थी?
वस्तु विनिमय प्रणाली (Barter system)|पक्की ईंटों से बनी इमारतें (नगर नियोजन)|लोहे के हथियारों का उपयोग|पुरोहितों का शासन
पक्की ईंटों से बनी इमारतें (नगर नियोजन)
SSC,State PCS,All
सिंधु घाटी सभ्यता विश्व की पहली नगरीय सभ्यता थी। इसकी सबसे बड़ी विशेषता इसका सुनियोजित नगर नियोजन (Town Planning) और पक्की ईंटों से बने घर तथा उत्कृष्ट जल-निकासी व्यवस्था थी।
सिंधु घाटी सभ्यता में 'विशाल स्नानागार' (Great Bath) किस स्थान से प्राप्त हुआ है?
हड़प्पा|लोथल|मोहनजोदड़ो|कालीबंगा
मोहनजोदड़ो
SSC GD,All
विशाल स्नानागार मोहनजोदड़ो से प्राप्त हुआ है, जिसका उपयोग संभवतः धार्मिक अनुष्ठानों (सामूहिक स्नान) के लिए किया जाता था। यह पक्की ईंटों से बना हुआ था।
सिंधु सभ्यता के लोगों का मुख्य व्यवसाय क्या था?
व्यापार|पशुपालन|कृषि|शिकार
कृषि
SSC,All
सिंधु सभ्यता की अर्थव्यवस्था का मुख्य आधार कृषि (Agriculture) था। यद्यपि वे व्यापार और पशुपालन भी करते थे, लेकिन अर्थव्यवस्था मुख्य रूप से कृषि पर ही टिकी थी (गेहूं, जौ, कपास मुख्य फसलें थीं)।
हड़प्पा सभ्यता का सर्वप्रथम खोजकर्ता कौन था?
सर जॉन मार्शल|आर. डी. बनर्जी|ए. कनिंघम|दयाराम साहनी
दयाराम साहनी
SSC,All
हड़प्पा सभ्यता की सर्वप्रथम खोज 1921 ई. में दयाराम साहनी ने की थी। यह खोज सर जॉन मार्शल के निर्देशन में हुई थी।
सिंधु घाटी सभ्यता का पत्तन नगर (बंदरगाह / Port City) कौन सा था?
कालीबंगा|लोथल|रोपड़|मोहनजोदड़ो
लोथल
SSC,UPPSC,All
गुजरात स्थित लोथल (भोगवा नदी के तट पर) सिंधु घाटी सभ्यता का प्रमुख बंदरगाह (Dockyard) था। यहाँ से विदेशी व्यापार (फारस की मुहर) के साक्ष्य भी मिले हैं।
हड़प्पा कालीन समाज किन वर्गों में विभक्त था?
शिकारी, पुजारी, किसान और क्षत्रिय|विद्वान, योद्धा, व्यापारी और श्रमिक|ब्राह्मण, क्षत्रिय, वैश्य और शूद्र|राजा, पुरोहित, सैनिक और दास
विद्वान, योद्धा, व्यापारी और श्रमिक
SSC,All
सिंधु सभ्यता का समाज मुख्यतः चार वर्गों में बंटा हुआ था- विद्वान (पुरोहित), योद्धा, व्यापारी (एवं शिल्पकार) और श्रमिक। यहाँ वैदिक काल की तरह वर्ण व्यवस्था (ब्राह्मण, क्षत्रिय...) नहीं थी।
सिंधु सभ्यता का सर्वाधिक उपयुक्त नाम क्या है?
सिंधु घाटी सभ्यता|हड़प्पा सभ्यता|सिंधु-सरस्वती सभ्यता|कांस्य युगीन सभ्यता
हड़प्पा सभ्यता
SSC,All
पुरातात्विक परंपरा के अनुसार, किसी अज्ञात सभ्यता का नामकरण उस स्थल के नाम पर किया जाता है जहाँ सबसे पहले खुदाई होती है। चूंकि सबसे पहले हड़प्पा की खुदाई हुई थी, इसलिए इसका सर्वाधिक उपयुक्त नाम 'हड़प्पा सभ्यता' है।
निम्नलिखित में से किस पदार्थ का उपयोग हड़प्पा काल की मुहरों (Seals) के निर्माण में मुख्य रूप से किया गया था?
सेलखड़ी (Steatite)|कांसा (Bronze)|तांबा (Copper)|लोहा (Iron)
सेलखड़ी (Steatite)
SSC,All
हड़प्पा सभ्यता की अधिकांश मुहरें (Seals) सेलखड़ी (Steatite - एक प्रकार का मुलायम पत्थर) से बनाई गई थीं। इन पर मुख्य रूप से एकश्रृंगी पशु का अंकन मिलता है।
सिंधु सभ्यता के घर किससे बनाए जाते थे?
ईंट से|बांस से|पत्थर से|लकड़ी से
ईंट से
SSC GD,All
सिंधु घाटी सभ्यता विश्व की पहली नगरीय सभ्यता थी। यहाँ के घर मुख्य रूप से पक्की ईंटों (Baked bricks) से बनाए जाते थे। केवल कालीबंगा में कच्ची ईंटों का प्रयोग मिला है।
हड़प्पावासी किस वस्तु के उत्पादन में सर्वप्रथम थे?
मुद्राएं (Coins)|कांसे के औजार|कपास (Cotton)|जौ
कपास (Cotton)
SSC,State PCS,All
सिंधुवासी विश्व में कपास (Cotton) के प्रथम उत्पादक थे। इसी कारण यूनानियों (Greeks) ने कपास को 'सिंडन' (Sindon) का नाम दिया था।
पैमानों (Weights and Measures) की खोज ने यह सिद्ध कर दिया है कि सिंधु घाटी के लोग माप और तौल से परिचित थे। यह खोज कहाँ पर हुई?
कालीबंगा|हड़प्पा|चन्हूदड़ो|लोथल
लोथल
SSC,UPPSC,All
माप-तौल से संबंधित बाट और पैमाने के साक्ष्य मुख्य रूप से गुजरात के लोथल (व्यापारिक केंद्र) से प्राप्त हुए हैं। यहाँ बाट 16 के गुणक में होते थे।
मोहनजोदड़ो को और किस एक अन्य नाम से भी जाना जाता है?
जीवितों का टीला|कंकालों का टीला|दासों का टीला|मृतकों का टीला (Mound of Dead)
मृतकों का टीला (Mound of Dead)
SSC GD,All
सिंधी भाषा में मोहनजोदड़ो का अर्थ 'मृतकों का टीला' (Mound of Dead) होता है। यहाँ से कंकालों का ढेर प्राप्त हुआ है।
भारत में खोजा गया सबसे पहला पुराना शहर कौन सा था?
हड़प्पा|पंजाब|मोहनजोदड़ो|सिंध
हड़प्पा
SSC,All
भारतीय उपमहाद्वीप (अविभाजित भारत) में खोजा गया सबसे पहला पुराना शहर 'हड़प्पा' था, जिसकी खोज 1921 में हुई थी।
हड़प्पा में एक उन्नत जल-प्रबंधन प्रणाली (Water Management System) का पता कहाँ चलता है?
धोलावीरा में|लोथल में|कालीबंगा में|आलमगीरपुर में
धोलावीरा में
SSC,UPSC,All
गुजरात के धोलावीरा से उन्नत जल-प्रबंधन प्रणाली और एक बड़े जलाशय (स्टेडियम) के साक्ष्य मिले हैं। यह नगर तीन भागों में बंटा हुआ था।
सिंधु घाटी सभ्यता में घोड़े के अवशेष (Bones of Horse) कहाँ मिले हैं?
सुरकोटदा|बनावली|मांडा|कालीबंगा
सुरकोटदा
SSC,UPPSC,All
गुजरात स्थित 'सुरकोटदा' से कलश शवाधान और घोड़े की हड्डियाँ (अस्थियाँ) प्राप्त हुई हैं।
सिंधु घाटी स्थल 'कालीबंगा' किस प्रदेश (राज्य) में है?
राजस्थान में|गुजरात में|मध्य प्रदेश में|उत्तर प्रदेश में
राजस्थान में
SSC GD,All
कालीबंगा ('काली मिट्टी की चूड़ी') राजस्थान के हनुमानगढ़ जिले में घग्घर (प्राचीन सरस्वती) नदी के किनारे स्थित है। यहाँ से जुते हुए खेत मिले हैं।
निम्नलिखित में से किस धातु से हड़प्पावासी अपरिचित थे?
सोना एवं चांदी|तांबा एवं कांसा|टिन एवं सीसा|लोहा (Iron)
लोहा (Iron)
SSC,All
हड़प्पावासी कांसे (तांबा + टिन), सोना, चांदी आदि से परिचित थे, लेकिन वे लोहे (Iron) से पूर्णतः अपरिचित थे। लोहे की खोज उत्तर वैदिक काल में हुई।
हड़प्पा के मिट्टी के बर्तनों (Pottery) पर सामान्यतः किस रंग का उपयोग हुआ था?
लाल (Red)|नीला-हरा|पांडु|नीला
लाल (Red)
SSC,State PCS,All
सिंधु घाटी सभ्यता के लोग मिट्टी के बर्तनों (मृदभांडों) पर मुख्य रूप से लाल (Red) रंग का उपयोग करते थे और उन पर काले रंग से चित्रकारी की जाती थी।
सिंधु घाटी सभ्यता की विकसित अवस्था में निम्नलिखित में से किस स्थल से घरों में कुओं (Wells) के अवशेष मिले हैं?
हड़प्पा|कालीबंगा|लोथल|मोहनजोदड़ो
मोहनजोदड़ो
SSC,UPPSC,All
मोहनजोदड़ो में लगभग प्रत्येक घर में एक आंगन और अपना एक निजी कुआं (Well) होता था। जल निकासी की व्यवस्था भी अत्यंत उत्तम थी।
हड़प्पा एवं मोहनजोदड़ो की पुरातात्विक खुदाई के प्रभारी कौन थे?
लॉर्ड मैकाले|सर जॉन मार्शल|लॉर्ड क्लाइव|कर्नल टॉड
सर जॉन मार्शल
SSC,All
1921 में जब हड़प्पा (दयाराम साहनी) और 1922 में मोहनजोदड़ो (राखालदास बनर्जी) की खुदाई हुई, तब भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण विभाग के महानिदेशक 'सर जॉन मार्शल' (Sir John Marshall) थे।
रंगपुर, जहाँ हड़प्पा की समकालीन सभ्यता थी, वर्तमान में कहाँ स्थित है?
पंजाब में|पूर्वी उत्तर प्रदेश में|सौराष्ट्र (गुजरात) में|राजस्थान में
सौराष्ट्र (गुजरात) में
SSC,All
रंगपुर वर्तमान में गुजरात (सौराष्ट्र क्षेत्र) में स्थित है। यहाँ से धान (चावल) की भूसी के साक्ष्य प्राप्त हुए हैं।
हड़प्पा कालीन लोगों ने नगरों में घरों के विन्यास (Layout) के लिए कौन सी पद्धति अपनाई थी?
कमल पुष्प की आकृति का|गोलाकार आकृति में|ग्रिड पद्धति (Grid System) में|त्रिभुजाकार आकृति में
ग्रिड पद्धति (Grid System) में
SSC,All
सिंधु सभ्यता में नगर नियोजन 'ग्रिड पद्धति' (Grid System) पर आधारित था, जिसमें सड़कें एक-दूसरे को समकोण (Right Angles) पर काटती थीं।
किस पशु के अवशेष सिंधु घाटी सभ्यता में प्राप्त **नहीं** हुए हैं?
शेर (Lion)|घोड़ा|गाय|हाथी
शेर (Lion)
SSC,UPPSC,All
सिंधु सभ्यता की मुहरों या उत्खनन में 'शेर' (Lion) का कोई स्पष्ट साक्ष्य या अंकन प्राप्त नहीं हुआ है (बाघ का अंकन है)। हालांकि घोड़े की हड्डियां और गाय से वे परिचित रहे होंगे (चूंकि बैल पूज्य था)।
चन्हूदड़ो (Chanhudaro) के उत्खनन का निर्देशन किसने किया था?
जे. एच. मैके (J.H. Mackay) ने|सर जॉन मार्शल ने|आर. ई. एम. व्हीलर ने|ऑरेल स्टीन ने
जे. एच. मैके (J.H. Mackay) ने
SSC,All
चन्हूदड़ो की खोज 1931 में गोपाल मजूमदार ने की थी, लेकिन बाद में इसका व्यापक उत्खनन 'अर्नेस्ट मैके' (J.H. Mackay) के निर्देशन में हुआ था। यह एक औद्योगिक नगर था।
सिंधु घाटी सभ्यता की उत्तरी सीमा 'मांडा' (जम्मू-कश्मीर) किस नदी के तट पर स्थित थी तथा इसकी खुदाई किसने की थी?
चिनाब नदी (जगपति जोशी)|हिंडन नदी (यज्ञदत्त शर्मा)|दासक नदी (ऑरेल स्टीन)|प्रवरा नदी (दयाराम साहनी)
चिनाब नदी (जगपति जोशी)
UPPSC,State PCS,All
सिंधु सभ्यता की उत्तरी सीमा मांडा (जम्मू-कश्मीर) चिनाब नदी के तट पर थी, जिसकी खुदाई 1982 ई. में जगपति जोशी ने की थी।
सिंधु सभ्यता की पूर्वी सीमा उत्तर प्रदेश के आलमगीरपुर में स्थित है। यह किस नदी के किनारे बसा था?
गंगा नदी|यमुना नदी|हिंडन नदी|गोमती नदी
हिंडन नदी
SSC,UPPSC,All
सिंधु सभ्यता की पूर्वी सीमा उत्तर प्रदेश के आलमगीरपुर (मेरठ) में थी, जो हिंडन नदी के किनारे स्थित थी। इसका उत्खनन यज्ञदत्त शर्मा के नेतृत्व में हुआ था।
सिंधु सभ्यता की पश्चिमी सीमा पाकिस्तान के सुत्कागेंडोर में स्थित थी, यह किस नदी के तट पर है?
सिंधु नदी|रावी नदी|दासक नदी|चिनाब नदी
दासक नदी
SSC GD,State PCS,All
इसकी पश्चिमी सीमा पाकिस्तान के सुत्कागेंडोर (मकरान तट) में थी, जो 'दासक नदी' के तट पर स्थित है। इसकी खुदाई 1927 में ऑरेल स्टीन ने की थी।
सिंधु सभ्यता की दक्षिणी सीमा 'दैमाबाद' (महाराष्ट्र) किस नदी के किनारे स्थित थी?
गोदावरी नदी|प्रवरा नदी|कृष्णा नदी|नर्मदा नदी
प्रवरा नदी
SSC,RO/ARO,All
इसकी दक्षिणी सीमा महाराष्ट्र के दैमाबाद में 'प्रवरा नदी' (जो गोदावरी की सहायक नदी है) के तट पर स्थित थी। यहाँ से धातु का एक रथ मिला है।
हड़प्पा (1921) किस नदी के तट पर और वर्तमान में कहाँ स्थित है?
सिंधु नदी, सिंध प्रांत (पाकिस्तान)|रावी नदी, मोंटगोमरी (पाकिस्तान)|घग्घर नदी, राजस्थान (भारत)|भोगवा नदी, गुजरात (भारत)
रावी नदी, मोंटगोमरी (पाकिस्तान)
SSC,All
हड़प्पा की खुदाई 1921 में दयाराम साहनी ने की थी। यह पाकिस्तान के मोंटगोमरी जिले में 'रावी नदी' के तट पर स्थित है।
हड़प्पा के उत्खनन से निम्नलिखित में से क्या प्राप्त **नहीं** हुआ है?
लकड़ी की ओखली और ताबूत|R-37 कब्रिस्तान|हाथी का कपाल|कांसे की नर्तकी की मूर्ति
कांसे की नर्तकी की मूर्ति
UPSC,UPPSC,All
कांसे की नर्तकी की मूर्ति 'मोहनजोदड़ो' से प्राप्त हुई है। हड़प्पा से कुम्हार का चाक, अन्नागार, लकड़ी की ओखली, ताबूत, R-37 कब्रिस्तान और हाथी का कपाल मिला है।
'उर्वरता की देवी' (स्त्री के गर्भ से निकलता हुआ पौधा) का साक्ष्य किस हड़प्पाई स्थल से प्राप्त हुआ है?
मोहनजोदड़ो|हड़प्पा|कालीबंगा|लोथल
हड़प्पा
SSC,State PCS,All
हड़प्पा के उत्खनन से एक मुहर मिली है जिसमें स्त्री के गर्भ से निकलता हुआ पौधा दिखाया गया है, जिसे इतिहासकारों ने 'उर्वरता की देवी' माना है।
सिंधु घाटी सभ्यता में स्वास्तिक चिह्न (Swastika) का सर्वप्रथम प्रयोग किस शहर के लोगों ने किया था?
लोथल|धोलावीरा|हड़प्पा|चन्हूदड़ो
हड़प्पा
RO/ARO,SSC,All
नोट्स के अनुसार, स्वास्तिक चिह्न का सर्वप्रथम प्रयोग हड़प्पा सभ्यता (हड़प्पा नगर) के लोगों ने ही किया था, जो सूर्य पूजा का प्रतीक था।
मोहनजोदड़ो (1922) की खुदाई किसने की और यह किस नदी के किनारे स्थित है?
दयाराम साहनी, रावी नदी|राखालदास बनर्जी, सिंधु नदी|गोपाल मजूमदार, सिंधु नदी|एस.आर. राव, भोगवा नदी
राखालदास बनर्जी, सिंधु नदी
SSC,All
मोहनजोदड़ो की खुदाई 1922 ई. में राखालदास बनर्जी ने की थी। यह पाकिस्तान के लरकाना जिले में सिंधु नदी के तट पर स्थित है।
सिंधु घाटी सभ्यता का सबसे बड़ा भवन (इमारत) कौन सा था?
विशाल स्नानागार (मोहनजोदड़ो)|विशाल अन्नागार (मोहनजोदड़ो)|पुरोहित आवास (मोहनजोदड़ो)|गोदीबाड़ा (लोथल)
विशाल अन्नागार (मोहनजोदड़ो)
SSC GD,UPPSC,All
मोहनजोदड़ो से प्राप्त 'विशाल अन्नागार' (Granary) सिंधु सभ्यता का सबसे बड़ा भवन या इमारत मानी जाती है। स्नानागार धार्मिक कार्यों के लिए था।
मोहनजोदड़ो से प्राप्त पशुपति शिव की मुहर पर दाईं ओर (Right side) किन पशुओं का चित्रांकन है?
गैंडा और भैंसा|हाथी और बाघ|गाय और शेर|हिरण और कुत्ता
हाथी और बाघ
UPSC,SSC,All
पशुपति शिव की मुहर के दाईं ओर 'हाथी और बाघ', बाईं ओर 'गैंडा और भैंसा', तथा आसन के नीचे दो हिरण बैठे हुए दिखाए गए हैं।
मोहनजोदड़ो से प्राप्त सूती वस्त्र (Cotton cloth) के साक्ष्य क्या प्रमाणित करते हैं?
कपास का उत्पादन|रेशम का उत्पादन|ऊन का उत्पादन|व्यापारिक गिरावट
कपास का उत्पादन
SSC,State PCS,All
मोहनजोदड़ो से सूती वस्त्र के साक्ष्य मिले हैं जो यह प्रमाणित करते हैं कि सिंधुवासी कपास (Cotton) के उत्पादन से भली-भांति परिचित थे।
निम्नलिखित में से कौन सा शहर सिंधु नदी के तट पर स्थित 'दुर्ग रहित' (Without Citadel) औद्योगिक शहर था?
हड़प्पा|चन्हूदड़ो|कालीबंगा|बनावली
चन्हूदड़ो
SSC,UPPSC,All
चन्हूदड़ो (1931, गोपाल मजूमदार) पाकिस्तान में सिंधु नदी के तट पर स्थित है। यह एक औद्योगिक शहर था और एकमात्र शहर है जो दुर्ग रहित था।
सौंदर्य प्रसाधन सामग्री जैसे लिपस्टिक, शीशा और मनका बनाने के कारखाने के साक्ष्य कहाँ से प्राप्त हुए हैं?
लोथल|हड़प्पा|मोहनजोदड़ो|चन्हूदड़ो
चन्हूदड़ो
SSC GD,All
चन्हूदड़ो एक औद्योगिक केंद्र था, जहाँ से सौंदर्य प्रसाधन (लिपस्टिक, शीशा), मनका (Bead) बनाने का कारखाना और अलंकृत ईंटें मिली हैं।
किस हड़प्पाई स्थल से 'मानव के साथ उसके पालतू जानवर (कुत्ते)' को दफनाने के साक्ष्य मिले हैं?
कालीबंगा|रोपड़|धोलावीरा|सुरकोटदा
रोपड़
SSC,RO/ARO,All
रोपड़ (पंजाब) सतलज नदी के किनारे स्थित है। इसकी खुदाई 1953 में यज्ञदत्त शर्मा ने की थी। यहाँ मानव के साथ कुत्ते को दफनाने का साक्ष्य मिला है।
हरियाणा में स्थित 'बनावली' (Banawali) की सबसे प्रमुख विशेषता या साक्ष्य क्या है?
विशाल स्नानागार|जल निकासी व्यवस्था का अभाव और मिट्टी का हल|गोदीबाड़ा (Dockyard)|मानव के साथ कुत्ता दफनाना
जल निकासी व्यवस्था का अभाव और मिट्टी का हल
UPSC,SSC,All
बनावली (हरियाणा, रंगोई नदी) में जल निकासी की व्यवस्था नहीं थी (सोख्ता गड्ढे मिले हैं)। यहाँ की सड़कें टेढ़ी-मेढ़ी थीं और यहाँ से मिट्टी का बना हल प्राप्त हुआ है।
सिंधु सभ्यता में 'चांदी के दो मुकुट' (Silver Crowns) कहाँ से प्राप्त हुए हैं?
कुणाल (हरियाणा)|रोपड़ (पंजाब)|मांडा (जम्मू-कश्मीर)|दैमाबाद (महाराष्ट्र)
कुणाल (हरियाणा)
State PCS,SSC,All
हरियाणा के फतेहाबाद जिले में स्थित 'कुणाल' (Kunal) नामक पुरास्थल से उत्खनन के दौरान चांदी के दो मुकुट प्राप्त हुए हैं।
कालीबंगा का शाब्दिक अर्थ क्या है और यह किस राज्य में है?
काले रंग का कुआँ - गुजरात|काली मिट्टी की चूड़ी - राजस्थान|मृतकों का टीला - पंजाब|पक्की ईंटों का घर - हरियाणा
काली मिट्टी की चूड़ी - राजस्थान
SSC,All
कालीबंगा का अर्थ है 'काली मिट्टी की चूड़ी'। यह राजस्थान में सरस्वती (घग्घर) नदी के किनारे हनुमानगढ़ जिले में स्थित है।
जुते हुए खेत, अलंकृत ईंटें और अग्निकुंड (हवन कुंड) के साक्ष्य कहाँ से मिले हैं?
कालीबंगा|लोथल|चन्हूदड़ो|मोहनजोदड़ो
कालीबंगा
UPPSC,SSC,All
कालीबंगा (राजस्थान) से जुते हुए खेत (हल के निशान), अलंकृत ईंटें, सात अग्निकुंड (वेदिकाएं) और चूड़ियों के साक्ष्य प्राप्त हुए हैं।
भारत में स्थित सिंधु सभ्यता का सबसे बड़ा स्थल कौन सा है (नोट्स के नवीनतम संदर्भ में)?
हड़प्पा|धोलावीरा|राखीगढ़ी|कालीबंगा
राखीगढ़ी
UPSC,SSC,All
सिंधु सभ्यता का सबसे बड़ा शहर मोहनजोदड़ो है, लेकिन भारत में स्थित इसका सबसे बड़ा स्थल 'राखीगढ़ी' (हरियाणा) है। धोलावीरा भारत का दूसरा सबसे बड़ा स्थल है।
कौन सा हड़प्पाई नगर तीन भागों (दुर्ग, मध्य नगर और निचला नगर) में विभाजित था?
धोलावीरा|सुरकोटदा|लोथल|चन्हूदड़ो
धोलावीरा
SSC,UPPSC,All
गुजरात स्थित 'धोलावीरा' एकमात्र ऐसा नगर है जो तीन भागों में विभाजित था। यहाँ से एक स्टेडियम (खेल का मैदान) और उन्नत जल प्रबंधन के साक्ष्य मिले हैं।
कलश शवाधान (Pot Burial) और घोड़े की हड्डियाँ कहाँ से प्राप्त हुई हैं?
कालीबंगा|सुरकोटदा|रोपड़|मांडा
सुरकोटदा
SSC,RO/ARO,All
गुजरात के 'सुरकोटदा' से कलश शवाधान (अस्थियों को कलश में रखकर दफनाना) और घोड़े की हड्डियों के साक्ष्य मिले हैं।
सिंधु सभ्यता का प्रमुख बंदरगाह (Dockyard) कौन सा शहर था?
लोथल|हड़प्पा|मोहनजोदड़ो|कालीबंगा
लोथल
SSC,All
गुजरात में भोगवा नदी के तट पर स्थित लोथल सिंधु घाटी सभ्यता का प्रमुख गोदीबाड़ा (बंदरगाह / Dockyard) था, जहाँ से विदेशी व्यापार होता था।
लोथल से प्राप्त 'फारस की मुहर' (Persian Seal) किस बात का संकेत देती है?
कृषि के विकास का|विदेशी व्यापार का|धर्म के प्रभाव का|युद्ध का
विदेशी व्यापार का
SSC,State PCS,All
लोथल एक बंदरगाह था और यहाँ से प्राप्त फारस की मुहर यह स्पष्ट रूप से प्रमाणित करती है कि सिंधुवासियों का विदेशी व्यापार (अंतर्राष्ट्रीय व्यापार) फारस (Persia) से होता था।
सिंधु सभ्यता के किस शहर में घरों के दरवाजे मुख्य सड़क की ओर खुलते थे?
हड़प्पा|मोहनजोदड़ो|लोथल|चन्हूदड़ो
लोथल
SSC GD,UPSC,All
सिंधु सभ्यता में सामान्यतः दरवाजे पीछे की गली में खुलते थे, लेकिन 'लोथल' इसका अपवाद था। व्यापारिक शहर और बंदरगाह होने के कारण यहाँ दरवाजे मुख्य सड़क की ओर खुलते थे।
युगल शवाधान (Double Burial - जोड़े में शव) के साक्ष्य मुख्य रूप से कहाँ से मिले हैं?
लोथल और कालीबंगा|हड़प्पा और रोपड़|सुरकोटदा और धोलावीरा|चन्हूदड़ो और बनावली
लोथल और कालीबंगा
UPPSC,SSC,All
लोथल से तीन और कालीबंगा से एक युगल शवाधान (स्त्री-पुरुष को साथ दफनाने) के साक्ष्य मिले हैं, जो सती प्रथा का प्रतीकात्मक रूप माने जाते हैं।
रंगपुर (गुजरात) से किस फसल के साक्ष्य प्राप्त हुए हैं?
गेहूं|धान (चावल) की भूसी|कपास|जौ
धान (चावल) की भूसी
SSC,RO/ARO,All
रंगपुर गुजरात में स्थित है। यहाँ से धान (चावल) की भूसी के साक्ष्य प्राप्त हुए हैं, जो चावल की खेती को प्रमाणित करते हैं।
सिंधु सभ्यता की सड़कों की सबसे बड़ी विशेषता क्या थी?
वे कच्ची मिट्टी की बनी थीं।|वे एक-दूसरे को समकोण (Right Angles) पर काटती थीं।|वे वृत्ताकार (Circular) थीं।|उन पर पत्थर बिछाए गए थे।
वे एक-दूसरे को समकोण (Right Angles) पर काटती थीं।
SSC,State PCS,All
सिंधु सभ्यता एक नगरीय सभ्यता थी। यहाँ की सड़कें ग्रिड पद्धति (Grid System) पर आधारित थीं और एक-दूसरे को समकोण पर काटती थीं, जिससे नगर वर्गाकार खंडों में बंट जाता था।
सिंधु सभ्यता की अर्थव्यवस्था का मुख्य आधार क्या था?
उद्योग|व्यापार|कृषि|पशुपालन
कृषि
SSC,All
यद्यपि सिंधुवासी व्यापार और पशुपालन भी करते थे, लेकिन उनकी अर्थव्यवस्था (Economy) का मुख्य आधार कृषि (Agriculture) ही था।
सिंधु सभ्यता का समाज कैसा था?
पितृसत्तात्मक|मातृसत्तात्मक|कबीलाई|सैनिक शासन
मातृसत्तात्मक
SSC,UPPSC,All
उत्खनन से बड़ी मात्रा में मातृदेवी (नारी) की मिट्टी की मूर्तियां मिलने के कारण इतिहासकारों ने सिंधु समाज को 'मातृसत्तात्मक' (Matriarchal) माना है।
हड़प्पा लिपि (Script) को मुख्य रूप से किस दिशा में लिखा जाता था?
हमेशा बाएं से दाएं|हमेशा दाएं से बाएं|पहली पंक्ति दाएं से बाएं, दूसरी बाएं से दाएं|ऊपर से नीचे
पहली पंक्ति दाएं से बाएं, दूसरी बाएं से दाएं
UPSC,SSC,All
हड़प्पा लिपि को 'बौस्ट्रोफेडन' (Boustrophedon) पद्धति में लिखा जाता था। इसमें पहली पंक्ति दाएं से बाएं और दूसरी पंक्ति बाएं से दाएं लिखी जाती थी। इसे पढ़ा नहीं जा सका है।
सिंधु सभ्यता की लिपि में सर्वाधिक किस अक्षर और चित्र का प्रयोग हुआ है?
'V' आकार और बैल का चित्र|'U' आकार और मछली का चित्र|'A' आकार और शेर का चित्र|'O' आकार और मोर का चित्र
'U' आकार और मछली का चित्र
UPPSC,SSC,All
हड़प्पाई लिपि भावचित्रात्मक (Pictographic) है। इसके प्रधान अक्षरों में सबसे ज्यादा 'U' आकार और 'मछली' (Fish) के चित्र प्राप्त हुए हैं।
सिंधु घाटी सभ्यता की मुहरों (Seals) पर सर्वाधिक किस जानवर का चित्रांकन मिला है?
कूबड़ वाला सांड|एक सींग वाला जानवर (एकश्रृंगी पशु)|हाथी|शेर
एक सींग वाला जानवर (एकश्रृंगी पशु)
SSC,State PCS,All
सिंधु सभ्यता (मुख्यतः सेलखड़ी की बनी) मुहरों पर सर्वाधिक चित्रांकन 'एक सींग वाले जानवर' (Unicorn) का मिला है।
सिंधु सभ्यता के लोगों का 'परमपूज्य पशु' (Sacred Animal) कौन सा था?
गाय|घोड़ा|कूबड़ वाला सांड (वृषभ)|हाथी
कूबड़ वाला सांड (वृषभ)
SSC,UPPSC,All
नोट्स के अनुसार, सिंधु सभ्यता के लोगों का परमपूज्य पशु 'कूबड़ वाला सांड' (Humped Bull / वृषभ) था। वे इसकी विशेष पूजा करते थे।
सिंधुवासियों का परमपूज्य वृक्ष और परमपूज्य पक्षी कौन सा था?
बरगद और मोर|पीपल और बतख|नीम और कबूतर|आम और कौवा
पीपल और बतख
SSC GD,All
सिंधु घाटी सभ्यता के लोग प्रकृति पूजक थे। उनका परमपूज्य वृक्ष 'पीपल' और परमपूज्य पक्षी 'बतख' (Duck) था।
माप-तौल के लिए सिंधु सभ्यता में न्यूनतम बाट (Weight) कितने किलोग्राम का था?
10 kg|12 kg|16 kg|20 kg
16 kg
SSC,All
सिंधु सभ्यता में माप-तौल की विकसित प्रणाली थी। यहाँ न्यूनतम बाट 16 kg का था तथा तौल की इकाई मुख्य रूप से 16 के गुणक (16, 32, 64) में होती थी।
सिंधु सभ्यता के लोगों को किस धातु का ज्ञान **नहीं** था?
तांबा|कांसा|लोहा|सोना
लोहा
SSC,All
सिंधु सभ्यता एक कांस्य युगीन सभ्यता थी। वे तांबे में टिन मिलाकर कांसा बनाना जानते थे, लेकिन वे 'लोहे' (Iron) से पूर्णतः अपरिचित थे।
सिंधुवासी विश्व में किस फसल के प्रथम उत्पादक थे, जिसे यूनानियों ने 'सिंडन' कहा?
कपास (Cotton)|गेहूं|जौ|गन्ना
कपास (Cotton)
SSC,UPPSC,All
सिंधुवासी विश्व में कपास के प्रथम उत्पादक थे। इसी आधार पर यूनानियों (Greeks) ने कपास को 'सिंडन' (Sindon) का नाम दिया था।
मनोरंजन के लिए सिंधु सभ्यता के लोग मुख्य रूप से क्या करते थे?
रथ दौड़|ग्लेडिएटर की लड़ाई|पासा खेलना और शिकार|संगीत और नृत्य
पासा खेलना और शिकार
SSC,All
सिंधु सभ्यता के लोग शांतिप्रिय थे। वे मनोरंजन के लिए मुख्य रूप से पासा खेलते थे, शिकार (चौपड़) करते थे और पशुओं की लड़ाई देखते थे।
सिंधु घाटी सभ्यता के पतन का कारण 'बाढ़' (Flood) को किसने माना था?
ऑरेल स्टीन|जॉन मार्शल, मैके एवं एस.आर. राव|गार्डन चाइल्ड|के.यू.आर. कनेडी
जॉन मार्शल, मैके एवं एस.आर. राव
UPPSC,SSC,All
जॉन मार्शल, मैके और एस.आर. राव ने माना था कि सिंधु सभ्यता (विशेषकर मोहनजोदड़ो) का विनाश भयंकर बाढ़ के कारण हुआ था।
सिंधु सभ्यता के पतन का कारण 'जलवायु परिवर्तन' (Climate Change) किस विद्वान ने बताया था?
गार्डन चाइल्ड|जॉन मार्शल|ऑरेल स्टीन एवं अमलानंद घोष|के.यू.आर. कनेडी
ऑरेल स्टीन एवं अमलानंद घोष
RO/ARO,SSC,All
ऑरेल स्टीन एवं अमलानंद घोष ने सिंधु सभ्यता के पतन का मुख्य कारण 'जलवायु परिवर्तन' (सूखा पड़ना) बताया था। IIT खड़गपुर की हालिया रिसर्च भी इसी का समर्थन करती है।
आर्यों के आक्रमण (Foreign Invasion) को सिंधु सभ्यता के पतन का कारण किसने माना?
गार्डन चाइल्ड एवं व्हीलर|जॉन मार्शल|ऑरेल स्टीन|एस.आर. राव
गार्डन चाइल्ड एवं व्हीलर
UPSC,SSC,All
गार्डन चाइल्ड और मार्टिमर व्हीलर ने मोहनजोदड़ो में मिले कंकालों के ढेर के आधार पर यह सिद्धांत दिया कि आर्यों के आक्रमण ने इस सभ्यता का अंत किया।
विश्व की सबसे पहली सभ्यता (लगभग 10,000 ई.पू.) कौन सी थी, जो इराक में विकसित हुई?
मिस्र की सभ्यता|सिंधु घाटी की सभ्यता|मेसोपोटामिया की सभ्यता|चीन की सभ्यता
मेसोपोटामिया की सभ्यता
SSC,State PCS,All
मेसोपोटामिया की सभ्यता (इराक) विश्व की सबसे पहली सभ्यता थी। इसका विकास दजला (Tigris) और फरात (Euphrates) नदियों के मध्य हुआ था। यह एक ग्रामीण सभ्यता थी।
मेसोपोटामिया की सभ्यता के अंतर्गत 'झूलता हुआ बगीचा' (Hanging Gardens) कहाँ स्थित है?
सुमेरिया में|असीरिया में|कैल्ड्रिया में|बेबीलोन में
बेबीलोन में
SSC GD,All
मेसोपोटामिया की सभ्यता 4 भागों में विभाजित थी। 'झूलता हुआ बगीचा' (प्राचीन अजूबा) 'बेबीलोन की सभ्यता' में स्थित है।
मिस्र की सभ्यता (Egypt Civilization) का विकास किस नदी के किनारे हुआ था?
दजला नदी|नील नदी (Nile)|पीली नदी|अमेजन नदी
नील नदी (Nile)
SSC,All
मिस्र की सभ्यता (2100 ई.पू.) अफ्रीका के रेगिस्तानों में 'नील नदी' के किनारे विकसित हुई थी। इसे नील नदी का वरदान कहा जाता है।
मिस्र की सभ्यता के राजाओं को क्या कहा जाता था, जिनके लिए पिरामिड बनाए गए थे?
सीज़र|ऑगस्टस|फिरौन (Pharaoh)|सुल्तान
फिरौन (Pharaoh)
SSC,UPPSC,All
मिस्र की सभ्यता का विकास 'फिरौन' (Pharaoh) के नेतृत्व में हुआ था। फिरौन मिस्र के शासकों की उपाधि थी। गिजा का पिरामिड इन्हीं से संबंधित है।
रोम की सभ्यता (600 ई.पू.) इटली में विकसित हुई। इसके सबसे प्रतापी राजा कौन थे?
सिकंदर और पोरस|जूलियस सीज़र और ऑगस्टस|लियोनाइडस और जरक्सीज|फिरौन और क्लियोपेट्रा
जूलियस सीज़र और ऑगस्टस
SSC,All
रोम की सभ्यता ने पूरे भूमध्यसागर पर अधिकार कर लिया था। जूलियस सीज़र और ऑगस्टस इस सभ्यता के सबसे महान और प्रतापी राजा थे।
वर्तमान ईरान में विकसित 'फारस की सभ्यता' (Persian Civilization) के लोग किस धर्म को मानते थे?
इस्लाम|ईसाई|पारसी धर्म (Zoroastrianism)|यहूदी
पारसी धर्म (Zoroastrianism)
SSC,RO/ARO,All
फारस की सभ्यता (500 ई.पू.) वर्तमान ईरान में थी। यहाँ के लोग 'पारसी धर्म' को मानते थे। यूनानी आक्रमणकारी सिकंदर ने इस सभ्यता का अंत कर दिया था।
ग्रीस (यूनान) की सभ्यता का वह कौन सा नगर था, जिसके मात्र 300 सैनिकों ने राजा लियोनाइडस के नेतृत्व में 20,000 की सेना का सामना किया था?
एथेंस|ट्रॉय|मैसेडोनिया|स्पार्टा (Sparta)
स्पार्टा (Sparta)
SSC GD,State PCS,All
स्पार्टा ग्रीस के पास का एक सैन्य क्षेत्र था। स्पार्टा अपने बहादुर सैनिकों के लिए विख्यात था जहाँ 300 सैनिकों ने अप्रतिम शौर्य का प्रदर्शन किया था।
चीन की सभ्यता (5000 ई.पू.) अपनी उपजाऊ भूमि के लिए प्रसिद्ध थी। यह किस नदी के तट पर विकसित हुई?
यांग्त्ज़ी नदी|ह्वांगहो नदी (पीली नदी)|मेकांग नदी|सिंधु नदी
ह्वांगहो नदी (पीली नदी)
SSC,All
चीन की सभ्यता ह्वांगहो नदी के तट पर विकसित हुई थी। ह्वांगहो नदी को 'पीली नदी' (Yellow River) भी कहा जाता है। इसलिए इसे पीली नदी की सभ्यता भी कहते हैं।
सिंधु घाटी सभ्यता के विस्तार का आकार (Shape) कैसा था और इसका लगभग क्षेत्रफल कितना था?
वर्गाकार, 10 लाख वर्ग किमी|आयताकार, 15 लाख वर्ग किमी|त्रिभुजाकार, 13 लाख वर्ग किमी|गोलाकार, 20 लाख वर्ग किमी
त्रिभुजाकार, 13 लाख वर्ग किमी
UPSC,State PCS,SSC,All
सिंधु सभ्यता का भौगोलिक आकार 'त्रिभुजाकार' (Triangular) था तथा इसका कुल क्षेत्रफल लगभग 13 लाख वर्ग किलोमीटर में फैला हुआ था।
भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण विभाग की स्थापना 1904 ई. में किस वायसराय के कार्यकाल में हुई थी?
लॉर्ड डलहौजी|लॉर्ड कैनिंग|लॉर्ड कर्जन|लॉर्ड रिपन
लॉर्ड कर्जन
SSC,State PCS,All
1904 ई. में लॉर्ड कर्जन के समय में पुरातत्व विभाग की स्थापना की गई थी, जिसके महानिदेशक सर जॉन मार्शल बनाए गए थे।
सिंधु सभ्यता के संबंध में सबसे पहले जानकारी (1826 ई.) किस विद्वान ने दी थी?
अलेक्जेंडर कनिंघम|चार्ल्स मैसन|सर जॉन मार्शल|दयाराम साहनी
चार्ल्स मैसन
SSC,UPPSC,All
सिंधु सभ्यता की जानकारी सबसे पहले चार्ल्स मैसन ने 1826 ई. में दी थी। इसके बाद 1853 ई. में अलेक्जेंडर कनिंघम ने इसका सर्वेक्षण किया था।
कथन (A): हड़प्पा की खुदाई 1921 में दयाराम साहनी ने की थी।
कारण (R): हड़प्पा सिंधु सभ्यता की पहली खुदाई थी, इसलिए इस पूरी सभ्यता को 'हड़प्पा सभ्यता' कहा जाता है।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है
UPSC,All
पुरातात्विक परंपरा के अनुसार, जिस स्थल की सबसे पहले खुदाई होती है, उसी के नाम पर सभ्यता का नामकरण किया जाता है। इसलिए इसे हड़प्पा सभ्यता कहा जाता है। दोनों कथन सत्य हैं।
सिंधु सभ्यता की चारों सीमाओं (उत्तरी, दक्षिणी, पूर्वी, पश्चिमी) के स्थलों का सही समूह कौन सा है?
मांडा, दैमाबाद, आलमगीरपुर, सुत्कागेंडोर|रोपड़, लोथल, कालीबंगा, बनावली|हड़प्पा, मोहनजोदड़ो, चन्हूदड़ो, सुरकोटदा|राखीगढ़ी, धोलावीरा, रंगपुर, कुणाल
मांडा, दैमाबाद, आलमगीरपुर, सुत्कागेंडोर
UPPSC,SSC,All
उत्तरी सीमा मांडा (जम्मू-कश्मीर), दक्षिणी दैमाबाद (महाराष्ट्र), पूर्वी आलमगीरपुर (उत्तर प्रदेश) और पश्चिमी सीमा सुत्कागेंडोर (पाकिस्तान) है।
हड़प्पा के उत्खनन से प्राप्त 'R-37' क्या है?
एक विशाल भवन|एक प्रकार का मुहर|एक बड़ा कब्रिस्तान (Graveyard)|सिंधु लिपि का एक अक्षर
एक बड़ा कब्रिस्तान (Graveyard)
SSC,State PCS,All
हड़प्पा के उत्खनन से लकड़ी का ताबूत और एक बड़ा कब्रिस्तान मिला है जिसे पुरातत्वविदों ने 'R-37' (समाधि R-37) नाम दिया है।
हड़प्पावासी किस धातु के निर्माण के लिए 'लुप्त मोम विधि' (Lost Wax Method) का प्रयोग करते थे?
सोना|लोहा|कांसा (Bronze)|चांदी
कांसा (Bronze)
SSC,UPPSC,All
हड़प्पावासी तांबे में टिन मिलाकर कांसा बनाते थे। मोहनजोदड़ो से प्राप्त कांसे की नर्तकी की मूर्ति इसी 'लुप्त मोम विधि' (Lost wax method) से बनाई गई थी।
निम्नलिखित में से किस हड़प्पाई स्थल से सूती वस्त्र (Cotton clothes) और सबसे चौड़ी सड़क (राजपथ) के साक्ष्य मिले हैं?
हड़प्पा|लोथल|कालीबंगा|मोहनजोदड़ो
मोहनजोदड़ो
SSC GD,RO/ARO,All
मोहनजोदड़ो से सूती वस्त्र, सबसे चौड़ी सड़क, अन्नागार, स्नानागार, पशुपति शिव की मुहर और कांसे की नर्तकी की मूर्ति मिली है।
सिंधु सभ्यता का वह कौन सा एकमात्र शहर था, जो 'दुर्ग रहित' (Without Citadel) था और जहाँ से औद्योगिक गतिविधियों के साक्ष्य मिले हैं?
बनावली|धोलावीरा|चन्हूदड़ो|सुरकोटदा
चन्हूदड़ो
SSC,UPPSC,All
चन्हूदड़ो (1931) सिंधु नदी के तट पर स्थित है। यह एकमात्र ऐसा शहर है जहाँ कोई दुर्ग नहीं मिला है। यह मनका बनाने और सौंदर्य प्रसाधन (लिपस्टिक) का औद्योगिक केंद्र था।
सूची-I को सूची-II से सुमेलित कीजिए:
सूची-I (स्थल)
A. रोपड़
B. रंगपुर
C. बनावली
D. कुणाल
सूची-II (प्राप्त साक्ष्य)
1. धान (चावल) की भूसी
2. चांदी के दो मुकुट
3. मानव के साथ कुत्ता दफनाना
4. टेढ़ी-मेढ़ी सड़कें व मिट्टी का हल
A-3, B-1, C-4, D-2|A-1, B-3, C-2, D-4|A-4, B-2, C-1, D-3|A-2, B-4, C-3, D-1
A-3, B-1, C-4, D-2
UPSC,UPPSC,All
रोपड़ से मानव के साथ कुत्ता, रंगपुर से धान की भूसी, बनावली से टेढ़ी-मेढ़ी सड़कें (जल निकासी का अभाव) व मिट्टी का हल, और कुणाल से चांदी के दो मुकुट मिले हैं।
कथन (A): कालीबंगा से जुते हुए खेत (Ploughed field) और अलंकृत ईंटों के साक्ष्य प्राप्त हुए हैं।
कारण (R): कालीबंगा राजस्थान में घग्घर नदी के किनारे स्थित है, जिसका अर्थ 'काली मिट्टी की चूड़ी' होता है।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है
UPSC,All
दोनों कथन पूर्णतः सत्य हैं। कालीबंगा से खेत और चूड़ियाँ मिली हैं, और इसका अर्थ भी सही है। लेकिन कारण (R), कथन (A) की कोई व्याख्या नहीं करता।
भारत में स्थित सिंधु घाटी सभ्यता का सबसे बड़ा स्थल (Largest Site in India) कौन सा है?
राखीगढ़ी|धोलावीरा|कालीबंगा|लोथल
राखीगढ़ी
SSC,State PCS,All
सिंधु सभ्यता का समग्र रूप से सबसे बड़ा स्थल मोहनजोदड़ो है, लेकिन भारत में स्थित इसका सबसे बड़ा स्थल हरियाणा का 'राखीगढ़ी' है। धोलावीरा दूसरा सबसे बड़ा है।
निम्नलिखित में से किस हड़प्पाई नगर को 'तीन भागों' (दुर्ग, मध्य नगर, निचला नगर) में विभाजित किया गया था?
सुरकोटदा|कालीबंगा|धोलावीरा|हड़प्पा
धोलावीरा
SSC,UPPSC,All
धोलावीरा (गुजरात) एकमात्र ऐसा नगर है जो तीन भागों में विभाजित था। यहाँ से एक विशाल स्टेडियम (खेल का मैदान) और उत्तम जल प्रबंधन के साक्ष्य मिले हैं।
हड़प्पा सभ्यता का वह कौन सा स्थल है जिसे सिंधु सभ्यता का 'छोटा बंदरगाह' (Small Port) भी कहा जाता है और जहाँ से घोड़े की हड्डियाँ मिली हैं?
लोथल|चन्हूदड़ो|सुरकोटदा|रंगपुर
सुरकोटदा
RO/ARO,SSC,All
सुरकोटदा (गुजरात) से कलश शवाधान और घोड़े की हड्डियाँ (अस्थियाँ) प्राप्त हुई हैं। इसे सिंधु सभ्यता का एक छोटा बंदरगाह भी माना जाता था।
सिंधु सभ्यता के किस शहर में घरों के दरवाजे मुख्य सड़क (Main Road) की ओर खुलते थे?
लोथल|कालीबंगा|मोहनजोदड़ो|बनावली
लोथल
SSC GD,All
सिंधु सभ्यता में सामान्यतः दरवाजे पीछे की गली में खुलते थे, लेकिन व्यापारिक नगर और गोदीबाड़ा (Dockyard) होने के कारण लोथल के दरवाजे मुख्य सड़क की ओर खुलते थे।
सिंधु घाटी सभ्यता के लोगों ने नगरों और घरों के विन्यास के लिए कौन सी पद्धति अपनाई थी?
त्रिभुजाकार पद्धति|गोलाकार पद्धति|ग्रिड पद्धति (Grid System)|वृत्ताकार पद्धति
ग्रिड पद्धति (Grid System)
SSC,UPPSC,All
सिंधु सभ्यता एक सुनियोजित नगरीय सभ्यता थी। यहाँ की सड़कें एक-दूसरे को समकोण पर काटती थीं, जिसे 'ग्रिड पद्धति' (Grid System) कहा जाता है।
सिंधु सभ्यता की अर्थव्यवस्था के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. अर्थव्यवस्था का मुख्य आधार कृषि था।
2. व्यापार (अंतर्राष्ट्रीय) विदेशों से होता था (जैसे फारस)।
3. व्यापार के लिए सोने और चांदी के सिक्कों का प्रचुर उपयोग होता था।
उपर्युक्त में से कौन-से कथन सत्य हैं?
केवल 1 और 2|केवल 2 और 3|केवल 1 और 3|1, 2 और 3
केवल 1 और 2
UPSC,State PCS,All
कथन 3 असत्य है क्योंकि सिंधु सभ्यता में सिक्कों (मुद्रा) का प्रचलन नहीं था। व्यापार मुख्य रूप से 'वस्तु-विनिमय प्रणाली' (Barter System) पर आधारित था।
सिंधु घाटी सभ्यता के समाज को इतिहासकारों ने किस प्रकार का समाज माना है?
पितृसत्तात्मक (Patriarchal)|मातृसत्तात्मक (Matriarchal)|कबीलाई (Tribal)|पुरोहित-प्रधान
मातृसत्तात्मक (Matriarchal)
SSC,All
उत्खनन से बड़ी संख्या में स्त्रियों (मातृदेवी) की मिट्टी की मूर्तियां मिलने के कारण यह निष्कर्ष निकाला गया है कि सिंधु समाज मातृसत्तात्मक था।
हड़प्पा लिपि (Harappan Script) को क्या कहा जाता है और इसे किस दिशा में लिखा जाता था?
ब्राह्मी लिपि - बाएं से दाएं|बौस्ट्रोफेडन - दाएं से बाएं (पहली पंक्ति)|खरोष्ठी - ऊपर से नीचे|क्यूनिफॉर्म - बाएं से दाएं
बौस्ट्रोफेडन - दाएं से बाएं (पहली पंक्ति)
UPSC,SSC,All
हड़प्पा की भावचित्रात्मक लिपि को 'बौस्ट्रोफेडन' (Boustrophedon) कहा जाता है। इसमें पहली पंक्ति दाएं से बाएं तथा दूसरी बाएं से दाएं लिखी जाती थी। इसे अब तक पढ़ा नहीं जा सका है।
सिंधु सभ्यता की मुहरों (Seals) पर सर्वाधिक किस पशु का अंकन मिलता है?
गाय|शेर|एक सींग वाला जानवर (Unicorn)|कूबड़ वाला सांड
एक सींग वाला जानवर (Unicorn)
SSC,RO/ARO,All
हड़प्पाई मुहरों पर सबसे अधिक अंकन 'एक सींग वाले जानवर' (एकश्रृंगी पशु) का मिलता है। ध्यान रहे कि उनका परमपूज्य पशु कूबड़ वाला सांड था, लेकिन मुहरों पर चित्र एकश्रृंगी का अधिक है।
सिंधुवासियों के धार्मिक जीवन में सर्वाधिक पूज्य पशु (Sacred animal), वृक्ष और पक्षी क्रमशः कौन से थे?
गाय, नीम, मोर|कूबड़ वाला सांड, पीपल, बतख|हाथी, बरगद, कबूतर|शेर, आम, हंस
कूबड़ वाला सांड, पीपल, बतख
UPPSC,SSC GD,All
सिंधुवासी प्रकृति पूजक थे। उनका परमपूज्य पशु कूबड़ वाला सांड (वृषभ), परमपूज्य वृक्ष पीपल, और परमपूज्य पक्षी बतख (Duck) था।
सिंधु घाटी सभ्यता में 'स्वास्तिक चिह्न' (Swastika) किसका प्रतीक माना जाता है?
अग्नि पूजा|सूर्य पूजा|जल पूजा|पवन पूजा
सूर्य पूजा
SSC,State PCS,All
हड़प्पा की मुहरों पर प्राप्त स्वास्तिक चिह्न सिंधु घाटी सभ्यता की देन है। इतिहासकार इसे सूर्य पूजा (Sun Worship) का प्रतीक मानते हैं।
सिंधु सभ्यता में माप-तौल (Weights and Measures) के लिए प्रयुक्त बाटों का न्यूनतम वजन कितना था और वे किस गुणक में होते थे?
10 kg, 10 के गुणक में|12 kg, 12 के गुणक में|16 kg, 16 के गुणक में|20 kg, 20 के गुणक में
16 kg, 16 के गुणक में
SSC,All
सिंधु सभ्यता में तौल की इकाई मुख्य रूप से 16 के अनुपात (गुणक) में होती थी (जैसे 16, 32, 64)। यहाँ का न्यूनतम बाट 16 किलोग्राम का था।
कथन (A): सिंधु घाटी सभ्यता के लोग लोहे (Iron) और तलवार (Sword) से पूर्णतः अपरिचित थे।
कारण (R): यह एक कांस्य युगीन सभ्यता थी और लोग शांतिप्रिय थे, जो युद्ध के बजाय व्यापार पर अधिक ध्यान देते थे।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है
UPSC,All
सिंधुवासी लोहे से अनजान थे (लोहे की खोज वैदिक काल में हुई)। वे शांतिप्रिय थे, इसीलिए वहाँ से भारी मात्रा में तलवार या उन्नत अस्त्र-शस्त्र नहीं मिले हैं।
विश्व में सर्वप्रथम 'कपास' (Cotton) उगाने का श्रेय किस सभ्यता को जाता है, जिसे यूनानियों ने 'सिंडन' कहा था?
मेसोपोटामिया की सभ्यता|मिस्र की सभ्यता|चीन की सभ्यता|सिंधु घाटी की सभ्यता
सिंधु घाटी की सभ्यता
SSC,UPPSC,All
सिंधुवासी विश्व में कपास (Cotton) के प्रथम उत्पादक थे। इसी कारण यूनानियों ने इसे 'सिंडन' (Sindon) का नाम दिया था।
सिंधु सभ्यता के लोगों के मनोरंजन के प्रमुख साधन क्या थे?
रथ दौड़ और घुड़सवारी|ग्लेडिएटर युद्ध|पासा खेलना और शिकार (चौपड़)|तैराकी
पासा खेलना और शिकार (चौपड़)
SSC,All
सिंधु सभ्यता के लोग मनोरंजन के लिए मुख्य रूप से पासा खेलते थे, शिकार करते थे (चौपड़) और जानवरों की लड़ाइयाँ देखते थे।
आईआईटी खड़गपुर (IIT Kharagpur) के नवीनतम उत्खनन/शोध के अनुसार सिंधु घाटी सभ्यता के पतन का सबसे महत्वपूर्ण कारण क्या है?
आर्यों का आक्रमण|लगातार 900 वर्षों तक वर्षा में कमी (जलवायु परिवर्तन)|भयंकर बाढ़|मलेरिया महामारी
लगातार 900 वर्षों तक वर्षा में कमी ( जलवायु परिवर्तन)
UPSC,State PCS,All
आईआईटी खड़गपुर के अनुसार, जलवायु परिवर्तन (Climate Change) और लगभग 900 वर्षों तक पड़े भयंकर सूखे के कारण इस सभ्यता का पतन हुआ था।
सूची-I (पतन का कारण) को सूची-II (विद्वान) से सुमेलित कीजिए:
सूची-I
A. बाढ़
B. बाह्य एवं आर्य आक्रमण
C. प्राकृतिक आपदा (महामारी)
D. जलवायु परिवर्तन
सूची-II
1. के.यू.आर. कनेडी
2. ऑरेल स्टीन एवं अमलानंद घोष
3. जॉन मार्शल एवं मैके
4. गार्डन चाइल्ड एवं व्हीलर
A-3, B-4, C-1, D-2|A-4, B-3, C-2, D-1|A-1, B-2, C-3, D-4|A-3, B-1, C-4, D-2
A-3, B-4, C-1, D-2
RO/ARO,UPPSC,All
बाढ़ - मार्शल, बाह्य आक्रमण - चाइल्ड व व्हीलर, महामारी - कनेडी, जलवायु परिवर्तन - स्टीन व घोष ने माना था।
विश्व की सबसे पहली सभ्यता, जो इराक में दजला और फरात नदियों के मध्य विकसित हुई, कौन सी थी?
सिंधु सभ्यता|मिस्र की सभ्यता|मेसोपोटामिया की सभ्यता|चीन की सभ्यता
मेसोपोटामिया की सभ्यता
SSC,All
मेसोपोटामिया (10,000 ई.पू.) विश्व की पहली सभ्यता थी। यह एक ग्रामीण (Rural) सभ्यता थी जो वर्तमान इराक में दजला-फरात नदियों के बीच विकसित हुई।
मेसोपोटामिया की सभ्यता के लोग अपने मंदिरों (पूजा स्थलों) को क्या कहते थे?
जिगुरात (Ziggurat)|पिरामिड|मठ|स्तूप
जिगुरात (Ziggurat)
SSC,UPPSC,All
मेसोपोटामिया की सभ्यता में मंदिरों या विशाल पूजा स्थलों को 'जिगुरात' (Ziggurat) कहा जाता था।
प्राचीन अजूबा 'झूलता हुआ बगीचा' (Hanging Gardens) किस सभ्यता की देन है?
मिस्र की सभ्यता|बेबीलोन की सभ्यता (मेसोपोटामिया)|रोम की सभ्यता|फारस की सभ्यता
बेबीलोन की सभ्यता (मेसोपोटामिया)
SSC GD,All
झूलता हुआ बगीचा (Hanging Gardens) बेबीलोन में स्थित है, जो मेसोपोटामिया की सभ्यता का ही एक हिस्सा (4 भागों में से एक) था।
मिस्र की सभ्यता (Egypt Civilization) का विकास किस नदी के किनारे हुआ और यहाँ के राजा को क्या कहते थे?
दजला नदी, सीज़र|पीली नदी, सिकंदर|नील नदी (Nile), फिरौन (Pharaoh)|अमेजन नदी, ऑगस्टस
नील नदी (Nile), फिरौन (Pharaoh)
SSC,State PCS,All
मिस्र की सभ्यता अफ्रीका में नील नदी की घाटी में विकसित हुई थी। यहाँ के राजाओं को 'फिरौन' (Pharaoh) कहा जाता था, जिनके लिए पिरामिड बनाए जाते थे।
मिस्र की सभ्यता के लोग शवों को संरक्षित करने के लिए रसायन का लेप लगाकर उन्हें पिरामिडों में रखते थे। इन सुरक्षित शवों को क्या कहा जाता है?
कंकाल|ममी (Mummy)|जीवाश्म|कलश शवाधान
ममी (Mummy)
SSC,All
मिस्र की सभ्यता का रसायन शास्त्र (Chemistry) अत्यंत उन्नत था। रसायनों के लेप से सुरक्षित रखे गए शवों को 'ममी' (Mummy) कहा जाता है।
रोम की सभ्यता (600 ई.पू.) इटली में विकसित हुई थी। इस सभ्यता के सबसे महान और प्रतापी शासक कौन थे?
सिकंदर और पोरस|लियोनाइडस और जरक्सीज|जूलियस सीज़र और ऑगस्टस|फिरौन और नेल्सन
जूलियस सीज़र और ऑगस्टस
SSC,RO/ARO,All
रोम की सभ्यता ने पूरे भूमध्यसागर पर अधिकार कर लिया था। जूलियस सीज़र और ऑगस्टस इसके सबसे प्रतापी राजा थे। जूलियस सीज़र की हत्या धोखे से की गई थी।
वर्तमान ईरान (Iran) में विकसित 'फारस की सभ्यता' (Persian Civilization) के लोग मुख्य रूप से किस धर्म के अनुयायी थे?
इस्लाम|ईसाई|पारसी धर्म (Zoroastrianism)|बौद्ध
पारसी धर्म (Zoroastrianism)
SSC,UPPSC,All
फारस की सभ्यता (500 ई.पू.) में लोग पारसी धर्म को मानते थे। यूनानी आक्रांता सिकंदर (Alexander) ने आक्रमण करके इस सभ्यता का अंत कर दिया था।
ग्रीस (यूनान) की सभ्यता के किस सैन्य नगर के मात्र 300 सैनिकों ने राजा लियोनाइडस (Leonidas) के नेतृत्व में 20,000 की विशाल सेना का बहादुरी से सामना किया था?
एथेंस|ट्रॉय|स्पार्टा (Sparta)|मैसेडोनिया
स्पार्टा (Sparta)
SSC GD,All
स्पार्टा ग्रीस के पास का एक छोटा सा क्षेत्र था जो अपने बहादुर सैनिकों के लिए प्रसिद्ध था। यहाँ के 300 सैनिकों ने अद्भुत शौर्य का प्रदर्शन किया था।
अपनी अत्यंत उपजाऊ भूमि के लिए प्रसिद्ध 'चीन की सभ्यता' किस नदी के तट पर विकसित हुई थी?
यांग्त्ज़ी नदी|ह्वांगहो नदी (पीली नदी)|नील नदी|दजला नदी
ह्वांगहो नदी (पीली नदी)
SSC,All
चीन की सभ्यता (5000 ई.पू.) ह्वांगहो नदी के तट पर विकसित हुई थी। इस नदी का पानी पीला होने के कारण इसे 'पीली नदी की सभ्यता' भी कहा जाता है।
सिंधु सभ्यता में प्राप्त 'युगल शवाधान' (Double Burial) को इतिहासकार किस सामाजिक प्रथा का प्रारंभिक या प्रतीकात्मक रूप मानते हैं?
दहेज प्रथा|बाल विवाह|सती प्रथा|दास प्रथा
सती प्रथा
UPSC,UPPSC,All
लोथल और कालीबंगा से प्राप्त युगल शवाधान (स्त्री और पुरुष को एक साथ दफनाना) को कुछ इतिहासकार 'सती प्रथा' के शुरुआती संकेत के रूप में देखते हैं।
सिंधु घाटी सभ्यता के संबंध में 'टेराकोटा' (Terracotta) का अर्थ क्या है?
पत्थर के औजार|आग में पकी हुई मिट्टी|कांसे के बर्तन|सोने के सिक्के
आग में पकी हुई मिट्टी
SSC,State PCS,All
सिंधु सभ्यता में आग में पकी हुई मिट्टी को 'टेराकोटा' कहा जाता था। टेराकोटा की कई मूर्तियां (जैसे मातृदेवी, पशु-पक्षी) और खिलौने खुदाई में प्राप्त हुए हैं।
सिंधुवासियों का समाज मुख्य रूप से किन चार वर्गों में विभाजित था?
ब्राह्मण, क्षत्रिय, वैश्य, शूद्र|विद्वान (पुरोहित), योद्धा, व्यापारी/शिल्पकार, श्रमिक|राजा, सेनापति, किसान, दास|अमीर, गरीब, शासक, शासित
विद्वान (पुरोहित), योद्धा, व्यापारी/शिल्पकार, श्रमिक
UPPSC,SSC,All
सिंधु सभ्यता में वैदिक काल जैसी वर्ण व्यवस्था नहीं थी। वहाँ का समाज कर्म के आधार पर 4 वर्गों (विद्वान, योद्धा, व्यापारी और श्रमिक) में बँटा हुआ था।
निम्नलिखित में से किस स्थल से 'एक ईंट पर बिल्ली का पीछा करते हुए कुत्ते के पंजों के निशान' (Footprints of dog chasing a cat) प्राप्त हुए हैं?
चन्हूदड़ो|लोथल|कालीबंगा|हड़प्पा
चन्हूदड़ो
SSC,RO/ARO,All
चन्हूदड़ो (1931) एक औद्योगिक केंद्र था। यहीं से एक ईंट पर बिल्ली का पीछा करते कुत्ते के पंजों के निशान प्राप्त हुए हैं, जो उस समय के पालतू जानवरों की उपस्थिति दर्शाते हैं.
मोहनजोदड़ो का शाब्दिक अर्थ 'मृतकों का टीला' है। लेकिन आश्चर्यजनक रूप से यहाँ से कौन सा साक्ष्य प्राप्त **नहीं** हुआ है?
विशाल अन्नागार|कोई व्यवस्थित कब्रिस्तान|सूती वस्त्र|कांसे की नर्तकी
कोई व्यवस्थित कब्रिस्तान
UPSC,All
मोहनजोदड़ो से कंकालों का ढेर मिला है, लेकिन हड़प्पा के R-37 की तरह यहाँ से कोई 'व्यवस्थित कब्रिस्तान' नहीं मिला है। यहाँ शवों को जलाने (दाह संस्कार) की प्रथा अधिक थी।
प्राचीन यूनानी (Greek) ग्रंथों में 'मेसोपोटामिया' शब्द का शाब्दिक अर्थ क्या है?
पहाड़ों के बीच की भूमि|दो नदियों के बीच की भूमि|समुद्र के किनारे की भूमि|रेगिस्तान की भूमि
दो नदियों के बीच की भूमि
SSC,State PCS,All
मेसोपोटामिया (Mesopotamia) ग्रीक भाषा का शब्द है जिसका अर्थ है "दो नदियों के बीच की भूमि" (Land between two rivers)। यह दजला और फरात नदियों के बीच स्थित थी।
'जूलियस सीज़र' नामक प्रसिद्ध नाटक की रचना किस महान अंग्रेजी साहित्यकार ने की थी?
चार्ल्स डिकेंस|विलियम शेक्सपियर (William Shakespeare)|जॉन मिल्टन|होमर
विलियम शेक्सपियर (William Shakespeare)
SSC GD,All
रोम के प्रतापी राजा जूलियस सीज़र की उनके ही करीबियों द्वारा धोखे से हत्या कर दी गई थी। इसी घटना पर प्रसिद्ध नाटककार 'विलियम शेक्सपियर' ने नाटक लिखा है।
कथन (A): सिंधु सभ्यता के लोग 'पुनर्जन्म' (Rebirth) में गहरा विश्वास रखते थे।
कारण (R): कब्रों में शवों के साथ दैनिक उपयोग की वस्तुओं, आभूषणों और कभी-कभी पालतू जानवरों (जैसे रोपड़ में कुत्ता) को दफनाए जाने के साक्ष्य मिले हैं।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है
UPSC,UPPSC,All
कब्रों में दैनिक उपयोग की वस्तुएं रखने का मुख्य कारण यही था कि सिंधुवासियों का मानना था कि मृत्यु के बाद (पुनर्जन्म में) मृत व्यक्ति को इन वस्तुओं की आवश्यकता होगी। अतः कारण, कथन की सही व्याख्या है।
सिंधु घाटी सभ्यता को किस युग (Age) में रखा जाता है?
लौह युग (Iron Age)|नवपाषाण युग (Neolithic Age)|आद्य-ऐतिहासिक और कांस्य युग (Proto-Historic and Bronze Age)|ऐतिहासिक युग (Historic Age)
आद्य-ऐतिहासिक और कांस्य युग (Proto-Historic and Bronze Age)
SSC,State PCS,All
सिंधु सभ्यता को 'आद्य-ऐतिहासिक काल' (क्योंकि लिपि मिली है पर पढ़ी नहीं जा सकी) और 'कांस्य युग' (क्योंकि उन्होंने तांबे और टिन से कांसा बनाया) में रखा जाता है।
सिंधु सभ्यता के मुहरों पर किस जानवर का चित्र सबसे अधिक पाया गया है, जबकि वह उनका सबसे पवित्र जानवर नहीं था?
कूबड़ वाला सांड|एकश्रृंगी पशु (Unicorn)|हाथी|बाघ
एकश्रृंगी पशु (Unicorn)
SSC,All
सिंधुवासियों का परमपूज्य पशु 'कूबड़ वाला सांड' (Humped Bull) था, लेकिन मुहरों (Seals) पर सबसे अधिक अंकन/चित्र 'एकश्रृंगी पशु' (Unicorn) का मिलता है।
'स्टेडियम' (खेल का मैदान) के साक्ष्य सिंधु घाटी सभ्यता के किस स्थल से प्राप्त हुए हैं?
हड़प्पा|लोथल|धोलावीरा|कालीबंगा
धोलावीरा
UPPSC,SSC,All
गुजरात के धोलावीरा से उन्नत जल-प्रबंधन के साथ-साथ एक बड़े स्टेडियम (खेल के मैदान) के साक्ष्य भी प्राप्त हुए हैं। यह नगर तीन भागों में बंटा था।
सिंधु सभ्यता की सड़कों में सामान्यतः किस सामग्री का प्रयोग होता था?
पक्की ईंटें|पत्थर|डामर|कच्ची मिट्टी
कच्ची मिट्टी
State PCS,All
यद्यपि सिंधु सभ्यता के घर पक्की ईंटों के बने होते थे और नालियां भी पक्की होती थीं, लेकिन सड़कें सामान्यतः कच्ची मिट्टी की ही बनी होती थीं (मोहनजोदड़ो की मुख्य सड़क के पक्की होने के कुछ साक्ष्य हैं, लेकिन सामान्यतः कच्ची)।
हड़प्पा सभ्यता का व्यापारिक संबंध किन विदेशी सभ्यताओं से था?
केवल मेसोपोटामिया|केवल चीन|मेसोपोटामिया और फारस (ईरान)|मिस्र और रोम
मेसोपोटामिया और फारस (ईरान)
SSC,All
हड़प्पावासियों का अंतर्राष्ट्रीय व्यापार मुख्य रूप से मेसोपोटामिया और फारस (Persia) से होता था। लोथल से मिली फारस की मुहर इसका पुख्ता प्रमाण है।
सूची-I (सिंधु सभ्यता की सीमा) को सूची-II (संबंधित स्थल) से सुमेलित कीजिए:
सूची-I
A. उत्तरी सीमा
B. दक्षिणी सीमा
C. पूर्वी सीमा
D. पश्चिमी सीमा
सूची-II
1. आलमगीरपुर (उत्तर प्रदेश)
2. सुत्कागेंडोर (पाकिस्तान)
3. मांडा (जम्मू-कश्मीर)
4. दैमाबाद (महाराष्ट्र)
A-3, B-4, C-1, D-2|A-1, B-2, C-3, D-4|A-4, B-3, C-2, D-1|A-3, B-1, C-4, D-2
A-3, B-4, C-1, D-2
UPSC,UPPSC,SSC,All
सिंधु सभ्यता की उत्तरी सीमा मांडा (चिनाब नदी), दक्षिणी सीमा दैमाबाद (प्रवरा नदी), पूर्वी सीमा आलमगीरपुर (हिंडन नदी) और पश्चिमी सीमा सुत्कागेंडोर (दासक नदी) पर स्थित थी।
धोलावीरा (गुजरात) के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. यह भारत में स्थित सिंधु सभ्यता का सबसे बड़ा स्थल है।
2. यह नगर तीन भागों (दुर्ग, मध्य नगर और निचला नगर) में विभाजित था।
3. यहाँ से जल प्रबंधन की उन्नत तकनीक और एक विशाल स्टेडियम के साक्ष्य मिले हैं।
उपर्युक्त में से कौन-से कथन सत्य हैं?
केवल 1 और 2|केवल 2 और 3|केवल 1 और 3|1, 2 और 3
केवल 2 और 3
UPSC,State PCS,All
कथन 1 असत्य है क्योंकि भारत में स्थित सिंधु सभ्यता का सबसे बड़ा स्थल 'राखीगढ़ी' (हरियाणा) है। धोलावीरा दूसरा सबसे बड़ा है। अन्य दोनों कथन (तीन भाग और स्टेडियम) सत्य हैं।
कथन (A): हड़प्पा की लिपि (Harappan Script) को आज तक पढ़ा नहीं जा सका है।
कारण (R): इस लिपि को लिखने की शैली 'बौस्ट्रोफेडन' (Boustrophedon) थी, जिसमें पहली पंक्ति दाएँ से बाएँ और दूसरी बाएँ से दाएँ लिखी जाती थी।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है
UPSC,All
हड़प्पा की लिपि भावचित्रात्मक है। इसके अपठनीय होने का एक बड़ा कारण इसकी जटिल 'बौस्ट्रोफेडन' (सर्पिलाकार) लेखन शैली भी है, जो इसे समझने में कठिन बनाती है।
हरियाणा के फतेहाबाद जिले में स्थित किस हड़प्पाई स्थल से उत्खनन के दौरान 'चांदी के दो मुकुट' (Silver Crowns) प्राप्त हुए हैं?
बनावली|राखीगढ़ी|कुणाल|रोपड़
कुणाल
SSC,RO/ARO,All
हरियाणा के फतेहाबाद में स्थित 'कुणाल' नामक पुरास्थल से उत्खनन में चांदी के दो मुकुट मिले हैं, जो उस समय आभूषणों में चांदी के प्रयोग को दर्शाते हैं।
सिंधु घाटी सभ्यता एक कांस्य युगीन सभ्यता थी। यहाँ के लोग किस धातु से पूर्णतः अपरिचित थे?
सोना|चांदी|तांबा|लोहा
लोहा
SSC GD,All
सिंधुवासी तांबे में टिन मिलाकर कांसा बनाना जानते थे और सोने-चांदी के आभूषण पहनते थे, लेकिन वे 'लोहे' (Iron) से बिल्कुल अनजान थे।
सूची-I (हड़प्पाई स्थल) को सूची-II (उत्खननकर्ता) से सुमेलित कीजिए:
सूची-I
A. हड़प्पा
B. मोहनजोदड़ो
C. कालीबंगा
D. लोथल
सूची-II
1. राखालदास बनर्जी
2. दयाराम साहनी
3. एस.आर. राव
4. बी.बी. लाल एवं बी.के. थापर
A-2, B-1, C-4, D-3|A-1, B-2, C-3, D-4|A-4, B-3, C-2, D-1|A-2, B-4, C-1, D-3
A-2, B-1, C-4, D-3
UPPSC,SSC,All
हड़प्पा की खुदाई दयाराम साहनी (1921), मोहनजोदड़ो की राखालदास बनर्जी (1922), कालीबंगा की बी.बी. लाल व बी.के. थापर (1961), और लोथल की एस.आर. राव (1955) ने की थी।
लोथल के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार करें:
1. यह गुजरात में भोगवा नदी के किनारे स्थित था।
2. यहाँ से फारस (Persia) की मुहर प्राप्त हुई है, जो विदेशी व्यापार का संकेत है।
3. इसके घरों के दरवाजे मुख्य सड़क की ओर खुलते थे।
उपर्युक्त में से कौन-से कथन सत्य हैं?
केवल 1 और 2|केवल 2 और 3|केवल 1 और 3|1, 2 और 3
1, 2 और 3
UPSC,SSC,All
तीनों कथन पूर्णतः सत्य हैं। लोथल सिंधु सभ्यता का प्रमुख बंदरगाह (Dockyard) और व्यापारिक नगर था, इसलिए सुविधा हेतु इसके दरवाजे मुख्य सड़क की ओर खुलते थे।
कथन (A): चन्हूदड़ो (Chanhudaro) को सिंधु सभ्यता का औद्योगिक शहर (Industrial town) माना जाता है।
कारण (R): यह सिंधु सभ्यता का एकमात्र ऐसा नगर है जहाँ से कोई 'दुर्ग' (Citadel) प्राप्त नहीं हुआ है और यहाँ से मनका बनाने के कारखाने मिले हैं।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है
UPSC,All
चन्हूदड़ो (1931) में मनका बनाने के कारखाने, लिपस्टिक, और औद्योगिक वस्तुएं मिली हैं। चूंकि यह एक औद्योगिक बस्ती थी, इसलिए यहाँ शासक वर्ग के लिए दुर्ग की आवश्यकता नहीं थी। अतः दोनों कथन सही हैं और व्याख्या भी सही है।
धार्मिक अनुष्ठानों के लिए उपयोग किया जाने वाला 'विशाल स्नानागार' (Great Bath) सिंधु सभ्यता के किस स्थल से प्राप्त हुआ है?
हड़प्पा|लोथल|कालीबंगा|मोहनजोदड़ो
मोहनजोदड़ो
SSC,All
मोहनजोदड़ो से पक्की ईंटों से बना विशाल स्नानागार मिला है। इसका उपयोग संभवतः धार्मिक अनुष्ठानों या सूर्य पूजा के समय सामूहिक स्नान के लिए होता था।
सूची-I (हड़प्पाई नगर) को सूची-II (नदी) से सुमेलित कीजिए:
सूची-I
A. हड़प्पा
B. मोहनजोदड़ो
C. लोथल
D. कालीबंगा
सूची-II
1. भोगवा नदी
2. सिंधु नदी
3. रावी नदी
4. घग्घर नदी
A-3, B-2, C-1, D-4|A-2, B-3, C-4, D-1|A-3, B-4, C-1, D-2|A-1, B-2, C-3, D-4
A-3, B-2, C-1, D-4
UPPSC,State PCS,All
हड़प्पा रावी नदी के तट पर, मोहनजोदड़ो सिंधु नदी के तट पर, लोथल भोगवा नदी के तट पर और कालीबंगा घग्घर नदी (सरस्वती) के तट पर स्थित था।
मोहनजोदड़ो से प्राप्त 'पशुपति शिव' की मुहर पर किन जानवरों का अंकन मिलता है?
गाय, शेर, घोड़ा, गैंडा|हाथी, बाघ, गैंडा, भैंसा और हिरण|हाथी, शेर, बाघ, कुत्ता|ऊंट, घोड़ा, बाघ, भैंसा
हाथी, बाघ, गैंडा, भैंसा और हिरण
UPSC,SSC,All
पशुपति शिव की मुहर पर दाईं ओर हाथी व बाघ, बाईं ओर गैंडा व भैंसा तथा आसन के नीचे दो हिरण बैठे हुए दिखाए गए हैं। सिंधु सभ्यता में गाय, शेर और घोड़े का अंकन मुहरों पर नहीं है।
सिंधु सभ्यता के पतन के कारणों के संबंध में विद्वानों के मतों को सुमेलित कीजिए:
A. बाढ़
B. जलवायु परिवर्तन
C. प्राकृतिक आपदा (महामारी)
D. आर्यों का आक्रमण
1. के.यू.आर. कनेडी
2. गार्डन चाइल्ड एवं व्हीलर
3. जॉन मार्शल एवं मैके
4. ऑरेल स्टीन एवं अमलानंद घोष
A-3, B-4, C-1, D-2|A-4, B-3, C-2, D-1|A-3, B-1, C-4, D-2|A-1, B-2, C-3, D-4
A-3, B-4, C-1, D-2
UPSC,RO/ARO,All
बाढ़ - मार्शल, जलवायु परिवर्तन - स्टीन व घोष, प्राकृतिक आपदा/मलेरिया - कनेडी, आर्य आक्रमण - चाइल्ड व व्हीलर।
सिंधु सभ्यता के लोगों का 'परमपूज्य पशु' (Sacred animal) कौन सा था?
एकश्रृंगी पशु (Unicorn)|कूबड़ वाला सांड (वृषभ)|हाथी|गाय
कूबड़ वाला सांड (वृषभ)
SSC GD,All
सिंधु सभ्यता के लोग प्रकृति पूजक थे। उनका सबसे परमपूज्य पशु 'कूबड़ वाला सांड' था (भले ही मुहरों पर सबसे अधिक चित्र एकश्रृंगी पशु का हो)।
हड़प्पा के उत्खनन से प्राप्त 'R-37' का संबंध किससे है?
एक विशाल भवन से|सिंधु लिपि के एक अक्षर से|एक बड़े कब्रिस्तान (Graveyard) से|कृषि उपकरण से
एक बड़े कब्रिस्तान (Graveyard) से
SSC,All
हड़प्पा (1921) की खुदाई में नगर के दक्षिण में एक बड़ा कब्रिस्तान मिला है, जिसे पुरातत्वविदों ने 'R-37' नाम दिया है। यहाँ से लकड़ी का ताबूत भी मिला है।
मेसोपोटामिया की सभ्यता के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. इसका विकास इराक में दजला और फरात नदियों के मध्य हुआ था।
2. यह विश्व की पहली सभ्यता थी और यह पूर्णतः नगरीय (Urban) थी।
3. मेसोपोटामिया के लोग अपने मंदिरों को 'जिगुरात' (Ziggurat) कहते थे।
उपर्युक्त में से कौन-से कथन सत्य हैं?
केवल 1 और 2|केवल 1 और 3|केवल 2 और 3|1, 2 और 3
केवल 1 और 3
UPSC,State PCS,All
कथन 2 असत्य है। मेसोपोटामिया विश्व की पहली सभ्यता थी, लेकिन यह एक 'ग्रामीण' (Rural) सभ्यता थी। विश्व की पहली 'नगरीय' सभ्यता सिंधु घाटी सभ्यता थी।
सूची-I (प्राचीन सभ्यता) को सूची-II (संबंधित नदी) से सुमेलित कीजिए:
सूची-I
A. मिस्र की सभ्यता
B. चीन की सभ्यता
C. मेसोपोटामिया की सभ्यता
सूची-II
1. दजला और फरात
2. ह्वांगहो (पीली नदी)
3. नील नदी
A-3, B-2, C-1|A-1, B-2, C-3|A-2, B-3, C-1|A-3, B-1, C-2
A-3, B-2, C-1
UPPSC,SSC,All
मिस्र की सभ्यता नील नदी के किनारे, चीन की सभ्यता ह्वांगहो (पीली नदी) के किनारे, और मेसोपोटामिया की सभ्यता दजला-फरात नदियों के किनारे विकसित हुई थी।
प्राचीन मिस्र की सभ्यता (Egypt Civilization) के शासकों को किस नाम से जाना जाता था, जिनके काल में पिरामिडों का निर्माण हुआ?
सीज़र|सुल्तान|फिरौन (Pharaoh)|खलीफा
फिरौन (Pharaoh)
SSC,All
मिस्र की सभ्यता का विकास 'फिरौन' के नेतृत्व में हुआ था। फिरौन प्राचीन मिस्र के राजाओं की उपाधि थी। गिजा का पिरामिड इसी सभ्यता का हिस्सा है।
प्राचीन अजूबा 'झूलता हुआ बगीचा' (Hanging Gardens) किस विशिष्ट सभ्यता का हिस्सा था?
मिस्र की सभ्यता|रोम की सभ्यता|बेबीलोन की सभ्यता|फारस की सभ्यता
बेबीलोन की सभ्यता
SSC GD,All
मेसोपोटामिया की सभ्यता 4 भागों में विभाजित थी, जिनमें से 'बेबीलोन की सभ्यता' अपने झूलते हुए बगीचे (Hanging Gardens of Babylon) के लिए विश्वविख्यात है।
रोम की सभ्यता (Rome Civilization) के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. यह इटली में विकसित हुई और इसने पूरे भूमध्यसागर पर अधिकार कर लिया था।
2. जूलियस सीज़र और ऑगस्टस इसके सबसे प्रतापी राजा थे।
3. इस सभ्यता का विनाश यूनानी आक्रमणकारी सिकंदर ने किया था।
उपर्युक्त में से कौन-से कथन सत्य हैं?
केवल 1 और 2|केवल 2 और 3|केवल 1 और 3|1, 2 और 3
केवल 1 और 2
UPSC,SSC,All
कथन 3 असत्य है क्योंकि सिकंदर (Alexander) ने रोम की सभ्यता का नहीं, बल्कि ईरान की 'फारस की सभ्यता' (Persian Civilization) का विनाश किया था।
ग्रीस (यूनान) की सभ्यता के उस महान राजा का नाम बताइये जिसके नेतृत्व में स्पार्टा के मात्र 300 सैनिकों ने 20,000 की सेना को युद्ध में हरा दिया था?
जूलियस सीज़र|लियोनाइडस (Leonidas)|जरक्सीज|ऑगस्टस
लियोनाइडस (Leonidas)
SSC,State PCS,All
लियोनाइडस (Leonidas) स्पार्टा का राजा था। उसके नेतृत्व में स्पार्टा के मात्र 300 बहादुर सैनिकों ने फारस के राजा जरक्सीज की विशाल सेना का बहादुरी से सामना किया था।
वर्तमान ईरान (Iran) में विकसित 'फारस की सभ्यता' के लोग मुख्य रूप से किस धर्म के अनुयायी थे?
पारसी धर्म (Zoroastrianism)|इस्लाम|यहूदी|ईसाई
पारसी धर्म (Zoroastrianism)
SSC,All
फारस की सभ्यता (500 ई.पू.) में लोग पारसी धर्म को मानते थे। यह सभ्यता अत्यंत तेजी से फैली थी, लेकिन सिकंदर ने इस धर्म और सभ्यता का अंत कर दिया।
कथन (A): सिंधु सभ्यता के समाज को इतिहासकारों ने मातृसत्तात्मक (Matriarchal) माना है।
कारण (R): उत्खनन में सबसे अधिक नारी मृण्मूर्तियां (मिट्टी की मातृदेवी की मूर्तियां) प्राप्त हुई हैं।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है
UPSC,UPPSC,All
हड़प्पा और मोहनजोदड़ो से भारी संख्या में मातृदेवी की टेराकोटा मूर्तियां मिली हैं, जो यह प्रमाणित करती हैं कि सिंधु समाज में स्त्रियों का उच्च स्थान था और समाज मातृसत्तात्मक था।
सिंधु सभ्यता में कृषि और पशुपालन के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार करें:
1. सिंधुवासी गेहूं, जौ, और कपास की खेती करते थे।
2. खेती के लिए वे लकड़ी के हल का प्रयोग करते थे।
3. लोथल और रंगपुर से धान (चावल) की भूसी प्राप्त हुई है।
उपर्युक्त में से कौन-से कथन सही हैं?
केवल 1 और 2|केवल 2 और 3|केवल 1 और 3|1, 2 और 3
1, 2 और 3
UPSC,SSC,All
तीनों कथन सत्य हैं। सिंधुवासी कपास के प्रथम उत्पादक थे, लोहे के अभाव में लकड़ी के हल (बनावली से मिट्टी का मॉडल) का उपयोग करते थे, और रंगपुर से धान की भूसी मिली है।
सिंधु सभ्यता में माप-तौल (Weights) के लिए उपयोग किए जाने वाले बाटों का न्यूनतम वजन क्या था?
10 kg|12 kg|16 kg|20 kg
16 kg
SSC GD,All
सिंधु सभ्यता में मापतौल की विकसित प्रणाली थी। यहाँ का न्यूनतम बाट 16 किलोग्राम का था, और तौल की इकाइयां 16 के अनुपात (16 के गुणक) में होती थीं।
सिंधु घाटी सभ्यता की देन माना जाने वाला 'स्वास्तिक चिह्न' (Swastika) संभवतः किस देवता की पूजा का प्रतीक था?
अग्नि देवता|वरुण|सूर्य देवता|पशुपति शिव
सूर्य देवता
SSC,RO/ARO,All
हड़प्पा की मुहरों पर प्राप्त स्वास्तिक चिह्न को इतिहासकार सिंधु सभ्यता की देन मानते हैं, जो प्रकृति पूजा के अंतर्गत 'सूर्य पूजा' (Sun Worship) का प्रतीक था।
सूची-I को सूची-II से सुमेलित कीजिए:
सूची-I (हड़प्पाई स्थल)
A. रंगपुर
B. कालीबंगा
C. बनावली
D. सुरकोटदा
सूची-II (प्राप्त साक्ष्य)
1. धान की भूसी
2. जुते हुए खेत और अग्निकुंड
3. जल निकासी का अभाव व टेढ़ी-मेढ़ी सड़कें
4. घोड़े की हड्डियाँ व कलश शवाधान
A-1, B-2, C-3, D-4|A-2, B-1, C-4, D-3|A-1, B-3, C-2, D-4|A-4, B-3, C-2, D-1
A-1, B-2, C-3, D-4
UPPSC,State PCS,All
रंगपुर से धान की भूसी, कालीबंगा से जुते हुए खेत (हल के निशान), बनावली से टेढ़ी-मेढ़ी सड़कें व सोख्ता गड्ढे, और सुरकोटदा से घोड़े की हड्डियाँ प्राप्त हुई हैं।
कथन (A): हरियाणा के बनावली में घरों के अंदर सोख्ता (Soak pits) गड्ढे प्राप्त हुए हैं।
कारण (R): बनावली में सिंधु सभ्यता की सुप्रसिद्ध 'जल निकासी व्यवस्था' (Drainage system) का पूर्ण अभाव था।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है
UPSC,All
सिंधु सभ्यता अपनी जल निकासी के लिए प्रसिद्ध थी, लेकिन बनावली इसका अपवाद था। वहाँ नालियां नहीं थीं, इसीलिए गंदा पानी घरों में बने सोख्ता गड्ढों में जाता था। अतः दोनों सही हैं और व्याख्या भी सही है।
मोहनजोदड़ो (1922) के उत्खनन से निम्नलिखित में से क्या प्राप्त हुआ है?
1. कांसे की नर्तकी की मूर्ति
2. पुरोहित आवास (Priest's residence)
3. विशाल अन्नागार (Granary)
4. सूती वस्त्र (Cotton)
केवल 1 और 3|केवल 1, 2 और 3|केवल 2, 3 और 4|1, 2, 3 और 4
1, 2, 3 और 4
UPSC,SSC,All
मोहनजोदड़ो से कांसे की नर्तकी (लुप्त मोम विधि), पुरोहित आवास, विशाल स्नानागार व अन्नागार (सबसे बड़ा भवन), सूती वस्त्र, पशुपति शिव की मुहर और सबसे चौड़ी सड़क मिली है।
सिंधी भाषा में किस हड़प्पाई शहर का अर्थ 'मृतकों का टीला' (Mound of the Dead) होता है?
कालीबंगा|हड़प्पा|लोथल|मोहनजोदड़ो
मोहनजोदड़ो
SSC,All
मोहनजोदड़ो का शाब्दिक अर्थ 'मृतकों का टीला' है। यहाँ से कंकालों का भारी ढेर मिला है, जो किसी नरसंहार या विदेशी आक्रमण की ओर इशारा करता है।
किस हड़प्पाई स्थल से एक ईंट पर 'बिल्ली का पीछा करते हुए कुत्ते के पंजों के निशान' प्राप्त हुए हैं?
चन्हूदड़ो|रोपड़|कालीबंगा|धोलावीरा
चन्हूदड़ो
SSC GD,All
चन्हूदड़ो एक औद्योगिक केंद्र था, जहाँ मनका बनाने के कारखाने और लिपस्टिक मिली है। यहीं से ईंट पर बिल्ली का पीछा करते कुत्ते के पंजों के निशान भी मिले हैं।
सिंधु सभ्यता की अर्थव्यवस्था और व्यापार के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. व्यापार वस्तु-विनिमय प्रणाली (Barter system) पर आधारित था।
2. लोथल से प्राप्त फारस की मुहर विदेशी व्यापार का पुख्ता प्रमाण है।
3. व्यापार के लिए ये लोग सोने के सिक्कों का उपयोग करते थे।
उपर्युक्त में से कौन-से कथन सत्य हैं?
केवल 1 और 2|केवल 2 और 3|केवल 1 और 3|1, 2 और 3
केवल 1 और 2
UPSC,State PCS,All
कथन 3 असत्य है। सिंधु घाटी सभ्यता में किसी भी प्रकार की मुद्रा या सिक्कों (Coins) का प्रचलन नहीं था। व्यापार पूर्णतः वस्तु-विनिमय (Barter) द्वारा होता था।
सूची-I (सीमा) को सूची-II (नदी) से सुमेलित कीजिए:
सूची-I
A. उत्तरी सीमा (मांडा)
B. दक्षिणी सीमा (दैमाबाद)
C. पूर्वी सीमा (आलमगीरपुर)
D. पश्चिमी सीमा (सुत्कागेंडोर)
सूची-II
1. चिनाब नदी
2. प्रवरा नदी
3. हिंडन नदी
4. दासक नदी
A-1, B-2, C-3, D-4|A-2, B-1, C-4, D-3|A-1, B-3, C-2, D-4|A-4, B-3, C-2, D-1
A-1, B-2, C-3, D-4
UPPSC,SSC,All
उत्तरी सीमा चिनाब नदी पर, दक्षिणी सीमा प्रवरा (गोदावरी की सहायक) नदी पर, पूर्वी सीमा हिंडन नदी पर और पश्चिमी सीमा दासक नदी पर स्थित थी।
मोहनजोदड़ो से प्राप्त कांसे की नर्तकी (Bronze dancing girl) की मूर्ति किस विधि (तकनीक) द्वारा बनाई गई थी?
हथौड़ा मार विधि|लुप्त मोम विधि (Lost wax method)|ठप्पा विधि|सांचा ढलाई
लुप्त मोम विधि (Lost wax method)
SSC,RO/ARO,All
सिंधुवासी तांबे में टिन मिलाकर कांसा बनाते थे। मोहनजोदड़ो से प्राप्त कांसे की नर्तकी 'लुप्त मोम विधि' (द्रवी मोम विधि / Lost wax method) का उत्कृष्ट उदाहरण है।
कपास (Cotton) का उत्पादन सर्वप्रथम किस सभ्यता के लोगों ने किया था, जिसे यूनानियों ने 'सिंडन' कहा?
मिस्र की सभ्यता|चीन की सभ्यता|सिंधु घाटी की सभ्यता|रोम की सभ्यता
सिंधु घाटी की सभ्यता
SSC,All
सिंधु घाटी के लोग सूती वस्त्र पहनते थे (मोहनजोदड़ो से साक्ष्य मिला है)। वे विश्व में कपास के प्रथम उत्पादक थे, जिसे यूनानियों ने 'सिंडन' (Sindon) कहा था।
कथन (A): सिंधु घाटी सभ्यता के लोग अत्यंत शांतिप्रिय थे और युद्ध से बचते थे।
कारण (R): सिंधु सभ्यता के उत्खनन स्थलों से भारी मात्रा में तलवारें और लोहे के घातक अस्त्र-शस्त्र प्राप्त नहीं हुए हैं।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है
UPSC,All
सिंधुवासी शांतिप्रिय थे, जो व्यापार और कृषि पर ध्यान देते थे। उनके पास लोहे का ज्ञान नहीं था, इसलिए वहाँ से तलवार या घातक अस्त्र नहीं मिले हैं। दोनों कथन सत्य हैं और व्याख्या भी सही है।
सिंधु सभ्यता का समाज मुख्यतः किन 4 वर्गों में विभाजित था?
ब्राह्मण, क्षत्रिय, वैश्य, शूद्र|विद्वान (पुरोहित), योद्धा, व्यापारी/शिल्पकार, श्रमिक|राजा, सेनापति, किसान, दास|अमीर, गरीब, व्यापारी, किसान
विद्वान (पुरोहित), योद्धा, व्यापारी/शिल्पकार, श्रमिक
UPPSC,SSC,All
सिंधु सभ्यता में कर्म (पेशा) के आधार पर समाज 4 वर्गों में विभाजित था: 1. विद्वान, 2. योद्धा, 3. व्यापारी एवं शिल्पकार, 4. श्रमिक। वहाँ जन्म-आधारित वर्ण व्यवस्था नहीं थी।
सिंधु सभ्यता की मुहरों (Seals) पर किस जानवर का चित्रांकन सर्वाधिक मात्रा में मिला है?
कूबड़ वाला सांड|गाय|शेर|एकश्रृंगी पशु (Unicorn)
एकश्रृंगी पशु (Unicorn)
SSC GD,All
भले ही सिंधु सभ्यता के लोगों का परमपूज्य पशु कूबड़ वाला सांड था, लेकिन उनकी मुहरों (जो मुख्य रूप से सेलखड़ी की बनी थीं) पर सबसे अधिक चित्र 'एकश्रृंगी पशु' (Unicorn) का मिला है।
सिंधु सभ्यता की लिपि (Script) के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. इसे 'बौस्ट्रोफेडन' शैली में लिखा जाता था।
2. इसमें लगभग 64 मूल चिह्न हैं।
3. इसमें सर्वाधिक प्रयोग 'U' आकार और 'मछली' के चित्रों का हुआ है।
उपर्युक्त में से कौन-से कथन सत्य हैं?
केवल 1 और 2|केवल 2 और 3|केवल 1 और 3|1, 2 और 3
1, 2 और 3
UPSC,State PCS,All
तीनों कथन पूर्णतः सत्य हैं। हड़प्पाई लिपि भावचित्रात्मक थी, जिसमें 64 मूल चिह्न और 250-400 अक्षर हैं। इसे बौस्ट्रोफेडन (दाएं से बाएं, फिर बाएं से दाएं) शैली में लिखा जाता था।
आईआईटी खड़गपुर (IIT Kharagpur) के नवीनतम शोध के अनुसार, सिंधु सभ्यता के विनाश (पतन) का सबसे प्रमुख कारण क्या था?
लगातार 900 वर्षों तक वर्षा में कमी और भयंकर सूखा (जलवायु परिवर्तन)|आर्यों का भीषण आक्रमण|सिंधु नदी में भयंकर बाढ़|मलेरिया जैसी महामारी
लगातार 900 वर्षों तक वर्षा में कमी और भयंकर सूखा (जलवायु परिवर्तन)
SSC,RO/ARO,All
आईआईटी खड़गपुर के उत्खनन और शोध के अनुसार, मानसून की विफलता और जलवायु परिवर्तन के कारण लगभग 900 वर्षों तक सूखा पड़ा, जो इस सभ्यता के पतन का सबसे बड़ा कारण बना।
सिंधु सभ्यता में 'युगल शवाधान' (Double Burial - एक साथ दो शव) के साक्ष्य मुख्य रूप से कहाँ से प्राप्त हुए हैं?
लोथल और कालीबंगा|हड़प्पा और मोहनजोदड़ो|सुरकोटदा और बनावली|रोपड़ और धोलावीरा
लोथल और कालीबंगा
UPPSC,SSC,All
लोथल (गुजरात) से तीन और कालीबंगा (राजस्थान) से एक युगल शवाधान प्राप्त हुआ है, जिसे कुछ इतिहासकार सती प्रथा के प्रारंभिक संकेत के रूप में देखते हैं।
सिंधु घाटी सभ्यता की जानकारी और पुरातात्विक उत्खनन से संबंधित विद्वानों के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार करें:
1. सर्वप्रथम जानकारी 1826 में चार्ल्स मैसन ने दी।
2. 1853 में अलेक्जेंडर कनिंघम ने सर्वेक्षण किया।
3. 1921 में सर जॉन मार्शल के निर्देशन में दयाराम साहनी ने हड़प्पा की खुदाई की।
उपर्युक्त में से कौन-से कथन सत्य हैं?
केवल 1 और 2|केवल 2 और 3|केवल 1 और 3|1, 2 और 3
1, 2 और 3
UPSC,State PCS,All
तीनों कथन सत्य हैं। चार्ल्स मैसन ने सबसे पहले जानकारी दी, कनिंघम ने सर्वेक्षण किया, और 1904 में कर्जन द्वारा स्थापित पुरातत्व विभाग के प्रमुख जॉन मार्शल के निर्देश पर दयाराम साहनी ने खुदाई की।
सूची-I को सूची-II से सुमेलित कीजिए:
सूची-I (विद्वान/राजा)
A. सिकंदर (Alexander)
B. लियोनाइडस (Leonidas)
C. जूलियस सीज़र (Julius Caesar)
D. फिरौन (Pharaoh)
सूची-II (सभ्यता)
1. मिस्र की सभ्यता
2. रोम की सभ्यता
3. स्पार्टा (ग्रीस की सभ्यता)
4. फारस की सभ्यता का अंत
A-4, B-3, C-2, D-1|A-3, B-4, C-1, D-2|A-4, B-2, C-3, D-1|A-1, B-3, C-2, D-4
A-4, B-3, C-2, D-1
SSC,UPPSC,All
सिकंदर ने फारस की सभ्यता का अंत किया। लियोनाइडस स्पार्टा का राजा था। जूलियस सीज़र रोम का प्रतापी राजा था। फिरौन मिस्र के राजाओं को कहा जाता था।
चीन की सभ्यता (5000 ई.पू.) का विकास किस नदी के किनारे हुआ था, जो अपनी उपजाऊ भूमि के लिए प्रसिद्ध है?
नील नदी|दजला नदी|ह्वांगहो नदी (पीली नदी)|मेकांग नदी
ह्वांगहो नदी (पीली नदी)
SSC,All
चीन की सभ्यता ह्वांगहो (Hwang Ho) नदी के तट पर विकसित हुई थी। इस नदी के पानी के रंग के कारण इसे 'पीली नदी' (Yellow River) भी कहा जाता है।
मेसोपोटामिया की सभ्यता के लोग अपने पूजा स्थलों या मंदिरों को क्या कहते थे?
पिरामिड|जिगुरात (Ziggurat)|स्तूप|ममी
जिगुरात (Ziggurat)
SSC,RO/ARO,All
मेसोपोटामिया (इराक) विश्व की पहली ग्रामीण सभ्यता थी। यहाँ के लोग अपने ऊंचे मंदिरों या पूजा स्थलों को 'जिगुरात' (Ziggurat) कहते थे।
कथन (A): हड़प्पा और मोहनजोदड़ो में विशाल 'अन्नागार' (Granaries) नदियों के किनारे बनाए गए थे।
कारण (R): अनाज को कर (Tax) के रूप में वसूला जाता था और नदी मार्ग से परिवहन आसान होता था, इसलिए अन्नागार नदियों के पास थे।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है
UPSC,All
विशाल अन्नागार हड़प्पा (रावी नदी) और मोहनजोदड़ो (सिंधु नदी) दोनों की प्रमुख विशेषताएं थीं। कृषि अधिशेष को कर के रूप में एकत्र कर नावों के जरिये परिवहन किया जाता था, इसलिए ये नदियों के पास थे।
सिंधु सभ्यता में अंत्येष्टि (Burial) संस्कार के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. हड़प्पा में शवों को दफनाने की प्रथा थी (R-37 कब्रिस्तान)।
2. मोहनजोदड़ो में शवों को जलाने (दाह संस्कार) की प्रथा थी।
3. सुरकोटदा से 'कलश शवाधान' (Pot Burial) के साक्ष्य मिले हैं।
उपर्युक्त में से कौन-से कथन सत्य हैं?
केवल 1 और 2|केवल 2 और 3|केवल 1 और 3|1, 2 और 3
1, 2 और 3
UPSC,State PCS,All
तीनों कथन सत्य हैं। सिंधु सभ्यता के अलग-अलग शहरों में अंत्येष्टि के अलग तरीके थे। हड़प्पा में पूर्ण शवाधान, मोहनजोदड़ो में दाह संस्कार, और सुरकोटदा में कलश शवाधान प्रचलित था।
सिंधु सभ्यता के संदर्भ में 'टेराकोटा' (Terracotta) का अर्थ क्या है?
तांबे के हथियार|आग में पकी हुई मिट्टी|काले रंग के बर्तन|सोने के सिक्के
आग में पकी हुई मिट्टी
SSC GD,All
आग में पकी हुई मिट्टी को 'टेराकोटा' कहा जाता है। सिंधु सभ्यता में बड़ी संख्या में टेराकोटा की मूर्तियां (विशेषकर मातृदेवी और पशुओं की) प्राप्त हुई हैं।
सूची-I को सूची-II से सुमेलित कीजिए:
सूची-I (वस्तु)
A. मुहरें (Seals)
B. हथियार और औजार
C. हल (कृषि उपकरण)
D. टेराकोटा मूर्तियां
सूची-II (निर्माण सामग्री)
1. लकड़ी या पकी मिट्टी
2. आग में पकी मिट्टी
3. सेलखड़ी (Steatite)
4. तांबा और कांसा
A-3, B-4, C-1, D-2|A-4, B-3, C-2, D-1|A-3, B-1, C-4, D-2|A-1, B-2, C-3, D-4
A-3, B-4, C-1, D-2
UPPSC,SSC,All
मुहरें मुख्य रूप से सेलखड़ी की बनती थीं, हथियार तांबे/कांसे के थे (लोहा नहीं था), हल लकड़ी या मिट्टी (बनावली से मिला) के होते थे, और टेराकोटा मूर्तियां पकी मिट्टी की होती थीं।
सतलज नदी के किनारे स्थित 'रोपड़' (पंजाब) के उत्खनन से कौन सा अनोखा साक्ष्य प्राप्त हुआ है, जो कश्मीर के नवपाषाण स्थल 'बुर्जहोम' से मेल खाता है?
मानव के साथ कुत्ते को दफनाने का साक्ष्य|चांदी के दो मुकुट|विशाल स्नानागार|घोड़े की हड्डियां
मानव के साथ कुत्ते को दफनाने का साक्ष्य
SSC,RO/ARO,All
रोपड़ (1953, यज्ञदत्त शर्मा) के उत्खनन से मानव के साथ उसके पालतू कुत्ते (Dog) को दफनाने के साक्ष्य मिले हैं, जो इस बात का प्रतीक है कि वे पुनर्जन्म में विश्वास करते थे।
कालीबंगा (राजस्थान) के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. यहाँ से अलंकृत ईंटें और अग्निकुंड (वेदिकाएं) मिले हैं।
2. यहाँ के घर कच्ची ईंटों से बने थे, इसलिए इसे 'दीन-हीन की बस्ती' कहा जाता है।
3. यहाँ से जुते हुए खेत (Ploughed field) के साक्ष्य मिले हैं।
उपर्युक्त में से कौन-से कथन सत्य हैं?
केवल 1 और 2|केवल 2 और 3|केवल 1 और 3|1, 2 और 3
1, 2 और 3
UPSC,UPPSC,SSC,All
तीनों कथन सत्य हैं। कालीबंगा का अर्थ 'काली मिट्टी की चूड़ी' है। यहाँ कच्ची ईंटों के घर, अलंकृत ईंटें, जुते हुए खेत और 7 अग्निकुंडों के साक्ष्य प्राप्त हुए हैं।
सिंधु घाटी सभ्यता की पूर्वी सीमा 'आलमगीरपुर' वर्तमान में किस राज्य और किस नदी के तट पर स्थित है?
हरियाणा, घग्घर नदी|उत्तर प्रदेश, हिंडन नदी|पंजाब, सतलज नदी|गुजरात, भोगवा नदी
उत्तर प्रदेश, हिंडन नदी
SSC,UPPSC,All
सिंधु सभ्यता की पूर्वी सीमा आलमगीरपुर (मेरठ, उत्तर प्रदेश) में स्थित है। यह हिंडन नदी के किनारे बसा है। इसकी खुदाई 1958 ई. में यज्ञदत्त शर्मा ने की थी।
सिंधु घाटी सभ्यता के किस स्थल से 'अग्निकुंड' (Fire Altars) या वेदिकाओं के साक्ष्य प्राप्त हुए हैं, जो उस समय के कर्मकांडों का संकेत देते हैं?
कालीबंगा|हड़प्पा|चन्हूदड़ो|मोहनजोदड़ो
कालीबंगा
SSC,RO/ARO,All
कालीबंगा (राजस्थान) से सात अग्निकुंड (वेदिकाएं) कतार में मिले हैं, जो यह दर्शाते हैं कि वहाँ के लोग अग्नि पूजा और यज्ञ जैसे कर्मकांडों में विश्वास करते थे।
कथन (A): सिंधु सभ्यता के लोग सूती (Cotton) और ऊनी दोनों प्रकार के वस्त्रों का उपयोग करते थे।
कारण (R): सिंधुवासी विश्व में कपास के प्रथम उत्पादक थे, जिसके कारण यूनानियों ने इसे 'सिंडन' कहा।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है
UPSC,All
कपास का सर्वप्रथम उत्पादन सिंधु घाटी (मेहरगढ़/मोहनजोदड़ो) में हुआ था, इसलिए सूती वस्त्रों का उपयोग स्वाभाविक था। मोहनजोदड़ो से सूती वस्त्र के स्पष्ट साक्ष्य भी मिले हैं।
हड़प्पा के उत्खनन (1921) से निम्नलिखित में से क्या प्राप्त **नहीं** हुआ है?
R-37 कब्रिस्तान|लकड़ी का ताबूत|विशाल स्नानागार|कुम्हार का चाक
विशाल स्नानागार
SSC,UPPSC,All
विशाल स्नानागार (Great Bath) और विशाल अन्नागार 'मोहनजोदड़ो' की प्रमुख विशेषताएं हैं। हड़प्पा से R-37 कब्रिस्तान, ताबूत, अन्नागार (छोटा), और कुम्हार का चाक मिला है।
सिंधु सभ्यता में प्राप्त मुहरों (Seals) पर सर्वाधिक किस पशु का अंकन मिलता है?
कूबड़ वाला सांड|एक सींग वाला जानवर (Unicorn)|हाथी|शेर
एक सींग वाला जानवर (Unicorn)
SSC,State PCS,All
सेलखड़ी (Steatite) से बनी अधिकांश हड़प्पाई मुहरों पर 'एक सींग वाले जानवर' (एकश्रृंगी पशु/Unicorn) का चित्रांकन सर्वाधिक मात्रा में मिला है।
सिंधु सभ्यता के किस स्थल से 'मनका' (Bead) बनाने के कारखाने और लिपस्टिक जैसे सौंदर्य प्रसाधनों के साक्ष्य प्राप्त हुए हैं?
लोथल|हड़प्पा|चन्हूदड़ो|बनावली
चन्हूदड़ो
SSC GD,RO/ARO,All
चन्हूदड़ो (1931, सिंध प्रांत) एक प्रमुख औद्योगिक केंद्र था। यह एकमात्र 'दुर्ग रहित' नगर था, जहाँ से मनका बनाने के कारखाने और लिपस्टिक आदि मिले हैं।
सूची-I को सूची-II से सुमेलित कीजिए:
सूची-I (हड़प्पाई स्थल)
A. धोलावीरा
B. सुरकोटदा
C. बनावली
D. रंगपुर
सूची-II (विशेषता/साक्ष्य)
1. धान की भूसी
2. टेढ़ी-मेढ़ी सड़कें और सोख्ता गड्ढे
3. कलश शवाधान और घोड़े की हड्डी
4. स्टेडियम और तीन भागों में विभाजित नगर
A-4, B-3, C-2, D-1|A-3, B-4, C-1, D-2|A-4, B-2, C-3, D-1|A-1, B-3, C-2, D-4
A-4, B-3, C-2, D-1
UPSC,UPPSC,All
धोलावीरा 3 भागों में बंटा था (स्टेडियम), सुरकोटदा से घोड़े की हड्डी (कलश शवाधान), बनावली से टेढ़ी-मेढ़ी सड़कें (जल निकासी का अभाव), और रंगपुर से धान की भूसी मिली है।
कथन (A): मोहनजोदड़ो से कांसे की नर्तकी (Bronze dancing girl) की मूर्ति प्राप्त हुई है।
कारण (R): सिंधु सभ्यता एक कांस्य युगीन सभ्यता थी और लोग तांबे में टिन मिलाकर कांसा बनाना जानते थे (लुप्त मोम विधि)।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है
UPSC,SSC,All
सिंधुवासी धातु विज्ञान में निपुण थे। वे 'लुप्त मोम विधि' (Lost wax method) का प्रयोग करके तांबे और टिन के मिश्रण से कांसे की मूर्तियां बनाते थे, जिसका उत्कृष्ट उदाहरण मोहनजोदड़ो की नर्तकी है।
प्राचीन अजूबा 'झूलता हुआ बगीचा' (Hanging Gardens) मेसोपोटामिया की किस विशिष्ट सभ्यता की देन है?
सुमेरियन की सभ्यता|असीरिया की सभ्यता|बेबीलोन की सभ्यता|कैल्ड्रिया की सभ्यता
बेबीलोन की सभ्यता
SSC,All
मेसोपोटामिया की सभ्यता 4 भागों में विभाजित थी। इनमें से 'बेबीलोन की सभ्यता' अपने झूलते हुए बगीचे (Hanging Gardens of Babylon) के लिए विश्व प्रसिद्ध है।
मिस्र की सभ्यता (Egypt Civilization) के विकास में किस नदी का सर्वाधिक महत्वपूर्ण योगदान है, जिसे 'मिस्र का वरदान' भी कहा जाता है?
दजला नदी|नील नदी (Nile)|पीली नदी (ह्वांगहो)|अमेजन नदी
नील नदी (Nile)
SSC,UPPSC,All
मिस्र की सभ्यता (2100 ई.पू.) अफ्रीका के रेगिस्तानों में 'नील नदी' (Nile) की घाटी में विकसित हुई थी। यहाँ के राजाओं को 'फिरौन' कहा जाता था।
रोम की सभ्यता (Rome Civilization) के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. यह सभ्यता इटली (भूमध्य सागर) में विकसित हुई थी।
2. जूलियस सीज़र (Julius Caesar) और ऑगस्टस इसके सबसे महान शासक थे।
3. इस सभ्यता के लोग पारसी धर्म को मानते थे।
उपर्युक्त में से कौन-से कथन सत्य हैं?
केवल 1 और 2|केवल 2 और 3|केवल 1 और 3|1, 2 और 3
केवल 1 और 2
UPSC,State PCS,All
कथन 3 असत्य है क्योंकि 'पारसी धर्म' (Zoroastrianism) ईरान की 'फारस की सभ्यता' (Persian Civilization) का धर्म था, जिसे सिकंदर ने नष्ट किया था। रोम की सभ्यता के कथन 1 और 2 सही हैं।
ग्रीस (यूनान) की सभ्यता के किस क्षेत्र के मात्र 300 सैनिकों ने राजा लियोनाइडस के नेतृत्व में 20,000 की विशाल सेना का बहादुरी से सामना किया था?
एथेंस|मैसेडोनिया|स्पार्टा (Sparta)|ट्रॉय
स्पार्टा (Sparta)
SSC GD,All
स्पार्टा ग्रीस के पास का एक छोटा सा क्षेत्र था जो अपने बहादुर सैनिकों के लिए विख्यात था। यहाँ के 300 सैनिकों (Spartans) ने फारस की विशाल सेना के सामने अद्भुत शौर्य दिखाया था।
चीन की सभ्यता (Chinese Civilization) किस नदी के तट पर विकसित हुई थी, जो अपनी अत्यंत उपजाऊ भूमि के लिए प्रसिद्ध है?
यांग्त्ज़ी नदी|ह्वांगहो नदी (पीली नदी)|दजला नदी|मेकांग नदी
ह्वांगहो नदी (पीली नदी)
SSC,All
चीन की सभ्यता (लगभग 5000 ई.पू.) ह्वांगहो नदी के तट पर विकसित हुई थी। इस नदी के पानी के रंग के कारण इसे 'पीली नदी' (Yellow River) भी कहा जाता है।
सिंधु सभ्यता में प्राप्त 'स्वास्तिक चिह्न' (Swastika) संभवतः किस देवता की पूजा का प्रतीक था?
पशुपति शिव|मातृदेवी|सूर्य देवता|वरुण (जल देवता)
सूर्य देवता
SSC,RO/ARO,All
हड़प्पा की मुहरों पर प्राप्त स्वास्तिक चिह्न सिंधु सभ्यता की देन है। इतिहासकार इसे प्रकृति पूजा के अंतर्गत 'सूर्य पूजा' (Sun Worship) का प्रतीक मानते हैं।
सिंधु सभ्यता के लोगों का 'परमपूज्य पशु' (Sacred animal) कौन सा था, जिसकी वे विशेष आराधना करते थे?
गाय|एकश्रृंगी पशु (Unicorn)|कूबड़ वाला सांड (वृषभ)|हाथी
कूबड़ वाला सांड (वृषभ)
SSC,UPPSC,All
यद्यपि मुहरों पर सबसे अधिक चित्र एकश्रृंगी पशु (Unicorn) का मिला है, लेकिन नोट्स के अनुसार सिंधु सभ्यता के लोगों का परमपूज्य पशु 'कूबड़ वाला सांड' (Humped Bull / वृषभ) था।
सूची-I को सूची-II से सुमेलित कीजिए:
सूची-I (हड़प्पाई स्थल)
A. हड़प्पा
B. मोहनजोदड़ो
C. लोथल
D. कालीबंगा
सूची-II (नदी)
1. सिंधु नदी
2. घग्घर नदी
3. रावी नदी
4. भोगवा नदी
A-3, B-1, C-4, D-2|A-1, B-3, C-2, D-4|A-4, B-2, C-1, D-3|A-3, B-4, C-1, D-2
A-3, B-1, C-4, D-2
UPPSC,State PCS,All
हड़प्पा रावी नदी पर, मोहनजोदड़ो सिंधु नदी पर, लोथल भोगवा नदी (गुजरात) पर और कालीबंगा घग्घर नदी (राजस्थान) के तट पर स्थित है।
कथन (A): सिंधु सभ्यता के लोग लोहे (Iron) धातु और तलवार से पूर्णतः अपरिचित थे।
कारण (R): सिंधु सभ्यता एक कांस्य युगीन (Bronze Age) सभ्यता थी, जहाँ हथियारों का निर्माण तांबे और कांसे से होता था।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है
UPSC,All
सिंधुवासी लोहे से अनजान थे (लोहे की खोज 1000 ई.पू. में उत्तर वैदिक काल में हुई)। वे शांतिप्रिय थे और उनके जो भी थोड़े-बहुत हथियार मिले हैं, वे तांबे, कांसे या पत्थर के बने थे।
भारत में स्थित सिंधु सभ्यता का सबसे बड़ा स्थल (Largest Site in India) कौन सा है?
धोलावीरा|हड़प्पा|राखीगढ़ी|कालीबंगा
राखीगढ़ी
SSC,State PCS,All
सिंधु सभ्यता का समग्र रूप से सबसे बड़ा स्थल मोहनजोदड़ो (पाकिस्तान) है, लेकिन भारत में स्थित इसका सबसे बड़ा स्थल हरियाणा का 'राखीगढ़ी' है। धोलावीरा दूसरा सबसे बड़ा है।
सिंधु सभ्यता के किस नगर को तीन भागों (दुर्ग, मध्य नगर और निचला नगर) में विभाजित किया गया था?
सुरकोटदा|कालीबंगा|लोथल|धोलावीरा
धोलावीरा
SSC GD,UPPSC,All
गुजरात का धोलावीरा सिंधु सभ्यता का एकमात्र ऐसा प्रमुख नगर है जो तीन भागों में विभाजित था। यहाँ से उन्नत जल-प्रबंधन और एक विशाल स्टेडियम के साक्ष्य मिले हैं।
सिंधु सभ्यता के लोग मनोरंजन के लिए मुख्य रूप से क्या करते थे?
ग्लेडिएटर की लड़ाई|पासा खेलना और शिकार (चौपड़)|रथ दौड़|संगीत प्रतियोगिता
पासा खेलना और शिकार (चौपड़)
SSC,All
सिंधु सभ्यता के लोग शांतिप्रिय थे। वे मनोरंजन के लिए पासा (Dice) खेलते थे, शिकार करते थे, और चौपड़ खेलना पसंद करते थे।
आईआईटी खड़गपुर (IIT Kharagpur) के नवीनतम शोध के अनुसार, सिंधु सभ्यता के पतन का सबसे महत्वपूर्ण कारण क्या था?
आर्यों का आक्रमण|सिंधु नदी में भयंकर बाढ़|लगातार 900 वर्षों तक वर्षा में कमी (जलवायु परिवर्तन)|मलेरिया जैसी महामारी
लगातार 900 वर्षों तक वर्षा में कमी (जलवायु परिवर्तन)
UPSC,RO/ARO,All
आईआईटी खड़गपुर के उत्खनन और शोध के अनुसार, मानसून की विफलता और जलवायु परिवर्तन के कारण लगभग 900 वर्षों तक सूखा पड़ा, जो इस सभ्यता के पतन का सबसे बड़ा कारण बना।
सूची-I (हड़प्पाई साक्ष्य) को सूची-II (प्राप्ति स्थल) से सुमेलित कीजिए:
सूची-I
A. विशाल स्नानागार
B. गोदीबाड़ा (Dockyard)
C. मिट्टी का हल
D. कलश शवाधान
सूची-II
1. लोथल
2. मोहनजोदड़ो
3. सुरकोटदा
4. बनावली
A-2, B-1, C-4, D-3|A-1, B-2, C-3, D-4|A-2, B-3, C-4, D-1|A-4, B-1, C-2, D-3
A-2, B-1, C-4, D-3
UPPSC,State PCS,All
विशाल स्नानागार मोहनजोदड़ो से, गोदीबाड़ा लोथल से, मिट्टी का हल बनावली से (टेढ़ी सड़कें), और कलश शवाधान व घोड़े की हड्डियां सुरकोटदा से प्राप्त हुए हैं।
कथन (A): बनावली (हरियाणा) में जल निकासी व्यवस्था (Drainage system) का पूर्ण अभाव था।
कारण (R): बनावली में गंदा पानी निकालने के लिए घरों के अंदर 'सोख्ता गड्ढे' (Soak pits) बनाए गए थे।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है
UPSC,All
सिंधु सभ्यता अपनी जल निकासी के लिए प्रसिद्ध थी, लेकिन बनावली इसका अपवाद था। वहाँ नालियां नहीं थीं, इसीलिए घरों का पानी सोख्ता गड्ढों में जाता था। दोनों सही हैं और व्याख्या भी सही है।
सिंधु सभ्यता के किस शहर में घरों के दरवाजे मुख्य सड़क (Main Road) की ओर खुलते थे, जो व्यापारिक दृष्टिकोण से सुविधाजनक था?
हड़प्पा|चन्हूदड़ो|लोथल|कालीबंगा
लोथल
SSC,All
सिंधु सभ्यता में सामान्यतः दरवाजे पीछे की गली में खुलते थे (संभवतः धूल से बचने के लिए), लेकिन 'लोथल' (बंदरगाह शहर) इसका अपवाद था, जहाँ माल चढ़ाने-उतारने की सुविधा हेतु दरवाजे मुख्य सड़क पर खुलते थे।
निम्नलिखित में से किस स्थल से 'एक ईंट पर बिल्ली का पीछा करते हुए कुत्ते के पंजों के निशान' (Footprints of a dog chasing a cat) प्राप्त हुए हैं?
रोपड़|चन्हूदड़ो|कालीबंगा|धोलावीरा
चन्हूदड़ो
SSC GD,All
चन्हूदड़ो एक औद्योगिक केंद्र था, जहाँ मनका बनाने के कारखाने और लिपस्टिक मिली है। यहीं से ईंट पर बिल्ली का पीछा करते कुत्ते के पंजों के निशान भी मिले हैं।
सिंधु सभ्यता के लोग 'पुनर्जन्म' (Rebirth) में विश्वास करते थे। इसका सबसे प्रमुख पुरातात्विक साक्ष्य क्या माना जाता है?
पशुपति शिव की मुहरें|अग्निकुंड में दी गई पशु बलि|कब्रों में शवों के साथ दैनिक उपयोग की वस्तुओं और पालतू जानवरों को दफनाया जाना|विशाल स्नानागार
कब्रों में शवों के साथ दैनिक उपयोग की वस्तुओं और पालतू जानवरों को दफनाया जाना
UPSC,State PCS,All
सिंधु सभ्यता के लोग पुनर्जन्म में विश्वास करते थे। वे मृत्यु के बाद शवों को दफनाते समय उनके साथ दैनिक जीवन की वस्तुएं (बर्तन, आभूषण, शीशा) और कभी-कभी जानवर (जैसे रोपड़ में कुत्ता) भी रख देते थे।
सिंधु सभ्यता के समाज को इतिहासकारों ने किस प्रकार का समाज माना है?
पितृसत्तात्मक (Patriarchal)|कबीलाई (Tribal)|मातृसत्तात्मक (Matriarchal)|सैनिक-प्रधान
मातृसत्तात्मक (Matriarchal)
SSC,All
उत्खनन से भारी संख्या में मातृदेवी (नारी) की मिट्टी की मूर्तियां (टेराकोटा) प्राप्त हुई हैं। इसी आधार पर इतिहासकारों ने सिंधु समाज को मातृसत्तात्मक (Matriarchal) माना है।
हड़प्पा सभ्यता की लिपि (Harappan Script) को क्या कहा जाता है और इसे किस दिशा में लिखा जाता था?
ब्राह्मी लिपि - बाएं से दाएं|बौस्ट्रोफेडन - दाएं से बाएं (पहली पंक्ति)|खरोष्ठी - दाएं से बाएं|क्यूनिफॉर्म - ऊपर से नीचे
बौस्ट्रोफेडन - दाएं से बाएं (पहली पंक्ति)
UPSC,UPPSC,All
हड़प्पा की भावचित्रात्मक लिपि को 'बौस्ट्रोफेडन' (Boustrophedon) कहा जाता है। इसमें पहली पंक्ति दाएं से बाएं तथा दूसरी बाएं से दाएं लिखी जाती थी। इसे अब तक पढ़ा नहीं जा सका है।
मोहनजोदड़ो से प्राप्त पशुपति शिव की मुहर पर किन जानवरों का अंकन मिलता है?
गाय, शेर, घोड़ा, गैंडा|हाथी, बाघ, गैंडा, भैंसा और हिरण|हाथी, शेर, बाघ, कुत्ता|ऊंट, घोड़ा, बाघ, भैंसा
हाथी, बाघ, गैंडा, भैंसा और हिरण
SSC,RO/ARO,All
पशुपति शिव की मुहर पर दाईं ओर हाथी व बाघ, बाईं ओर गैंडा व भैंसा तथा आसन के नीचे दो हिरण बैठे हुए दिखाए गए हैं। सिंधु सभ्यता में गाय, शेर और घोड़े का अंकन मुहरों पर नहीं है।
मेसोपोटामिया की सभ्यता के लोग अपने पूजा स्थलों (मंदिरों) को क्या कहते थे?
पिरामिड|जिगुरात (Ziggurat)|मठ|स्तूप
जिगुरात (Ziggurat)
SSC,All
मेसोपोटामिया (इराक) विश्व की पहली ग्रामीण सभ्यता थी। यहाँ के लोग अपने ऊंचे मंदिरों या पूजा स्थलों को 'जिगुरात' (Ziggurat) कहते थे।
कथन (A): मिस्र की सभ्यता (Egypt Civilization) में 'रसायन शास्त्र' (Chemistry) अत्यंत सुदृढ़ था।
कारण (R): मिस्र के लोग शवों को संरक्षित करने के लिए उन पर रसायनों का लेप लगाकर उन्हें पिरामिडों में रखते थे (ममी)।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है
UPSC,All
मिस्र की सभ्यता (नील नदी की घाटी) में फिरौन के काल में ममी (Mummies) बनाने की कला विकसित हुई, जो उनके उन्नत रसायन शास्त्र का पुख्ता प्रमाण है। दोनों सत्य हैं और व्याख्या सही है।
वर्तमान ईरान (Iran) में विकसित 'फारस की सभ्यता' के लोग मुख्य रूप से किस धर्म के अनुयायी थे, जिसे सिकंदर ने नष्ट किया?
पारसी धर्म (Zoroastrianism)|इस्लाम|यहूदी|ईसाई
पारसी धर्म (Zoroastrianism)
SSC GD,All
फारस की सभ्यता (500 ई.पू.) में लोग पारसी धर्म को मानते थे। यूनानी आक्रांता सिकंदर (Alexander) ने आक्रमण करके इस सभ्यता का अंत कर दिया था।
सूची-I को सूची-II से सुमेलित कीजिए:
सूची-I (सभ्यता)
A. मिस्र की सभ्यता
B. चीन की सभ्यता
C. मेसोपोटामिया की सभ्यता
D. सिंधु घाटी सभ्यता
सूची-II (नदी)
1. दजला-फरात
2. सिंधु-सरस्वती
3. ह्वांगहो (पीली नदी)
4. नील नदी
A-4, B-3, C-1, D-2|A-3, B-4, C-2, D-1|A-1, B-2, C-3, D-4|A-4, B-1, C-2, D-3
A-4, B-3, C-1, D-2
UPPSC,State PCS,All
मिस्र की सभ्यता नील नदी पर, चीन की ह्वांगहो (पीली नदी) पर, मेसोपोटामिया दजला-फरात पर और सिंधु सभ्यता सिंधु-सरस्वती नदियों के किनारे विकसित हुई।
सिंधु सभ्यता के किस स्थल से 'चांदी के दो मुकुट' (Silver Crowns) प्राप्त हुए हैं?
राखीगढ़ी|कुणाल|बनावली|रोपड़
कुणाल
SSC,RO/ARO,All
हरियाणा के फतेहाबाद जिले में स्थित 'कुणाल' नामक पुरास्थल से उत्खनन में चांदी के दो मुकुट मिले हैं, जो उस समय चांदी के आभूषणों के प्रयोग को दर्शाते हैं।
कालीबंगा (राजस्थान) का शाब्दिक अर्थ क्या है और यहाँ से कौन से प्रमुख साक्ष्य मिले हैं?
काले रंग का कुआँ - मिट्टी का हल|काली मिट्टी की चूड़ी - जुते हुए खेत और अलंकृत ईंटें|मृतकों का टीला - विशाल स्नानागार|औद्योगिक शहर - मनका बनाने का कारखाना
काली मिट्टी की चूड़ी - जुते हुए खेत और अलंकृत ईंटें
SSC,All
कालीबंगा का अर्थ 'काली मिट्टी की चूड़ी' है। यहाँ से कच्ची ईंटों के घर, जुते हुए खेत (हल के निशान), अलंकृत ईंटें और 7 अग्निकुंडों (वेदिकाएं) के साक्ष्य मिले हैं।
कथन (A): सिंधु सभ्यता की सड़कों का निर्माण 'ग्रिड पद्धति' (Grid System) पर हुआ था।
कारण (R): यहाँ की सड़कें एक-दूसरे को समकोण (Right Angles) पर काटती थीं, जिससे नगर वर्गाकार खंडों में बंट जाता था।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है
UPSC,All
सिंधु सभ्यता एक सुनियोजित नगरीय सभ्यता थी। ग्रिड पद्धति का अर्थ ही यही है कि सड़कें एक-दूसरे को 90 डिग्री (समकोण) पर काटें। अतः कारण, कथन की सटीक व्याख्या है।
सिंधु घाटी सभ्यता में 'कलश शवाधान' (Pot Burial - अस्थियों को कलश में रखकर दफनाना) और घोड़े की हड्डियाँ कहाँ से प्राप्त हुई हैं?
कालीबंगा|सुरकोटदा|रोपड़|मांडा
सुरकोटदा
SSC,UPPSC,All
गुजरात के 'सुरकोटदा' से कलश शवाधान और घोड़े की हड्डियों के साक्ष्य मिले हैं। इसे सिंधु सभ्यता का एक छोटा बंदरगाह भी माना जाता था।
सिंधु सभ्यता में माप-तौल (Weights and Measures) के लिए प्रयुक्त बाटों का न्यूनतम वजन कितना था और वे किस गुणक में होते थे?
10 kg, 10 के गुणक में|12 kg, 12 के गुणक में|16 kg, 16 के गुणक में|20 kg, 20 के गुणक में
16 kg, 16 के गुणक में
SSC GD,All
सिंधु सभ्यता में तौल की इकाई मुख्य रूप से 16 के अनुपात (गुणक) में होती थी (जैसे 16, 32, 64)। यहाँ का न्यूनतम बाट 16 किलोग्राम का था।
सिंधुवासियों का समाज मुख्य रूप से किन चार वर्गों में विभाजित था?
ब्राह्मण, क्षत्रिय, वैश्य, शूद्र|विद्वान (पुरोहित), योद्धा, व्यापारी/शिल्पकार, श्रमिक|राजा, सेनापति, किसान, दास|अमीर, गरीब, व्यापारी, किसान
विद्वान (पुरोहित), योद्धा, व्यापारी/शिल्पकार, श्रमिक
SSC,State PCS,All
सिंधु सभ्यता में वैदिक काल जैसी जन्म-आधारित वर्ण व्यवस्था नहीं थी। वहाँ का समाज कर्म (पेशे) के आधार पर 4 वर्गों (विद्वान, योद्धा, व्यापारी और श्रमिक) में बँटा हुआ था।
कथन (A): हड़प्पा की खुदाई में मिले अन्नागार (Granaries) सिंधु सभ्यता की वास्तुकला के महत्वपूर्ण अंग थे।
कारण (R): हड़प्पा सभ्यता के लोग कर (Tax) के रूप में अनाज वसूलते थे और इसे आपातकालीन उपयोग (बाढ़/सूखा) के लिए अन्नागारों में सुरक्षित रखा जाता था।
कूट:
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है|A और R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या नहीं करता है|A सही है, परन्तु R गलत है|A गलत है, परन्तु R सही है
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या करता है
UPSC,RO/ARO,All
विशाल अन्नागार हड़प्पा और मोहनजोदड़ो दोनों की प्रमुख विशेषताएं थीं। कृषि अधिशेष को कर के रूप में एकत्र करके इन अन्नागारों में रखा जाता था ताकि भविष्य की आपात स्थितियों (बाढ़ आदि) का सामना किया जा सके।
सिंधु घाटी सभ्यता में 'युगल शवाधान' (Double Burial - एक साथ दो शव) के साक्ष्य मुख्य रूप से कहाँ से प्राप्त हुए हैं?
लोथल और कालीबंगा|हड़प्पा और मोहनजोदड़ो|सुरकोटदा और बनावली|रोपड़ और धोलावीरा
लोथल और कालीबंगा
SSC,All
लोथल (गुजरात) से तीन और कालीबंगा (राजस्थान) से एक युगल शवाधान प्राप्त हुआ है, जिसे कुछ इतिहासकार सती प्रथा के प्रारंभिक संकेत के रूप में देखते हैं।
सिंधु सभ्यता के पतन के कारणों के संबंध में विद्वानों के मतों को सुमेलित कीजिए:
A. बाढ़
B. जलवायु परिवर्तन
C. प्राकृतिक आपदा (महामारी)
D. आर्यों का आक्रमण
1. के.यू.आर. कनेडी
2. गार्डन चाइल्ड एवं व्हीलर
3. जॉन मार्शल एवं मैके
4. ऑरेल स्टीन एवं अमलानंद घोष
A-3, B-4, C-1, D-2|A-4, B-3, C-2, D-1|A-3, B-1, C-4, D-2|A-1, B-2, C-3, D-4
A-3, B-4, C-1, D-2
UPSC,UPPSC,All
बाढ़ - मार्शल, जलवायु परिवर्तन - स्टीन व घोष, प्राकृतिक आपदा/मलेरिया - कनेडी, आर्य आक्रमण - चाइल्ड व व्हीलर।
सिंधु सभ्यता की पूर्वी सीमा उत्तर प्रदेश के आलमगीरपुर में स्थित है। यह किस नदी के किनारे बसा था?
गंगा नदी|यमुना नदी|हिंडन नदी|गोमती नदी
हिंडन नदी
SSC,All
सिंधु सभ्यता की पूर्वी सीमा उत्तर प्रदेश के आलमगीरपुर (मेरठ) में थी, जो हिंडन नदी के किनारे स्थित थी। इसका उत्खनन यज्ञदत्त शर्मा के नेतृत्व में हुआ था।
सिंधु सभ्यता की उत्तरी सीमा 'मांडा' (जम्मू-कश्मीर) किस नदी के तट पर स्थित थी तथा इसकी खुदाई किसने की थी?
चिनाब नदी (जगपति जोशी)|हिंडन नदी (यज्ञदत्त शर्मा)|दासक नदी (ऑरेल स्टीन)|प्रवरा नदी (दयाराम साहनी)
चिनाब नदी (जगपति जोशी)
SSC GD,State PCS,All
सिंधु सभ्यता की उत्तरी सीमा मांडा (जम्मू-कश्मीर) चिनाब नदी के तट पर थी, जिसकी खुदाई 1982 ई. में जगपति जोशी ने की थी।
सिंधु घाटी सभ्यता की उत्पत्ति और विकास के संदर्भ में, रेडियो कार्बन (C-14) विश्लेषण पद्धति के आधार पर इसकी सर्वाधिक मान्य तिथि क्या मानी गई है?
3250 ई.पू. से 2750 ई.पू.|2500 ई.पू. से 1750 ई.पू.|2000 ई.पू. से 1500 ई.पू.|1750 ई.पू. से 1000 ई.पू.
2500 ई.पू. से 1750 ई.पू.
SSC,RO/ARO,All
रेडियो कार्बन (C-14) जैसी नवीन और प्रामाणिक विश्लेषण पद्धति के अनुसार सिंधु सभ्यता की सर्वमान्य तिथि 2500 ई.पू. से 1750 ई.पू. मानी गई है।
सिंधु सभ्यता की पश्चिमी सीमा पाकिस्तान के सुत्कागेंडोर में स्थित थी, यह किस नदी के तट पर है?
सिंधु नदी|रावी नदी|दासक नदी|चिनाब नदी
दासक नदी
SSC,All
इसकी पश्चिमी सीमा पाकिस्तान के सुत्कागेंडोर (मकरान तट) में थी, जो 'दासक नदी' के तट पर स्थित है। इसकी खुदाई 1927 में ऑरेल स्टीन ने की थी।
सिंधु सभ्यता की दक्षिणी सीमा 'दैमाबाद' (महाराष्ट्र) किस नदी के किनारे स्थित थी?
गोदावरी नदी|प्रवरा नदी|कृष्णा नदी|नर्मदा नदी
प्रवरा नदी
UPPSC,SSC,All
इसकी दक्षिणी सीमा महाराष्ट्र के दैमाबाद में 'प्रवरा नदी' (जो गोदावरी की सहायक नदी है) के तट पर स्थित थी। यहाँ से धातु का एक रथ मिला है।
हड़प्पा (1921) किस नदी के तट पर और वर्तमान में कहाँ स्थित है?
सिंधु नदी, सिंध प्रांत (पाकिस्तान)|रावी नदी, मोंटगोमरी (पाकिस्तान)|घग्घर नदी, राजस्थान (भारत)|भोगवा नदी, गुजरात (भारत)
रावी नदी, मोंटगोमरी (पाकिस्तान)
SSC,All
हड़प्पा की खुदाई 1921 में दयाराम साहनी ने की थी। यह पाकिस्तान के मोंटगोमरी जिले में 'रावी नदी' के तट पर स्थित है।
हड़प्पा के उत्खनन से निम्नलिखित में से क्या प्राप्त **नहीं** हुआ है?
लकड़ी की ओखली और ताबूत|R-37 कब्रिस्तान|हाथी का कपाल|कांसे की नर्तकी की मूर्ति
कांसे की नर्तकी की मूर्ति
UPSC,SSC GD,All
कांसे की नर्तकी की मूर्ति 'मोहनजोदड़ो' से प्राप्त हुई है। हड़प्पा से कुम्हार का चाक, अन्नागार, लकड़ी की ओखली, ताबूत, R-37 कब्रिस्तान और हाथी का कपाल मिला है।
'उर्वरता की देवी' (स्त्री के गर्भ से निकलता हुआ पौधा) का साक्ष्य किस हड़प्पाई स्थल से प्राप्त हुआ है?
मोहनजोदड़ो|हड़प्पा|कालीबंगा|लोथल
हड़प्पा
SSC,State PCS,All
हड़प्पा के उत्खनन से एक मुहर मिली है जिसमें स्त्री के गर्भ से निकलता हुआ पौधा दिखाया गया है, जिसे इतिहासकारों ने 'उर्वरता की देवी' माना है।
The Indus Valley Civilization was one of the earliest urban civilizations in the world. Its mature period is generally placed between 2600 BCE and 1900 BCE.
Students should remember that the Harappans used bronze but did not know iron. Their script has still not been read successfully. They also followed standard weights and measures, which shows that trade and administration were well organised.
Questions are often asked about the script, seals, metals and the urban nature of this civilization.
Important Sites and Discoveries
Site-based questions are very common, so revise them in pairs.
-
Mohenjo-daro is famous for the Great Bath and the bronze Dancing Girl.
-
Lothal is linked with the dockyard and bead-making industry.
-
Kalibangan is known for the ploughed field and fire altars.
-
Dholavira is remembered for its excellent water-storage system.
-
Harappa is associated with Cemetery R-37 and large storage structures.
Instead of reading these facts separately, make a small site-and-feature chart while revising.
Town Planning and Architecture
Harappan towns were carefully planned. Roads were generally straight and crossed at right angles. Houses had bathrooms, wells and proper drainage connections.
The covered drainage system is especially important because it shows how seriously the Harappans took cleanliness and civic planning. Many cities were divided into a raised citadel and a lower residential area.
Economy, Trade and Religion
Agriculture, craft production and trade formed the base of the economy. Wheat, barley and cotton were important crops. The Harappans also traded with Mesopotamia.
Religious evidence comes mainly from seals, figurines, animals and sacred-tree symbols. Be careful here, because many religious interpretations are based on archaeological evidence, not written records.
Decline of the Civilization
The decline was probably caused by several factors, including climate change, floods, river shifts and reduced trade. No single theory has been fully accepted.
Sindhu Sabhyata can become a scoring topic when facts are revised through connections. Focus on sites, discoveries, town planning and important terms, and objective questions will become much easier.
Tags:
- Sindhu Sabhyata MCQs
- Indus Valley Civilization MCQs
- Sindhu Sabhyata Notes
- Harappan Civilization MCQs
- Indus Valley Civilization Notes
- Ancient History MCQs
- UPSC History MCQs
- SSC History MCQs
- State PCS History MCQs
- Competitive Exam History
- Harappan Sites and Discoveries
- Mohenjo-daro Facts
- Lothal Dockyard
- Dholavira Civilization
- Kalibangan Facts
- Indian History Objective Questions
- Ancient India GK
- Sindhu Ghati Sabhyata
- History MCQs for Government Exams
What's Your Reaction?
Like
1
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Wow
0
Sad
0
Angry
0
Related Posts
Security Check
Please complete the captcha to verify you are human.
Comments (0)